healthplanet.net

Posted on

आमतौर पर यह कोई बीमारी नहीं होती। हालांकि अगर यूरिन से पहले बहुत ज्यादा चिपचिपा पदार्थ निकले और यह बदबूदार हो तो किसी अच्छे यूरोलॉजिस्ट से जरूर मिल लें। जरूरत पड़ने पर यूरिन कल्चर की जांच करानी चाहिए। यूरिनरी इन्फेक्शन से हमारी बॉडी पर क्या असर होता है।

यदि आपके पास मूत्र पथ के संक्रमण या मूत्राशय के संक्रमण के लक्षण हैं , जैसे कि पेशाब करते समय दर्द या जलन। संक्रमण का इलाज कराने के बाद भी आपको यूरिन कल्चर हो सकता है। यह सुनिश्चित करने के लिए है कि सभी बैक्टीरिया चले गए हैं।

यूरिन में पस सेल्स की नार्मल रेंज
8-10 पस सेल्स की उपस्थिति बैक्टीरियल इन्फेक्शन का संकेत देती है, जिसे ज्यादातर यूरिन ट्रैक्ट इनफेक्शन (यूटीआई) के रूप में डायग्नोस किया जाता है। चिकित्सक एक और सलाह देते हैं कि प्रभावी एंटीबायोटिक दवाओं का निर्णय लेने के लिए यूरिन का एक कल्चर टेस्ट जी करवा लेना चाहिए।

solved 5
wordpress ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author ->

Short info