healthplanet.net

Posted on

ल्यूकोरिया के घरेलू उपाय


ल्यूकोरिया (Leucorrhea) को कुछ लोग लिकोरिया (Home Remedis for Leucorrhea) या श्वेत प्रदर भी कहते हैं. इस बीमारी (White Discharge Symptoms Natural Treatment) में वेजाइना से चिपचिपा, दुर्गंधयुक्त, गाढ़ा पानी निकलता है. आयुर्वेद में ल्यूकोरिया को श्वेत प्रदर या वाइट डिस्चार्ज कहते हैं. इसे खुद में कोई रोग न होकर कई रोगों का लक्षण है. जो महिलाएं अस्वस्थ आहार, अधिक नमकीन, खट्टे, चटपटे, प्रदाही, चिकने तथा मांस-मदिरा का अधिक सेवन करती हैं, उनको ल्यूकोरिया होने की संभावना ज्यादा रहती है. कई बार असुरक्षित सेक्स या पब्लिक टॉयलेट के इंफेक्शन से भी ल्यूकोरिया हो जाता है. ल्यूकोरिया के इलाज के कई घरेलू उपाय हैं, जिनकी मदद से आप ल्यूकोरिया से निजात पा सकती हैं.
ल्यूकोरिया क्या है?

ल्यूकोरिया को सफेद पानी या श्वेत प्रदर या फिर वाइट डिस्चार्ज भी कहते हैं. यह फीमेल में होने वाली एक आम बीमारी है. इसमें वेजाइना से सफेद रंग का गाढ़ा और दुर्गंधयुक्त पानी निकलता है. इंफेक्शन बढ़ने पर स्राव पीले, हल्के नीले या हल्के लाल रंग का, और बहुत चिपचिपा एवं बदबूदार होता है. ये किसी बड़ी बिमारी जैसे किसी गर्भाशय से संबंधित रोग का लक्षण भी हो सकता है. इसके कारण प्रजनन अंगों में सूजन आ जाती है.
ल्यूकोरिया के इलाज के लिए घरेलू उपाय

अगर आप ल्यूकोरिया से पीड़ित हैं तो ये घरेलू नुस्खे आजमा सकती हैं.
1. आंवले के चूर्ण का पानी के साथ रेगुलर सेवन ल्यूकोरिया से निजात दिलाएगा.
2. पके हुए केले को चीनी के साथ खाएं .
3. पके हुए केले को घी या मक्खन के साथ दिन में दो बार खाएं .
4. पके हुए केले को बीच से काट लें. इसमें एक ग्राम कच्ची फिटकरी डाल कर खाएं .
5. जामुन (Blackberry) की छाल को सुखाकर पीस लें. इस चूर्ण को दिन में दो बार पानी के साथ लें.
6. रात भर एक कप पानी में 2-3 सूखें अंजीर (Anjeer) भिगोकर रखें. अगली सुबह, गले अंजीरों (Home Remedy for Leucorrhea) को पीसकर खाली पेट सेवन करें.
7. चार चम्मच त्रिफला चूर्ण (Triphala ) को लगभग 2-3 गिलास पानी में रात भर भीगने दें। सुबह छानकर इस पानी से योनि को धोएं.
8. अमरूद के 5-7 पत्तों को आधे घण्टे तक पानी में उबाल लें. ठण्डा होने के बाद छानकर इस पानी से दो बार योनि को धोएं.
9. नीम की छाल के पाउडर को शहद में मिलाकर दिन में दो बार सेवन करें.
10. दालचीनी, सफेद जीरा, अशोक छाल और इलायची के बीज को उबाल कर इस पानी से दिन में दो बार योनि को धोएं.
11. दही में रोगाणुओं से लड़ने की क्षमता होती है, जो शरीर में संक्रमण को कम करती है. इसलिए अपने आहार में दही का इस्तेमाल करें.
12. गुलाब के पत्तों को पीस कर सुबह- शाम चम्मच दूध के साथ लें.
13. सफेद मूसली में इसबगोल मिलाकर दूध के साथ सेवन करें.
14.गाजर, मूली एवं चुकंदर के रस का नियमित रूप से सेवन करें.

solved 5
wordpress ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author ->

Short info