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डिलीवरी के समय मां को बहà¥à¤¤ तेज दरà¥à¤¦ होता है और पà¥à¤°à¤¸à¤µ पीड़ा इतनी तेज होती है कि महिलाà¤à¤‚ तड़प जाती हैं। वहीं बचà¥â€à¤šà¥‡ के लिठà¤à¥€ गरà¥à¤ से बाहर आने तक का सफर काफी लंबा और मà¥à¤¶à¥à¤•िल होता है।
ये तो हर कोई कहता है कि शिशॠको जनà¥â€à¤® देने के लिठमां को बहà¥à¤¤ दरà¥à¤¦ सहना पड़ता है लेकिन कà¥â€à¤¯à¤¾ कà¤à¥€ किसी ने ये सोचा है कि गरà¥à¤ से बाहर की दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में आने के लिठबचà¥â€à¤šà¥‡ को किस-किस चीज से गà¥à¤œà¤°à¤¨à¤¾ पड़ता है।
​कà¥â€à¤¯à¤¾ बचà¥â€à¤šà¤¾ लेता है डिलीवरी का फैसला
गरà¥à¤ में शिशॠके लिठबहà¥à¤¤ आरामदायक वातावरण होता है। à¤à¤®à¥à¤¨à¤¿à¤“टिक फà¥à¤²à¥‚इड शिशॠको बाहरी दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ से सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ देती है और पà¥â€à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टा से उसे à¤à¤°à¤ªà¥‚र पोषण मिलता है।
जब बचà¥â€à¤šà¤¾ गरà¥à¤ में इतना ही कंफरà¥à¤Ÿà¥‡à¤¬à¤² होता है तो फिर कà¥â€à¤¯à¤¾ वो चीज है जो उसे बाहर आने के लिठकहती है?
इस बात पर रहसà¥â€à¤¯ बना हà¥à¤† है कि किस वजह से लेबर पेन शà¥à¤°à¥‚ होता है लेकिन à¤à¤•à¥â€à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿà¥à¤¸ का कहना है कि जब बचà¥â€à¤šà¥‡ के फेफड़े पूरी तरह से मैचà¥â€à¤¯à¥‹à¤° हो जाते हैं, तब लेबर की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ होती है।
बचà¥â€à¤šà¥‡ का शरीर लेबर और डिलीवरी शà¥à¤°à¥‚ करने के लिठमां को हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² सिगà¥â€à¤¨à¤² à¤à¥‡à¤œà¤¤à¤¾ है। यदि पहले से ही सी-सेकà¥â€à¤¶à¤¨ पà¥â€à¤²à¤¾à¤¨ हो, तो डॉकà¥â€à¤Ÿà¤° लेबर पेन लाने की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ करते हैं।
​कà¥â€à¤¯à¤¾ बचà¥â€à¤šà¥‡ को à¤à¥€ होती है कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨
जनà¥â€à¤® लेने से पहले ही शिशॠको टच फील होने लगता है। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी के दौरान जब à¤à¥€ मां या पिता पेट पर हाथ फेरते हैं, तो बचà¥â€à¤šà¤¾ किक मारकर उसका जवाब देता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ मांसपेशियों की परतों से बना होता है जो बचà¥à¤šà¥‡ को जनà¥à¤® नलिका के जरिठबाहर निकालने के लिठसिकà¥à¤¡à¤¼à¤¤à¥€ हैं। à¤à¤®à¥à¤¨à¤¿à¤“टिक फà¥à¤²à¥‚इड कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ के दौरान महसूस होने वाले पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° से बचà¥â€à¤šà¥‡ को बचाता है।
लेबर के दौरान मां को इलेकà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‰à¤¨à¤¿à¤• फीटल मॉनिटरिंग देने पर कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ के रिसà¥â€à¤ªà¥‰à¤¨à¥â€à¤¸ में शिशॠकी हारà¥à¤Ÿ रेट में बदलाव देखे गठहैं। इससे पता चलता है कि आपके बचà¥â€à¤šà¥‡ को कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ कैसे महसूस होती हैं।
​कà¥â€à¤¯à¤¾ कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤¶à¤¨ से बचà¥â€à¤šà¥‡ को दरà¥à¤¦ होता है
लेबर की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में महिलाओं को थोड़ी-थोड़ी देर में हलà¥â€à¤•े कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ महसूस होते हैं। इससे बचà¥â€à¤šà¥‡ को कोई दरà¥à¤¦ तो नहीं होता लेकिन हलà¥â€à¤•ा पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° जरूर महसूस हो सकता है। लेबर के दौरान बà¥à¤°à¥€à¤¦à¤¿à¤‚ग टेकà¥à¤¨à¤¿à¤• और सांस लेने की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ पर धà¥â€à¤¯à¤¾à¤¨ देने से मांसपेशियों में आया तनाव कम होता है। इससे à¤à¤‚डोरà¥à¤«à¤¿à¤¨ à¤à¥€ उतà¥à¤¤à¥‡à¤œà¤¿à¤¤ होता है।
​कब होता है बचà¥â€à¤šà¥‡ को दरà¥à¤¦
लेबर के आगे बढ़ने पर तेज कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ उठने लगती हैं। अब जलà¥â€à¤¦à¥€-जलà¥â€à¤¦à¥€ और जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ देर तक कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥â€à¤¶à¤¨ रहती हैं। बचà¥â€à¤šà¥‡ का सिर नीचे आ जाता है। बचà¥â€à¤šà¥‡ को पेलà¥à¤µà¤¿à¤¸ के जरिठबाहर आना होता है और बचà¥â€à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ के मà¥à¤‚ह से बाहर निकलना होता है, कॉनà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤¶à¤¨ बचà¥â€à¤šà¥‡ के सिर पर जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° बनाती हैं।
अब यह कह पाना मà¥â€à¤¶à¥à¤•िल है कि इस सà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤œ पर बचà¥â€à¤šà¤¾ कà¥â€à¤¯à¤¾ महसूस करता है लेकिन खोपड़ी की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को ओवरलैप करने के लिठबचà¥â€à¤šà¥‡ का सिर परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥â€à¤¤ रूप से सिकà¥à¤¡à¤¼à¤¤à¤¾ है।
बचà¥â€à¤šà¤¾ बोलकर नहीं बता सकता कि इस पूरी पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ में उसे à¤à¥€ दरà¥à¤¦ हà¥à¤†, इसलिठयह कह पाना मà¥à¤¶à¥à¤•िल होगा कि बचà¥â€à¤šà¥‹à¤‚ को à¤à¥€ डिलीवरी के दौरान मां की तरह दरà¥à¤¦ सहना पड़ता है।
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