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लकवा या पैरलिसिस अटैक के बाद इन 5 तरीकों से रखें मरीज का खà¥à¤¯à¤¾à¤², जलà¥à¤¦à¥€ सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ होने में मिलेगी मदद
अगर आप à¤à¥€ लकवा अटैक आने के बाद खà¥à¤¦ को जलà¥à¤¦ सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ करना चाहते हैं तो इन 5 आसान तरीकों से करें अपनी देखà¤à¤¾à¤²à¥¤
लकवा (Paralysis) à¤à¤• à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है जिसमें मांसपेशियों से ताकत और नियंतà¥à¤°à¤£ नहीं होता, इस दौरान मांसपेशियों पर कोई नियंतà¥à¤°à¤£ नहीं रहता। लकवा शरीर के किसी à¤à¤• हिसà¥à¤¸à¥‡ पर à¤à¥€ हो सकता है या फिर पूरे शरीर को à¤à¥€ अपना शिकार बना सकता है। यहां तक की लकवा मरीज के मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• को à¤à¥€ नà¥à¤•सान पहà¥à¤‚चा सकता है, कई लोगों को लकवा के बाद डॉकà¥à¤Ÿà¤° कई तरह के à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ और शारीरिक गतिविधियां बताते हैं जिसकी मदद से मरीज खà¥à¤¦ को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ करने में कामयाब हो सकता है। लकवा à¤à¤• à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है जिसमें मरीज को कà¥à¤› हफà¥à¤¤à¥‡, कà¥à¤› महीने या फिर सालà¤à¤° à¤à¥€ इससे पीड़ित रह सकता है। डॉकà¥à¤Ÿà¤°à¥‹à¤‚ की मानें तो लकवा आने पर तà¥à¤°à¤‚त चिकितà¥à¤¸à¤• सहायता की जरूरी है जिसकी मदद से मरीज को बचाया जा सके। वहीं, लकवा आने के बाद à¤à¥€ मरीज को अपना खà¥à¤¯à¤¾à¤² बहà¥à¤¤ रखना होता है, जिसकी मदद से वो जलà¥à¤¦ सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ हो सकता है। इस लेख में हम आपको लकवा आने के बाद 5 जरूरी सेलà¥à¤« केयर टिपà¥à¤¸ के बारे में बताने जा रहे हैं।
फिजिकल थैरेपी और à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ
मांसपेशियों को उतà¥à¤¤à¥‡à¤œà¤¿à¤¤ करने और उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ सही तरीके से सकà¥à¤°à¤¿à¤¯ करने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° मरीज को कà¥à¤› थैरेपी देता है। जिसमें कà¥à¤› à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ शामिल होती है जिसकी मदद से लकवा की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ कम की जा सकती है। डॉकà¥à¤Ÿà¤° मरीज को à¤à¤• लंबे समय तक फिजिकल थैरेपी और बताई गई à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करने की सलाह देते हैं। इसमें कई तरह की à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ शामिल होती हैं जो आपकी मांसपेशियों को धीरे-धीरे मजबूत बनाने के साथ उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ सकà¥à¤°à¤¿à¤¯ करती है। अगर आप लकवा की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ का शिकार हà¥à¤ हैं तो रोजाना डॉकà¥à¤Ÿà¤° या à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ बताई गई थैरेपी या à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ जरूर करें ये आपकी मांसपेशियों को फिर से पूरी तरह उतà¥à¤¤à¥‡à¤œà¤¿à¤¤ करने में मददगार है।
योग
कà¥à¤› थैरेपी के अलावा योग à¤à¥€ लकवे की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को कम करने के लिठयोगा à¤à¥€ बहà¥à¤¤ असरदार होता है। अगर आप लकवा आने के बाद रोजाना अनà¥à¤²à¥‹à¤® विलोम आसन करने से लकवे का पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ कम हो सकता है। विलोम आसन आप 2 हफà¥à¤¤à¥‡ तक लगातार करने के बाद इसका सकारातà¥à¤®à¤• असर देख सकते हैं। इसके अलावा आपके पास योग में कई विकलà¥à¤ª हैं जैसे कपालà¤à¤¾à¤¤à¥€ और उजà¥à¤œà¤¾à¤¯à¥€ पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤®à¥¤ आपको रोजाना योग को à¤à¤• घंटे तक करना चाहिà¤, जिसकी मदद से आपकी मांसपेशियों में मजबूती आ सकती है।
à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤°
à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° कई बीमारियों और सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में सà¥à¤§à¤¾à¤° करने में मददगार होता है, à¤à¤¸à¥‡ ही लकवा की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° à¤à¥€ कामयाब है। अगर आपके शरीर के किसी हिसà¥à¤¸à¥‡ में लकवा आया है तो आप अपने हाथ की बीच की उंगलियों को दबाà¤à¤‚। धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रहे à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° के लिठआप किसी à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ या डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सहायत जरूर लें, खà¥à¤¦ से à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° करने की कोशिश न करें।
लहसà¥à¤¨ और शहद का सेवन
5 से 6 लहसà¥à¤¨ की कलियों को पीसकर उसमें 2 चमà¥à¤®à¤š शहद को अचà¥à¤›à¥€ तरह से मिलाà¤à¤‚। इस मिशà¥à¤°à¤£ को रोजाना सेवन जरूर करें, इससे आपके लकवे का असर कम होता है। साथ ही लहसà¥à¤¨ आपकी मांसपेशियों को सकà¥à¤°à¤¿à¤¯ करने में मददगार होता है। इसके अलावा आप दूध में 5 से 6 लहसà¥à¤¨ की कलियों को उबाल लें और इसे नियमित रूप से लें। à¤à¤¸à¤¾ करने से आपके शरीर में आठलकवा के पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ को कम किया जा सकता है और आपके रकà¥à¤¤à¤šà¤¾à¤ª को सामानà¥à¤¯ किया जा सकता है।
कलौंजी के तेल से रोजाना मालिश
कलौंजी सेहत के लिठबहà¥à¤¤ फायदेमंद मानी जाती है, à¤à¤¸à¥‡ ही ये लकवा के दौरान à¤à¥€ काफी असरदार साबित होता है। अगर रोजाना मरीज को कलौंजी के तेल को गà¥à¤¨à¤—à¥à¤¨à¤¾ कर पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हिसà¥à¤¸à¥‡ पर मालिश की जाठतो मांसपेशियों में राहत मिलती है और तेजी से सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ होने पर मदद मिलती है। इसके लिठआप रोजना 2 से 3 बार इसका तेल लें और मालिश करें। इसका असर आपको कà¥à¤› हफà¥à¤¤à¥‹à¤‚ में ही देखने को मिल सकता है।
अगर आप लकवे का शिकार हà¥à¤ हैं तो इस लेख में बताठगठतरीकों को अपना सकते हैं, लेकिन धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रहे आपको इससे पहले डॉकà¥à¤Ÿà¤° या à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ से सलाह लेनी जरूरी है।
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