Login
$zprofile = 'profile'; $zcat = 'category'; $zwebs = 'w'; $ztag = 'tag'; $zlanguage = 'language'; $zcountry = 'country'; ?>
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
संतुलित भोजन के अलावा, याददाश्त में कमजोरी की कई वजहें हो सकती हैं, जैसे कि व्यायाम, धूम्रपान, शराब, हृदय और पाचन संबंधी बीमारियां. अध्ययन में विश्लेषण के दौरान इन कारकों को शामिल नहीं किया गया है.
याद्दाश्त कमजोर होने के कारण
यदि आप अधिक तनाव, एंग्जायटी, डिप्रेशन में रहते हैं, तो इससे दिमाग पर नकारात्मक असर पड़ता है. इससे मस्तिष्क थकान महसूस करता है और अपना कार्य सही से नहीं करता. ऐसे में आप किसी भी काम में ध्यान नहीं लगा पाते, फोकस नहीं कर पाते हैं.
क्रोनिक डिप्रेशन के कारण भी आप चीजों को भूलने लगते हैं. जिन लोगों को डिप्रेशन की समस्या होती है, उनकी याद्दाश्त भी कमजोर (yaddasht kamjor hone ke karan) होने लगती है. बेहतर है कि आप डिप्रेशन के लक्षणों को पहचानकर एक्सपर्ट से संपर्क करें.
महिलाओं में होने वाले मेनोपॉज के कारण भी भूलने की समस्या शुरू हो सकती है. मेनोपॉज के दौरान शरीर में कई तरह के हॉर्मोनल बदलाव होते हैं, जिससे मूड स्विंग, अनिंद्रा जैसी समस्याएं नजर आती हैं.
यदि आप पिछले कई महीनों से किसी खास दवाई का सेवन कर रहे हैं, तो इससे भी याद करने की क्षमता प्रभावित होती है. डिप्रेशन या एंग्जायटी की दवाओं को लेने से ये समस्या अधिक बढ़ सकती है.
यदि आपको किसी दुर्घटना में सिर पर चोट लगी है, तो इससे भी मेमोरी लॉस होने की समस्या कई बार बढ़ जाती है. आप सिर पर लगी चोट को नजरअंदाज ना करें. कई बार जो चोट आपको ऊपर से हल्की नजर आती है, वह अंदरूनी रूप से अधिक गंभीर भी साबित हो सकती है. सिर पर लगी चोट का इलाज अच्छी तरह से करवाएं.
यदि आप प्रतिदिन 7-8 घंटे की नींद नहीं लेते हैं, तो इससे भी याद करने की क्षमता प्रभावित होती है. कम सोने से आपका दिमाग फ्रेश नहीं होता है. भरपूर नींद लेने से मस्तिष्क तरोताजा महसूस करता है और आप अधिक अलर्ट बनते हैं.
कई बार खानपान में पौष्टिक चीजों की कमी से भी दिमाग पर नकारात्मक असर पड़ता है. दिमाग सही तरीके से काम करे, मस्तिष्क की सेहत अच्छी बनी रहे, उसके लिए डाइट में विटामिन बी1, बी12 युक्त फूड्स को शामिल करें. कुछ फूड्स होते हैं, जो ब्रेन की सेहत को बूस्ट करते हैं. एल्कोहल का सेवन अधिक करने से भी मेमोरी लॉस होती है. यह सेंट्रल नर्वस सिस्टम को धीमा कर देता है.
| --------------------------- | --------------------------- |