healthplanet.net

Posted on

भूलने की बीमारी का एक बड़ा कारण बढ़ती उम्र होती है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि जब उम्र बढ़ने लगती है तो दिमाग की कोशिकाएं (Brain Cells) सूखने लगती हैं, जिससे ब्रेन में सही मात्रा में ब्लड और ऑक्सीजन की सप्लाई नहीं हो पाती है और याददाश्त संबंधी समस्या का जन्म होता है.

भूलने की बीमारी का एक बड़ा कारण बढ़ती उम्र होती है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि जब उम्र बढ़ने लगती है तो दिमाग की कोशिकाएं (Brain Cells) सूखने लगती हैं, जिससे ब्रेन में सही मात्रा में ब्लड और ऑक्सीजन की सप्लाई नहीं हो पाती है और याददाश्त संबंधी समस्या का जन्म होता है. हालांकि यह भूलने की बीमारी का एक मात्र कारण नहीं है. ऐसे कई अन्य फैक्टर हैं...

1. अल्जाइमर (Alzheimer): यह एक न्यूरॉलजिकल डिसऑर्डर है, जिसमें दिमाग की कोशिकाएं सिकुड़ने के कारण याददाश्त कमजोर हो जाती है. इसमें व्यक्ति उन कामों को करना भी भूल जाता है, जिन्हें वह बचपन से या फिर पिछले कई दशकों से करता आ रहा है. जैसे, पैसे गिनना, कपड़े पहनना, अपने लिए सही कपड़ों का चुनाव करना इत्यादि.

2. बढ़ती उम्र: मेडिकली 60 साल की उम्र के बाद व्यक्ति के शरीर की कार्यक्षमता और महत्वपूर्ण अंगों की कार्यक्षमता घटने लगती है. इनमें ब्रेन भी शामिल है. 65 साल की उम्र के बाद हर 5 साल में अल्जाइमर होने का खतरा दोगुना बढ़ा जाता है. यह डेटा यूनाइटेड किंगडम की नेशनल हेल्थ सर्विस द्वारा लंबे शोध पर आधारित है.

3. ऐज और स्ट्रेसफुल लाइफ: बढ़ती उम्र में यदि व्यक्ति के जीवन में किसी भी कारण से बहुत अधिक तनाव रहने लगता है और यह तनाव (Stress) सालों साल बना रहता है, तब भी याददाश्त संबंधी समस्या हो सकती है. जैसे, किसी बुजुर्ग का परिवार उसे अकेला छोड़ दे, बच्चे ध्यान ना दें, घर में उसकी कोई केयर ना हो. तो इस तरह स्थिति में व्यक्ति पहले इमोशनल ट्रॉमा से गुजरता है और फिर धीरे-धीरे उसका ब्रेन डिप्रेशन और मेमॉरी संबंधी समस्याओं की तरफ बढ़ सकता है.

4. कोई हादसा: यदि किसी व्यक्ति के जीवन में बड़ी उम्र कोई ऐसा बुरा हादसा हो जाए, जो उसे मानसिक और भावनत्मक रूप से तोड़ दे, तब भी व्यक्ति याददाश्त संबंधी समस्या का शिकार हो सकता है. ऐसा गहरा भावनात्मक आघात लगने से होता है. जैसे, बिजनस डूब जाना, किसी हादसे में परिवार खो देना इत्यादि.

5. सिर की चोट: किसी भी तरह के ऐक्सिडेंट के चलते यदि सिर में गहरी चोट लग जाती है और इससे दिमाग का याददाश्त को स्टोर करने वाला हिस्सा हिप्पोकैंपस (Hippocampus) क्षतिग्रस्त हो जाता है, तब भी व्यक्ति को याददाश्त संबंधी समस्या हो सकती है.

solved 5
wordpress ago 5 Answer
--------------------------- ---------------------------
+22

Author ->

Short info