Login
$zprofile = 'profile'; $zcat = 'category'; $zwebs = 'w'; $ztag = 'tag'; $zlanguage = 'language'; $zcountry = 'country'; ?>
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
मूत्र पथ में संक्रमण (यूरिन इंफेक्शन) होना क्या है
मूत्र का संक्रमण बैक्टेरियाजनित संक्रमण होता है। यह संक्रमण मूत्र-पथ (पेशाब करने के रास्ते) के एक हिस्से को संक्रमित करता है। जब यह निचले हिस्से को प्रभावित करता है, तब इसे सामान्य मूत्र संक्रमण या मूत्राशय में होने वाली सूजन कहा जाता है। जब यह ऊपरी मूत्र-पथ को प्रभावित करता है, तो इसे गुर्दे का संक्रमण कहा जाता है।
गर्भवती महिलाओं में भी मूत्र संक्रमण होने का खतरा बना रहता है। इसके लिए प्रसव से पहले ही उनके मूत्र की जाँच कराई जाती है। बैक्टीरिया मूत्र-पथ को दो प्रकार से संक्रमित करते हैं। रक्त से गुर्दों में जाकर मूत्र-पथ को संक्रमित करते हैं, या फिर मूत्र-मार्ग के द्वारा घुसकर मूत्र-पथ को संक्रमित करते हैं। एक रिपोर्ट के अनुसार, गंदे शौचालयों और शौचालयों की कमी के कारण भारत में लगभग 50 फीसदी महिलाएँ यू.टी.आई. (uti kya hai)से पीड़ित(urine problem in hindi) होती हैं।
| --------------------------- | --------------------------- |