Login
$zprofile = 'profile'; $zcat = 'category'; $zwebs = 'w'; $ztag = 'tag'; $zlanguage = 'language'; $zcountry = 'country'; ?>
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
गर्भावस्था में और इसके बाद स्तनदूध कैसे बनता है
माँ का दूध शिशु के लिए प्रकृति का सबसे बेहतरीन आहार है। दूसरी तिमाही में आपकी दुग्ध ग्रंथिया पूरी तरह तैयार हो जाती है, ताकि अगर शिशु का जन्म समय से पहले हो जाए तो भी आप उसे स्तनपान करवाने के लिए तैयार हों। माँ के दूध की सबसे खास बात यह है कि शिशु की जरुरत के हिसाब से इसमें बदलाव आता रहता है। यह अत्यंत व्यक्तिगत आहार होता है और शिशु के वजन और उसकी भूख के आधार पर स्तन दूध के उत्पादन की मात्रा भी बढ़ती रहती है।
यह गाढ़ा, मलाई जैसा दिखने वाला दूध होता है, जिसमें प्रोटीन की उच्च मात्रा और वसीय तत्व कम होंगे। आपके शिशु के जन्म के बाद पहले तीन दिनों तक उसे केवल इस कोलोस्ट्रम की ही जरुरत होती है। आपके शिशु का पेट बहुत छोटा होता है, इसलिए उसे शुरुआत में केवली थोड़ी मात्रा में ही दूध चाहिए होता है।
| --------------------------- | --------------------------- |