Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
सिरà¥à¤« 6 योगासनों से तà¥à¤°à¤‚त करें हाई बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को कंटà¥à¤°à¥‹à¤²
बढ़े हà¥à¤ बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को नियंतà¥à¤°à¤¿à¤¤ रखने के लिठयदि आप योग का रासà¥à¤¤à¤¾ अपनाते हैं तो आप जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ समय तक सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ महसूस करते हैं
à¤à¤¾à¤—-दौड़ à¤à¤°à¥€ जिंदगी की छोटी-छोटी समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤à¤‚ कब आपका टेंशन बढ़ा कर आपको बà¥à¤²à¤¡à¤ªà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° का मरीज बना देती हैं, आपको इसका पता à¤à¥€ नही चलता। इसी वजह से इसे साइलेंट किलर à¤à¥€ कहा जाता है। इसके उपचार के लिठयदि आप डॉकà¥à¤Ÿà¤° से सलाह लेते हैं तो डाकà¥à¤Ÿà¤° आपको ढ़ेर सारी दवाइयां पकड़ा देते हैं। इन दवाइयों से आपको थोड़े समय के लिठतो राहत महसूस होता है लेकिन ये दवाइयां आपकी बीमारी का सà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¥€ समाधान नही हैं। इन दवाओं से आपको हमेशा के लिठआराम नही मिलता है बलà¥à¤•ि जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ समय तक दवाओं के पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— से इसके साइड इफेकà¥à¤Ÿ à¤à¥€ देखने को मिलते हैं। इसलिठबलà¥à¤¡à¤ªà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° के उपचार के लिठआप योगा का रासà¥à¤¤à¤¾ अपनाà¤à¤‚। जो कि बिना à¤à¤• à¤à¥€ पैसे खरà¥à¤š किठआपके बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° की समसà¥à¤¯à¤¾ को ठीक करने का बहà¥à¤¤ ही अचà¥à¤›à¤¾ विकलà¥à¤ª है। तो आइये जानते हैं कौन-कौन से योगा हैं जो बढ़े हà¥à¤ बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को नियंतà¥à¤°à¤¿à¤¤ करने के लिठकिठजा सकते हैं।
पशà¥à¤šà¤¿à¤®à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤¾à¤¸à¤¨:
हाई बà¥à¤²à¤¡à¤ªà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° के दौरान आपकी धमनियां सिकà¥à¤¡à¤¼à¤¨à¥‡ लगती हैं जिससे हारà¥à¤Ÿ अटैक और सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤• का खतरा बढ़ जाता है। पशà¥à¤šà¤¿à¤®à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤¾à¤¶à¤¨ आपके धमनियों को लचीला बनाता है और बलà¥à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को कम करता है। यह à¤à¥€ पढ़ें: योग के लिठबिसà¥à¤¤à¤° से उठने में आता है आलस? बेड पर ही करें ये 5 योगासन
शवासन:
इस आसन को रोज 20 मिनट तक करने से दिमाग शांत हो जाता है, सारी चिंताठमिट जाती हैं। इससे आपका बलà¥à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° सामानà¥â€à¤¯ हो जाता है। यह आसन शरीर, मन, और आतà¥à¤®à¤¾ को सà¥à¤«à¥‚रà¥à¤¤à¤¿ और ताजगी पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता है।
पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤®:
पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤® सांस की गति और रकà¥à¤¤ संचार को सामानà¥à¤¯ करता है। दिल का सांस और रकà¥à¤¤ संचार से गहरा संबंध होता है। उचà¥à¤š रकà¥à¤¤à¤šà¤¾à¤ª के रोगी को नाडीशोधन पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤® और उजà¥à¤œà¤•यी पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤® (इससे बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° कम होता है) करना चाहिà¤à¥¤ अनà¥à¤²à¥‹à¤® विलोम पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤¾à¤¯à¤¾à¤® आपकी चिंता और हारà¥à¤Ÿà¤¬à¥€à¤Ÿ को कम करता है।
अधो-मà¥à¤–शà¥à¤µà¤¨à¤¾à¤¸à¤¨:
अधो-मà¥à¤–शà¥à¤µà¤¸à¤¨à¤¾à¤¸à¤¨ को डाउनवरà¥à¤¡ फेसिंग डाग à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ à¤à¥€ कहते हैं। आपके कंधों और पीठसे लेकर कमर तक पूरे पिछले हिसà¥à¤¸à¥‡ में होने वाले तनाव और थकान को कम करने के लिठबहà¥à¤¤ ही अचà¥à¤›à¤¾ आसन है। और आप जितना जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ तनाव और थकान मà¥à¤•à¥à¤¤ होते हैं बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° का खतरा उतना ही कम होता है।
सेतà¥-बंधासन:
सेतॠबंधासन या बà¥à¤°à¤¿à¤œ पोज़ आपके शरीर में रकà¥à¤¤ के पà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ को सही रखता है जो आपको तनाव मà¥à¤•à¥à¤¤ रखने में मदद करता है। इससे आप खà¥à¤¦ को तरोताजा और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µ महसूस करते हैं।
सà¥à¤–ासन:
बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को कम करने के लिठकिठजाने वाले आसनों में सà¥à¤–ासन à¤à¤• à¤à¤¸à¤¾ आसन है जिसमें आपके दिल पर जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जोर नही पड़ता। इस योगासन में आप मानसिक और शारीरिक रूप से à¤à¤•दम आराम की मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ मे होते हैं।
बालासन:
हाई बà¥à¤²à¤¡à¤ªà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° से इंसान थका हà¥à¤† व चिड़चिड़ा हो जाता है। à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में बालासन या चाइलà¥à¤¡ पोज़ आपके शरीर और दिमाग से बेवजह की थकान को दूर करने मे मदद करता है। इसके अलावा यह आपके शरीर से टॉकà¥à¤¸à¤¿à¤¨ (विषैले ततà¥à¤µà¥‹à¤‚) को बाहर निकालता है, जिससे आप तनावमà¥à¤•à¥à¤¤ महसूस करते हैं।
योगा तनाव को कम करके रकà¥à¤¤à¤¸à¤‚चार को सामानà¥à¤¯ करने का सबसे कारगर तरीका है। उचà¥à¤š रकà¥à¤¤à¤šà¤¾à¤ª के रोगी को वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® के अलावा à¤à¥€ कई बातों का धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखना चाहिà¤à¥¤ à¤à¤¸à¤¾ कोई à¤à¥€ काम नही करना चाहिठजिससे कि दिल की धडकन तेज हो। इसके अलावा समय पर सोना-उठना, आरामदायक व साफ बिसà¥à¤¤à¤°, सोने वाले सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर शांति आदि का खà¥à¤¯à¤¾à¤² रखना चाहिà¤à¥¤
हाई बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° यानी उचà¥à¤š रकà¥à¤¤à¤šà¤¾à¤ª से आपको कई तरह की समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं का सामना करना पड़ता है, इसमें हारà¥à¤Ÿ-अटैक, नस फटने और किडनी फेल होने का खतरा होता है इसलिठपà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° के रोगी को नियमित रूप से वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करना चाहिà¤à¥¤
| --------------------------- | --------------------------- |