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मà¥à¤à¥‡ कैसे पता चलेगा कि पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान कब जोर लगाना है और à¤à¤¸à¤¾ करने का सबसे बेहतर तरीका कà¥à¤¯à¤¾ है?
पà¥à¤°à¤¸à¤µ का दूसरा चरण, जिसे जोर लगाने वाला चरण à¤à¥€ कहा जाता है, तब शà¥à¤°à¥ होता है जब आपकी गà¥à¤°à¥€à¤µà¤¾ पूरी तरह विसà¥à¤«à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ (10 सें.मी. चौड़ी) हो चà¥à¤•ी होती है। इस चरण में ही आप जोर लगाकर अपने शिशॠको पà¥à¤°à¤¸à¤µ नलिका से बाहर धकेलेंगी और उसका जनà¥à¤® होगा।
शिशॠको जनà¥à¤® देने के लिठकितनी देर तक जोर लगाना होगा?
यदि यह आपका पहला शिशॠहै, तो जोर लगाने वाला यह चरण कई घंटों तक चल सकता है।
यदि आप पहले à¤à¥€ मॉं बन चà¥à¤•ी हैं, तो जोर लगाने वाला यह चरण शायद पांच से 10 मिनट ही चलेगा।
यदि आपके शिशॠको अपनी अवसà¥à¤¥à¤¾ बदलनी हो, ताकि उसके सिर का सबसे छोटा वà¥à¤¯à¤¾à¤¸ बाहर की तरफ हो, तो हो सकता है इसमें और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ समय लग जाà¤à¥¤
डिलीवरी के दौरान जोर लगाने की इचà¥à¤›à¤¾ कैसी महसूस होती है?
अधिकांश मॉंà¤à¤‚ कहती हैं कि जोर लगाने की इचà¥â€à¤›à¤¾ à¤à¤¸à¥€ महसूस होती है जैसे कि मलतà¥â€à¤¯à¤¾à¤— के लिठजोर लगा रही हों।
यदि आपने à¤à¤ªà¤¿à¤¡à¥à¤¯à¥‚रल लिया है, तो शायद आपको जोर लगाने की इचà¥à¤›à¤¾ महसूस नहीं होगी। à¤à¤¸à¥‡ में, डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको बताà¤à¤‚गी कि जोर कब लगाना है।
पà¥à¤°à¤¸à¤µ के जोर लगाने वाले चरण में कितना दरà¥à¤¦ होता है?
पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान कितना दरà¥à¤¦ होता है यह केवल तà¤à¥€ समà¤à¤¾ जा सकता है जब आपने खà¥à¤¦ शिशॠको जनà¥â€à¤® दिया हो। हर महिला का पà¥à¤°à¤¸à¤µ अलग होता है और पà¥à¤°à¤¸à¤µ के हर चरण में दरà¥à¤¦ हलà¥â€à¤•े से लेकर बहà¥à¤¤ तेज हो सकता है।
à¤à¤ªà¤¿à¤¡à¥à¤¯à¥‚रल लेने के बाद à¤à¥€ शिशॠको जनà¥â€à¤® देने का अनà¥à¤à¤µ अलग-अलग हो सकता है।
मà¥à¤à¥‡ कैसे पता चलेगा कि पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान कब जोर लगाना है?
जैसे ही आपका शिशॠनीचे की तरफ आ जाता है, आपको पà¥à¤°à¤¬à¤² संकà¥à¤šà¤¨ महसूस होंगे। आपको अपने शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में शिशॠके सिर का दबाव महसूस होगा और साथ ही आपको जोर लगाने की तीवà¥à¤° इचà¥à¤›à¤¾ महसूस होगी।
जब तक आपको जोर लगाने की à¤à¤¸à¥€ इचà¥à¤›à¤¾ महसूस न हो, तब तक बेहतर है आप जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जोर न लगाà¤à¤‚। à¤à¤¸à¤¾ इसलिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि इससे पहले जोर लगाने के पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ में आपको केवल थकान ही होगी, और कà¥à¤› हासिल नहीं होगा।
डॉकà¥à¤Ÿà¤° नजर रखेंगी कि आपका पà¥à¤°à¤¸à¤µ किस तरह आगे बढ़ रहा है और आपके शिशॠकी सेहत कैसी है। इसे देखते हà¥à¤ ही वे आपको निरà¥à¤¦à¥‡à¤¶ देंगी।
डिलीवरी के समय शिशॠको बाहर निकालने के लिठमà¥à¤à¥‡ कैसे जोर लगाना होगा?
बहà¥à¤¤ से असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤²à¥‹à¤‚ में महिलाओं को हर संकà¥à¤šà¤¨ के साथ जोर लगाने के लिठपà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ किया जाता है, ताकि शिशॠजलà¥à¤¦à¥€ नीचे की तरफ खिसक जाà¤à¥¤
सामानà¥à¤¯à¤¤: हर संकà¥à¤šà¤¨ की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में आपको गहरी सांस लेने के लिठकहा जाà¤à¤—ा। आपको सांस थामे रखनी होगी और अपने पेट की मांसपेशियों को कड़ा करना होगा और पूरी ताकत से जोर लगाने के लिठकहा जाà¤à¤—ा।
हर संकà¥à¤šà¤¨ के साथ आपको दो या तीन बार जोर लगाने की पà¥à¤°à¤¬à¤² इचà¥à¤›à¤¾ महसूस होगी और आप पांच से सात सैकंड का जोर लगाà¤à¤‚गी। हर बार जोर लगाने के साथ आपका शिशॠशà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° से थोड़ा खिसक जाà¤à¤—ा। हालांकि, संकà¥à¤šà¤¨ के अंत में वह शायद फिर से अपने पहले की जगह पर आ जाà¤! इस समय पà¥à¤°à¤¸à¤µ 'दो कदम आगे, और à¤à¤• कदम पीछे' वाली गति से बढ़ रहा होगा।
आप निराश न हों। यह सामानà¥à¤¯ है और इससे आपकी शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ मंजिल (पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤°) की मांसपेशियों को धीरे-धीरे खà¥à¤²à¤¨à¥‡ का समय मिल जाता है। जब तक हर बार आपका शिशॠथोड़ा सा नीचे आ रहा है, तो इसका मतलब है कि आप सही कर रही हैं।
जैसे-जैसे शिशॠनीचे आता है और आपके पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° (गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯, योनि, मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ और गà¥à¤¦à¤¾ को आधार देने वाली मांसपेशियां और अनà¥à¤¯ उतà¥à¤¤à¤•) पर अतिरिकà¥à¤¤ दबाव पड़ता है। à¤à¤¸à¥‡ में संकà¥à¤šà¤¨à¥‹à¤‚ के दौरान आप और तेज और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ बार जोर लगाना शà¥à¤°à¥ कर सकती हैं। जोर लगाते हà¥à¤ आप आवाजें निकालने या चिलà¥à¤²à¤¾à¤¨à¥‡ लग सकती हैं।
जब शिशॠका सिर शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ में काफी नीचे की तरफ पहà¥à¤‚च जाता है, तो आपको शायद गरà¥à¤®à¤¾à¤¹à¤Ÿ और चà¥à¤à¤¨ सी महसूस होगी। à¤à¤¸à¤¾ तब होगा, जब आपकी योनि का मà¥à¤– शिशॠके सिर को बाहर लाने के लिठचौड़ा खिंचना शà¥à¤°à¥ होता है। इसे अंगà¥à¤°à¥‡à¤œà¥€ में कà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤¨à¤¿à¤‚ग कहा जाता है।
जब डॉकà¥à¤Ÿà¤° शिशॠका सिर देख पाà¤à¤‚गी, तो वे आपको बताà¤à¤‚गी। इस चरण पर वे शायद आपको जोर लगाने से रोक कर छोटी व तेज सांसें लेने को कह सकती हैं।इससे आपको दो या तीन संकà¥à¤šà¤¨ तक जोर लगाने की इचà¥â€à¤›à¤¾ को नियंतà¥à¤°à¤¿à¤¤ करने में मदद मिलती है ताकि शिशॠका जनà¥â€à¤® आराम से और धीमे से हो सके। इस तरह से जोर लगाने से आपके पेरिनियम कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° (योनि और गà¥à¤¦à¤¾ के बीच का सà¥à¤¥à¤¾à¤¨) का à¤à¥€ बचाव हो सकता है।
अचà¥à¤›à¥€ बात यह है कि इसके बाद से दरà¥à¤¦ थोड़ा कम होने लगता है और तेज दबाव की अनà¥à¤à¥‚ति à¤à¥€ समापà¥à¤¤ हो जाती है। जब आपके शिशॠका सिर बाहर आता है और उसके आसपास से गरà¥à¤à¤¨à¤¾à¤² हटा दी जाती है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको à¤à¤• बार फिर जोर लगाने के लिठकहेंगी। डॉकà¥à¤Ÿà¤° शिशॠको करवट के बल कर देंगी ताकि उसके कंधों के लिठजगह बन सके। पहले à¤à¤• कंधा बाहर आता है, फिर दूसरा निकलता है और फिर उसका पूरा शरीर बाहर खिसक जाता है।
जनà¥à¤® के बाद, आपको शायद कà¥à¤› मिनट का आराम मिलेगा और आप अपने ननà¥à¤¹à¥‡à¤‚ शिशॠको देख सकेंगी। इसके बाद दोबारा संकà¥à¤šà¤¨ शà¥à¤°à¥ होने लगेंगे। अब आपका शरीर पà¥à¤°à¤¸à¤µ के तीसरे और अंतिम चरण में पहà¥à¤‚च जाता है। à¤à¤¿à¤²à¥à¤²à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के समेत अपरा (पà¥à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टा) गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ की दीवार से हटकर नीचे की तरफ गिर जाà¤à¤—ी और आपकी योनि में आ जाà¤à¤—ी। जब à¤à¤¸à¤¾ होगा तो शायद आपको फिर से जोर लगाने की तीवà¥à¤° इचà¥à¤›à¤¾ महसूस होगी और पà¥à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टा बाहर आ जाà¤à¤—ी।
शिशॠको जनà¥à¤® देेने के लिठसà¥à¤à¤¾à¤µ
यदि जोर लगाने वाले चरण से पहले ही आपके संकà¥à¤šà¤¨ कà¥à¤› समय के लिठरà¥à¤• जाà¤à¤‚, तो उस समय का उपयोग अपनी ताकत जà¥à¤Ÿà¤¾à¤¨à¥‡ में करें।
यदि आपने कà¥à¤› समय से मूतà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¤¾à¤— नहीं किया है, तो अपना मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ खाली कर आà¤à¤‚। आपकी डॉकà¥à¤Ÿà¤° शायद बताà¤à¤‚गी कि आपको कब बाथरूम जाना है। अगर आप खà¥à¤¦ से चल न पा रही हों (à¤à¤ªà¤¿à¤¡à¥à¤¯à¥‚रल की वजह से) तो शायद आपको नरà¥à¤¸ बिसà¥à¤¤à¤° पर ही बैडपेन में पेशाब करवा देंगी या डाॅकà¥à¤Ÿà¤° के छोटी मà¥à¤²à¤¾à¤¯à¤® पà¥à¤²à¤¾à¤¸à¥à¤Ÿà¤¿à¤• की टà¥à¤¯à¥‚ब (कैथेटर) आपके मूतà¥à¤°à¤®à¤¾à¤°à¥à¤— में लगा देंगी ताकि पेशाब उसके जरिये निकल सके।
जोर लगाते समय अपनी सांस बहà¥à¤¤ देर तक थामे न रखें। थोड़ी-थोड़ी सांस लें और थोड़ा जोर लगाती रहें। पà¥à¤°à¤¸à¤µ को आसान बनाने के लिठशà¥à¤µà¤¸à¤¨ तकनीक का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करें।
जोर लगाने के बीच सांस लेती रहें, ताकि आपको और गरà¥à¤à¤¸à¥à¤¥ शिशॠको परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ मिलती रहे।
आपकी डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको à¤à¤•दम सीधी अवसà¥à¤¥à¤¾ में रहने के लिठकह सकती है, ताकि गà¥à¤°à¥à¤¤à¥à¤µ बल शिशॠके जनà¥à¤® में मदद कर सके। सीधी अवसà¥à¤¥à¤¾ में रहने से शायद पà¥à¤°à¤¸à¤µ का दूसरा चरण जलà¥à¤¦à¥€ पूरा होने में मदद मिले। साथ ही, उपकरणों की सहायता से पà¥à¤°à¤¸à¤µ का खतरा à¤à¥€ कम हो सकता है। यदि अपनी अवसà¥à¤¥à¤¾à¤à¤‚ बदलने में आपको सहयोग चाहिठहो, तो मदद के लिठकहें।
नीचे की तरफ देखें, जहां शिशॠका जनà¥à¤® हो रहा है। इससे सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ हो सकेगा कि आप अपनी जोर लगाने के लिठपूरी ताकत लगा रही हैं। इस बात पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ केंदà¥à¤°à¤¿à¤¤ करें कि जोर लगाने से आपके शिशॠको जनà¥à¤® लेने में मदद मिल रही है। हर संकà¥à¤šà¤¨ के साथ आप यह कलà¥à¤ªà¤¨à¤¾ करें कि शिशॠजनà¥à¤® लने के लिठबाहर की ओर आ रहा है।
यदि आप बहà¥à¤¤ अधिक थक गई हैं या à¤à¤ªà¤¿à¤¡à¥à¤¯à¥‚रल की वजह से लेटना हो, तो बाईं तरफ करवट लेकर लेटें। आपके बरà¥à¤¥ पारà¥à¤Ÿà¤¨à¤° या नरà¥à¤¸ आपकी ऊपर वाली टांग को सहारा दे सकते हैं। इससे आपके पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ से दबाव कम होगा और आपकी शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ खà¥à¤² सकेगी।
कà¥à¤› असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤²à¥‹à¤‚ में नरà¥à¤¸ और डà¥à¤¯à¥‚टी डॉकà¥à¤Ÿà¤° महिला को और ताकत से जोर लगाने के लिठउंची आवाज में कहते हैं। कई बार डॉकà¥à¤Ÿà¤° à¤à¥€ महिला की जांघों या पीठको थपथपाते हैं ताकि वे और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जोर लगाà¤à¤‚। आप à¤à¤¸à¤¾ महसूस न करें कि आप सही से जोर नहीं लगा पा रही हैं। यदि आपको बेचैनी या असहजता हो, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° को बताà¤à¤‚।
बहà¥à¤¤ सी होने वाली माà¤à¤à¤‚ इस बात को लेकर चिंतित रहती हैं कि जोर लगाने के दौरान उनका मल à¤à¥€ न निकल जाà¤à¥¤ चिंता न करें, अधिकांश असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤² पà¥à¤°à¤¸à¤µ से पहले à¤à¤¨à¤¿à¤®à¤¾ देते हैं। फिर à¤à¥€ यदि आपका मल या मूतà¥à¤° तà¥à¤¯à¤¾à¤— हो जाà¤, तो à¤à¥€ परेशान न हों। यह बहà¥à¤¤ आम बात है और लेबर रूम में डॉकà¥à¤Ÿà¤° और नरà¥à¤¸à¥‹à¤‚ को इसकी आदत होती है। वे इससे तà¥à¤°à¤‚त और सावधानीपूरà¥à¤µà¤• इसे साफ à¤à¥€ करवा देंगी। बहà¥à¤¤ सी महिलाओं को तो मलतà¥à¤¯à¤¾à¤— करने के बारे में पता à¤à¥€ नहीं चलता!
पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान अगर मैं जोर लगाकर शिशॠको बाहर न निकाल पाउं तो कà¥à¤¯à¤¾ होगा?
डिलीवरी के समय कई बार चीजें वैसी नहीं होती जैसा आपने सोचा होता है। कई बार जोर लगाने वाले चरण के दौरान माठया शिशॠकी जान बचाने के लिठडिलीवरी जलà¥à¤¦à¥€ करवाने की जरà¥à¤°à¤¤ होती है। इसलिà¤, डाॅकà¥à¤Ÿà¤° निमà¥à¤¨ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में उपकरणों की सहायता से पà¥à¤°à¤¸à¤µ करवा सकती हैंः
अगर आप काफी लंबे समय से जोर लगा रही हैं और आपके शिशॠका सिर अब पà¥à¤°à¤¸à¤µ नलिका से नीचे की ओर नहीं खिसक रहा है।
आप काफी देर से जोर लगा रही हैं और अब पूरी तरह थक चà¥à¤•ी हैं।
आपका शिशॠà¤à¥à¤°à¥‚ण संकट की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में है या पà¥à¤°à¤¸à¤µ से जà¥à¥œà¥€ कोई अनà¥à¤¯ जटिलता हो गई है।
इन सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में डाॅकà¥à¤Ÿà¤° वैकà¥à¤¯à¥‚म उपकरण या फोरसेपà¥à¤¸ की सहायता से शिशॠको पà¥à¤°à¤¸à¤µ नलिका से बाहर निकालने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ कर सकती हैं।
इनका इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² अकà¥à¤¸à¤° इसलिठकिया जाता है ताकि सिजेरियन डिलीवरी करने की जरà¥à¤°à¤¤ ना पड़े। अगर डाॅकà¥à¤Ÿà¤° उपकरणों की सहायता से डिलीवरी करवाने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करें और शिशॠको सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ और समय पर बाहर न निकाल पा रही हों तो आपको सिजेरियन ऑपरेशन करवाना होगा।
पà¥à¤°à¤¸à¤µ और शिशॠके जनà¥à¤® को लेकर यदि आपके कोई सवाल या चिंताà¤à¤‚ हों, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° से बात करने में न हिचकिचाà¤à¤‚।
बहà¥à¤¤ से असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤² पà¥à¤°à¤¸à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤µ ककà¥à¤·à¤¾à¤¾à¤à¤‚ à¤à¥€ आयोजित करते हैं, ताकि आप डिलीवरी के लिठतैयार हो सकें। इससे आपको सही निरà¥à¤£à¤¯ लेने और अपने डर को कम करने में मदद मिलेगी। आप चाहें तो किसी अनà¥à¤¯ संसà¥à¤¥à¤¾ या पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤• से à¤à¥€ यह सीख सकती हैं।
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