healthplanet.net

Posted on

पेट में अल्‍सर होने पर क्‍या खाएं

अल्‍सर बनने के लिए हेलीकोबेक्‍टर पाइलोरी बैक्‍टीरिया को जिम्‍मेदार माना गया है. इसके प्रभाव को कम करने में एंटी-ऑक्‍सीडेंट रिच डाइट लेने की सलाह दी जाती है. ये फूड अल्‍सर के लिए जिम्‍मेदार बैक्‍टीरिया को रोकने में भी काफी मददगार होते हैं. इनमें शामिल है-

फूल गोभी और पत्‍ता गोभी
फूल गोभी में इंडोल-3 कार्बिनोल नाम का फाइटो केमिकल होता है, जो एंटी अल्‍सर प्रॉपर्टी से भरपूर होता है. फूल गोभी में मौजूद ये केमिकल अल्‍सर की समस्‍या में लाभकारी होता है. वहीं पत्‍ता गोभी के जूस में एंटी पेप्टिक अल्‍सर गुण होते हैं, जो अल्‍सर को कम करने में मदद करते हैं.

मूली
मूली में एंटी अल्‍सर गुण होते हैं, जो शराब के अत्‍यधिक सेवन से होने वाले कैस्‍ट्राइटिस और गैस्ट्रिक अल्‍सर के उपचार में प्रभावी होते हैं. अल्‍सर में मूली का सेवन लाभकारी माना जाता है.

गाजर
गाजर में मौजूद एंटी पेप्टिक अल्‍सर गुण अल्‍सर को प्रभावी ढंग से ठीक करने में मदद करते हैं. गाजर का अर्क भी गैस्ट्रिक अल्‍सर से बचाने में मददगार होता है.

ब्रोकली
ब्रोकली में सल्‍फोराफेन होता है जो अल्‍सर के लिए जिम्‍मेदार हेलीकोबेक्‍टर पाइलोरी बैक्‍टीरियो को पनपने से रोकने में मदद करता है. इसके अलावा हरी पत्‍तेदार सब्जियां जैसे पालक को भी अल्‍सर के लिए फायदेमंद माना गया है.

हल्‍दी
हल्‍दी औषधीय गुणों से भरपूर है इसलिए इसे स्‍वास्‍थ्‍य के लिए काफी फायदेमंद माना गया है. हल्‍दी में करक्‍यूमिन कंपाउंड होता है, जिसमें कई तरह के औषधीय गुण मौजूद हैं. इसमें एंटी अल्‍सर गुण भी शामिल हैं. गैस्ट्रिक अल्‍सर में हल्‍दी का नियमित सेवन करने से बहुत जल्‍दी और प्रभावी लाभ हो सकता है.

solved 5
wordpress ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author ->

Short info