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प्रेग्नेंसी में ब्लड की सप्लाई 50 फीसदी तक बढ़ जाती है इसलिए गर्भवती महिलाओं को आयरन की ज्यादा जरूरत पड़ती है। लाल रक्त कोशिकाएं बनाने के लिए शरीर को आयरन की जरूरत होती है। खून की सप्लाई बढ़ने का मतलब है कि आपको लाल रक्त कोशिकाओं की ज्यादा जरूरत होगी और इसके लिए आयरन अधिक चाहिए।
आयरन की कमी
शरीर में आयरन की कमी होने पर एनीमिया का खतरा रहता है जो कि गर्भावस्था में मां और बच्चे दोनों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। इसकी वजह से बच्चे को प्रीटर्म बर्थ और लो बर्थ वेट का खतरा रहता है। अगर आप प्रेग्नेंसी में खुद भी स्वस्थ रहना चाहती हैं और अपने बच्चे का सही विकास चाहती हैं तो अपने आहार में आयरन से भरपूर चीजों को शामिल करें।
आयरन के प्रकार
शाकाहार और मांसाहार के आधार पर आयरन को दो भागों में बांटा गया है जैसे कि हेम आयरन और नॉन हेम आयरन।
हेम आयरन में मीट, फिश और एनीमल प्रोटीन के अन्य स्रोत आते हैं। इसे शरीर आसानी से पचा लेता है। वहीं अनाज, बींस, सब्जियों, फलों, सूखे मेवों और बीजों में नॉन हेम आयरन पाया जाता है। इन खाद्य पदार्थों से आयरन को सोखने में शरीर को ज्यादा समय लगता है।
हेम आयरन वाले फूड्स
सभी एनीमल प्रोटीन में हेम आयरन होता है लेकिन कुछ ऐसे पदार्थ हैं जो इसके बेहतर विकल्प हो सकते हैं। गर्भवती महिला के लिए कच्ची मीट या फिश खाना खतरनाक हो सकता है इसलिए आप इसकी बजाय चिकन और सैल्मन फिश खा सकती हैं।
गर्भावस्था में फिश कैसे खाएं
माना कि फिश में आयरन बहुत होता है लेकिन मछली में मर्करी भी बहुत होता है इसलिए मर्करी युक्त फिश खाने से बचें क्योंकि ये बच्चे को नुकसान पहुंचा सकता है। सैल्मन फिश को प्रेग्नेंसी में अच्छी तरह से पका कर खा सकते हैं।
हेम आयरन के अलावा सैल्मन में ओमेगा-3 फैटी एसिड और अन्य पोषक तत्व भी होते हैं जो गर्भवती महिला की सेहत और बच्चे के विकास के लिए जरूरी होते हैं। सैल्मन के अलावा गर्भवती महिलाएं श्रिंप, कैटफिश, ट्यूना आदि भी खा सकती हैं।
नॉन हेम आयरन किसमें होता है
बींस और दानों में फाइबर और प्रोटीन के साथ-साथ आयरन भी बहुत होता है। एक कप दाल से आपको रोजाना की जरूरत का 6.6 मि.ग्रा आयरन मिल सकता है। पालक और केल में एंटीऑक्सीडेंट्स, विटामिन और आयरन भी होता है। एक कप पकी हुई केल में 1 मि.ग्रा आयरन और पालक में 6.4 मि.ग्रा आयरन होता है।
एक कप ब्रोकली में भी 1 मि.ग्रा आयरन होता है। ब्रोकली से विटामिन सी भी मिलता है जो खाने से आयरन को अवशोषित करने में मदद करता है।
गर्भावस्था में कितना आयरन चाहिए
गर्भावस्था में महिलाओं को पहले से दोगुनी मात्रा में आयरन की जरूरत होती है। फर्टिलिटी एज में महिलाओं को लगभग 18 मिग्रा आयरन रोजाना चाहिए होता है। वहीं गर्भवती महिलाओं को 27 मिग्रा आयरन की जरूरत होती है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन की मानें तो गर्भवती महिला को प्रतिदिन 30 से 60 मिग्रा आयरन लेने की जरूरत होती है।
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