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टीबी के जीवाणॠहवा में से फैलते हैं । जब किसी इनà¥à¤¸à¤¾à¤¨ के फेफड़ों में, फà¥à¤ªà¥à¤«à¥à¤¸à¤¾à¤µà¤°à¤£ या गले में टीबी के जीवाणॠहोते हैं, तब वह अपनी खाà¤à¤¸à¥€, छींक, बोलने, हंसने, गाने से या सà¥à¤·à¤¿à¤° वादà¥à¤¯ को बजाने से उन जीवाणà¥à¤“ं को हवा में फैलाता है । टीबी के जीवाणॠहवा में घंटों तक रह सकते हैं।
टà¥à¤¯à¥‚बरकà¥à¤²à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ के कारण (Tuberculosis Causes in Hindi) -
टà¥à¤¯à¥‚बरकà¥à¤²à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ से पीड़ित मरीज जब छींकता, खांसता और थूकता है तो उसके दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ छोड़ी गई सांस से वायॠमें टीबी के बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ फैल जाते हैं। यह बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ कई घंटों तक वायॠमें जीवित रहते हैं और सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¥€ आसानी से इसका शिकार बन सकते हैं।
जब टीबी का बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ सांस के माधà¥à¤¯à¤® से फेफड़ों तक जाता है तो वह कई गà¥à¤¨à¤¾ बॠजाता है और फेफड़ों को नà¥à¤•सान पहà¥à¤‚चाता है। हालांकि, शरीर की रोग पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§à¤• कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ इसे बà¥à¤¨à¥‡ से रोकती है, लेकिन जैसे-जैसे यह कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ कमजोर होती है, टीबी होने का खतरा बॠजाता है।
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