healthplanet.net

Posted on

ले के रोग वायरस इंफेक्शन के कारण उत्पन्न होता है. इस रोग को गंभीर लैरिंगोट्रेकाइटिस, स्पैस्मोडिक क्रुप, लैरेन्जियल डिफ्थीरिया, बैक्टीरियल ट्रैन्काइटिस, लैरियेंगोट्राकियोब्रॉन्काइटिस और लैरियेंगोट्रैकोब्रॉन्कोन्यूमोनाइटिस के नाम से भी जानते हैं.

गले के रोग एक प्रकार का श्वसन संबंधी इंफेक्शन है जो ऊपरी वायु मार्ग (श्वसन तंत्र के) के वायरल इंफेक्शन द्वारा होता है. इंफेक्शन के चलते गले के भीतर सूजन हो जाती है. सूजन के कारण सामान्य श्वसन में बाधा उत्पन्न होती है; भौंकने वाली, खांसी, स्ट्रिडोर (तेज़ घरघराहट की ध्वनि), तथा स्वर बैठना/गला बैठना गले के रोग के मुख्य लक्षण हैं. गले के रोग के लक्षण हल्के, मध्यम या गंभीर हो सकते हैं तथा रात के समय ये बदतर हो जाते हैं. मौखिक स्टीरॉयड की एक खुराक स्थिति का उपचार कर सकती है. कभी-कभार, एपाइनफ्राइन अधिक गंभीर मामलों के लिये उपयोग की जाती है. अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता बेहद कम पड़ती है.

solved 5
wordpress ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author ->

Short info