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गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के 20वें सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ से पहले गरà¥à¤ में à¤à¥à¤°à¥‚ण की मृतà¥à¤¯à¥ हो जाà¤à¤ तो उसे गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ कहते हैं। इसे सà¥à¤µà¤¤à¤°à¥‚ गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ à¤à¥€ कहा जाता है। à¤à¤• महिला में गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ उसकी पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी की अवसà¥à¤¥à¤¾ पर निरà¥à¤à¤° करता है। ये कई तरह के होते हैं। हर गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ के लकà¥à¤·à¤£ अलग.अलग हो सकते
Continue reading wordpress ago hindi 0 views हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² असंतà¥à¤²à¤¨à¥¤
रोग पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§à¤• कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ या बà¥à¤²à¤¡ कà¥à¤²à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤‚ग की समसà¥à¤¯à¤¾à¥¤
थायरॉयड या मधà¥à¤®à¥‡à¤¹ जैसी समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚।
गरà¥à¤ या गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ में किसी तरह की समसà¥à¤¯à¤¾à¥¤
बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨
गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ होने के विशेष कारण
कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤œà¥‹à¤® असामानà¥à¤¯à¤¤à¤¾ रू गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ का à¤à¤• कारण कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤œà¥‹à¤® का असामानà¥à¤¯ होना à¤à¥€ है। वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के शरीर में मौजूद छोटी.छोटी संरचनाओं को कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤œà¥‹à¤® कहते हैं। ये
जब तक डॉकà¥à¤Ÿà¤° दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ सलाह नहीं दी जाती है, 6 महीने से कम उमà¥à¤° के शिशà¥à¤“ं को केवल इनà¥à¤«à¥‡à¤‚ट फॉरà¥à¤®à¥‚ला दिया जाना चाहिà¤à¥¤ 6 महीने के बाद, वे इनà¥à¤«à¥‡à¤‚ट फॉरà¥à¤®à¥‚ला लेना जारी रख सकते हैं। 12 महीने की उमà¥à¤° के बाद, वे पूरà¥à¤£ वसा वाला गाय का दूध पीना शà¥à¤°à¥‚
Continue reading wordpress ago hindi 0 views बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ मिलà¥à¤• (Breast Milk) कैसे फायदेमंद है?
मां के दूध बचà¥à¤šà¥‡ के लिठसबसे सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ होता है। यह सीधे तौर पर मां के साथ जà¥à¤¡à¤¼à¤¾ होता है। मां का खानपान और लाइफसà¥à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤² जितना अचà¥à¤›à¤¾ होता है सà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ में दूध उतनी ही जलà¥à¤¦à¥€ बनता है और गà¥à¤£à¤µà¤¤à¥à¤¤à¤¾ à¤à¥€ अचà¥à¤›à¥€ होती
मां का दूध आसानी से पच जाता है जबकि फॉरà¥à¤®à¥‚ला और पाउडर मिलà¥â€à¤• को पचाना मà¥à¤¶à¥à¤•िल होता है। इससे शिशॠको कबà¥â€à¤œ और गैस की परेशानी हो सकती है।
इनà¥à¤«à¥‡à¤‚ट फॉरà¥à¤®à¥‚ला ("सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ 1 फॉरà¥à¤®à¥‚ला") नवजात शिशà¥à¤“ं और 12 महीने से कम उमà¥à¤° के शिशà¥à¤“ं के लिठउचित हैं। 6 महीने से
डॉकà¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¸ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ की जाने वाली रकà¥à¤¤-आधारित गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ जांच अनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¤: 99 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ सही होती है और इससे hCG की उपसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ की जांच होती है। कà¥à¤› जांचों से hCG के लेवल का पता चलता है, जिससे यह संकेत मिलता है कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ कितने समय से है।
Continue reading wordpress ago hindi 0 views- कई बार पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी किट à¤à¥€ गलत परिणाम दे सकते हैं। जैसे कि आप गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ हों लेकिन आपके मूतà¥à¤° में à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ की मातà¥à¤°à¤¾ उतनी ना हो कि जांच में उसकी मौजूदगी का पता चल सके। à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ की मातà¥à¤°à¤¾ कम होने पर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने के बावजूद à¤à¥€ रिजलà¥à¤Ÿ नेगेटिव आ
Continue reading wordpress ago hindi 0 viewsसà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ का कहना है कि रात का à¤à¥‹à¤œà¤¨ सोने से 2 से 3 घंटे पहले यानी 7 से 8 बजे के बीच कर लेना चाहिà¤à¥¤ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि रात में मेटाबॉलिजà¥à¤® सà¥à¤¤à¤° धीरे काम करता है इसलिठखाना पचने में समय लगता है।
Continue reading wordpress ago hindi 0 views बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को à¤à¥‚ख न लगने के कारण |
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को à¤à¥‚ख न लगना कोई बीमारी नहीं है, बलà¥à¤•ि यह अनà¥à¤¯ किसी बीमारी के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में से à¤à¤• है, जैसे :
पेट में कीड़े होना (3)
गलसà¥à¤† (ममà¥à¤ªà¥à¤¸) (4)
1 से 3 महीने का बचà¥â€à¤šà¤¾ धीरे-धीरे सिर को सीधा रखने के लिठमजबूती पाने लगता है। दो महीने के आसपास जब बचà¥â€à¤šà¤¾ पेट के बल लेटता है, तो वो à¤à¤• बार में कà¥à¤› सेकंड के लिठअपना सिर उठा सकता है। इससे बचà¥â€à¤šà¥‡ की गरà¥à¤¦à¤¨ की पीछे की मांसपेशियों
Continue reading wordpress ago hindi 0 viewsLorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravida odio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequat. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat. Donec congue commodo mi, sed commodo velit fringilla ac. Fusce placerat venenatis mi.
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