Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान जब आपका वजन बढ़ता हैं तो इसका असर रीढ़ की हडà¥à¤¡à¥€ पर होता हैं, जिससे आपको कमर के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ महसूस होता है। इसके अलावा पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान आपके शरीर में रिलेकà¥à¤¸à¤¿à¤¨ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ बनता है जो जोड़ों को ढीला करता हैं जिस से कमर दरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ हो जाती है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में पीठदरà¥à¤¦ कà¥à¤¯à¤¾ होता हैं?
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर और पीठदरà¥à¤¦ à¤à¤• आम शिकायत है। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान जब आपका वजन बà¥à¤¤à¤¾ हैं तो इसका असर रीढ़ की हडà¥à¤¡à¥€ पर होता हैं, जिससे आपको कमर के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ महसूस होता है। इसके अलावा पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान आपके शरीर में रिलेकà¥à¤¸à¤¿à¤¨ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ बनता है जो जोड़ों को ढीला करता हैं जिस से कमर दरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ हो जाती है। हालांकि, आप गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान कमर और पीठदरà¥à¤¦ को रोक सकती हैं या कम कर सकती हैं।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठदरà¥à¤¦ के लकà¥à¤·à¤£ कà¥à¤¯à¤¾ हैं? (symptoms of back pain during pregnancy in Hindi)
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान काठका दरà¥à¤¦ आम तौर पर पीठमें कमर के ऊपर होता है। वही कà¥à¤› महिलाओ को पोसà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤° पेलà¥à¤µà¤¿à¤• दरà¥à¤¦ होता है। यह कमर के नीचे, à¤à¤• या दोनों तरफ या टेलबोन पर महसूस होने वाला दरà¥à¤¦ है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठदरà¥à¤¦ के कारण कà¥à¤¯à¤¾ हैं? (causes of back pain during pregnancy in Hindi)
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठदरà¥à¤¦ के कारण कà¥à¤¯à¤¾ हैं? (causes of back pain during pregnancy in Hindi)
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठदरà¥à¤¦ के कई कारण हैं, जैसे –
होरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥‡à¤¸ का बà¥à¤¨à¤¾
शरीर के सेंटर ऑफ़ गà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€ का बदलना
वजन बà¥à¤¨à¤¾
शारीरिक पोसà¥à¤šà¤° या पोजीशन का बदलना
तनाव
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठदरà¥à¤¦ के कितने पà¥à¤°à¤•ार होते हैं? (types of back pain during pregnancy in Hindi)
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान, शारीरिक और मà¥à¤¸à¥à¤•à¥à¤²à¥‹à¤¸à¥à¤•ेलेटल सिसà¥à¤Ÿà¤® में बदलाव के कारण अकà¥à¤¸à¤° कमर और पीठदरà¥à¤¦ की शिकायत रहती हैं। पीठदरà¥à¤¦ और पैलà¥à¤µà¤¿à¤• परेशानी आमतौर पर पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के पांचवें और सातवें महीने के बीच शà¥à¤°à¥‚ होती है।
पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ होना
लेटने या सोते समय पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ होना
पेलà¥à¤µà¤¿à¤• पेन
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर और पीठदरà¥à¤¦ के कà¥à¤¯à¤¾ उपचार हैं? (treatment of back pain during pregnancy in Hindi)
आइये चलिठजानते हैं कैसे आप पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर और पीठदरà¥à¤¦ की शिकायत को काम कर सकती हैं –
बॉडी पोसà¥à¤šà¤° को ठीक करे
यदि कà¥à¤› उठाने के लिठà¤à¥à¤•ना हैं तो आराम से सà¥à¤•à¥à¤µà¤¾à¤°à¥à¤Ÿà¥à¤¸ करते हà¥à¤ à¤à¥à¤•े
कमर के बल ना सोये
गरम या ठंडा मसाज दे
अचà¥à¤›à¥‡ सपोरà¥à¤Ÿ वाले जूते या चपà¥à¤ªà¤² पहने
फिजिकल à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€ को अपनी दिनचरà¥à¤¯à¤¾ में शामिल करें
| --------------------------- | --------------------------- |