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Blisters/Fafola: फफोले के पीछे होते हैं ये 12 कारण, जानें लकà¥à¤·à¤£ और बचाव
शरीर पर फफोले पड़ने के कारण लोग जलन और दरà¥à¤¦ महसूस करते हैं। à¤à¤¸à¥‡ में इस लेख के जानते हैं फफोले के लकà¥à¤·à¤£, कारण और लकà¥à¤·à¤£
फफोले जिसे इंगà¥à¤²à¤¿à¤¶ में बà¥à¤²à¤¿à¤¸à¥à¤Ÿà¤° à¤à¥€ कहते हैं यह तà¥à¤µà¤šà¤¾ की ऊपरी परत पर तरल पदारà¥à¤¥ के रूप में बनता है। बाहरी तà¥à¤µà¤šà¤¾ के कà¥à¤·à¤¤à¤¿à¤—à¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ हो जाने पर इस तरह की समसà¥à¤¯à¤¾ देखी जाती है। इस समसà¥à¤¯à¤¾ में तरल पदारà¥à¤¥ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर जमा होने लगता है और जो टिशू परत के नीचे होते हैं वो दब जाते हैं। तà¥à¤µà¤šà¤¾ के कà¥à¤·à¤¤à¤¿à¤—à¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ होने के पीछे कोई à¤à¥€ कारण हो सकता है जैसे सà¥à¤•िन बरà¥à¤¨ होना, किसी केमिकल के कारण, संकà¥à¤°à¤®à¤£ के कारण या तà¥à¤µà¤šà¤¾ में रगड़ लगने के कारण। इसके अलावा कà¥à¤› और à¤à¥€ कारण होते हैं, जिसकी वजह से यह समसà¥à¤¯à¤¾ पैदा हो जाती है और ये खà¥à¤œà¤²à¥€ और दरà¥à¤¦ जैसी समसà¥à¤¯à¤¾ उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ करते हैं। आज हम आपको इस लेख के माधà¥à¤¯à¤® से बताà¤à¤‚गे कि फफोले के कारण कà¥à¤¯à¤¾ हैं? साथ ही इसके लकà¥à¤·à¤£ और उपचार à¤à¥€ जानें।
फफोले के कारण (causes of blisters)
फफोले पड़ने के पीछे निमà¥à¤¨ कारण होते हैं। जानते हैं इनके बारे में...
1 - नस फटने के कारण
जब तà¥à¤µà¤šà¤¾ के आसपास की नस फट जाती है तो बाहरी परत के बीच में रकà¥à¤¤ सà¥à¤°à¤¾à¤µ हो जाता है, जिसके कारण फफोले पड़ जाते हैं। बता दें कि फफोले के अंदर खून जमा होता है।
2 - कॉनà¥à¤Ÿà¥ˆà¤•à¥à¤Ÿ डरà¥à¤®à¥‡à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ के कारण
कॉनà¥à¤Ÿà¥ˆà¤•à¥à¤Ÿ डरà¥à¤®à¥‡à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ यानी केमिकल धातॠके संपरà¥à¤• में तà¥à¤µà¤šà¤¾ का आना इसके कारण à¤à¥€ शरीर पर फफोले पड़ जाते हैं। यह समसà¥à¤¯à¤¾ कीड़ों के काटने या डीटेलà¥à¤¸ à¤à¤‚ड कॉसà¥à¤®à¥‡à¤Ÿà¤¿à¤• के दà¥à¤·à¥à¤ªà¤°à¤¿à¤£à¤¾à¤®à¥‹à¤‚ के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ देखी गई है।
3 - जलने के कारण
बता दें कि अकà¥à¤¸à¤° जब तà¥à¤µà¤šà¤¾ जल जाती है तब फफोले पड़ते हैं। यह समसà¥à¤¯à¤¾ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर जलने से पनपती है। अगर तà¥à¤µà¤šà¤¾ पहली डिगà¥à¤°à¥€ के कारण बरà¥à¤¨ हà¥à¤ˆ है तो 2 से 3 दिन में फफोले पढ़ते हैं वहीं अगर दूसरी डिगà¥à¤°à¥€ में बरà¥à¤¨ हà¥à¤ˆ है तो तà¥à¤°à¤‚त फफोले पड़ जाते हैं। इसके अलावा आसपास का तापमान ठंडा है तब à¤à¥€ तà¥à¤µà¤šà¤¾ में तरल पदारà¥à¤¥ पड़ते हैं।
4 - हरà¥à¤ªà¥€à¤œ सिंपलेकà¥à¤¸ वायरस के कारण फफोले पड़ते हैं।
5 - हारà¥à¤Ÿ फेलियर लोगों की फफोले पढ़ते हैं
6 - कà¥à¤› वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में रेडिà¤à¤¶à¤¨ थेरेपी के दौरान à¤à¥€ फफोले पड़ जाते हैं।
7 - चिकन पॉकà¥à¤¸ के कारण फफोले पढ़ते हैं।
8 - जिन लोगों का इमà¥à¤¯à¥‚न सिसà¥à¤Ÿà¤® कमजोर होता है उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ इस पà¥à¤°à¤•ार की बीमारी जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होती है।
9 - जो लोग सà¥à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‰à¤‡à¤¡ दवाइयों का सेवन अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में करते हैं उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¥€ फफोले पड़ने की समसà¥à¤¯à¤¾ देखी गई है।
10 - à¤à¤—à¥à¤œà¤¿à¤®à¤¾ के शिकार इस समसà¥à¤¯à¤¾ से à¤à¥€ गà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ रहते हैं।
11 - डरà¥à¤®à¥‡à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ से गà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ लोग à¤à¥€ फफोले के शिकार हो जाते हैं।
12 - पेरिफेरल आरà¥à¤Ÿà¤¿à¤°à¤¿à¤¯à¤² डिजीज के कारण à¤à¥€ लोगों को फफोले पड़ने की समसà¥à¤¯à¤¾ हो जाती है।
ऊपर बताठगठबिंदà¥à¤“ं से शरीर पर फफोले पड़ने की समसà¥à¤¯à¤¾ बढ़ जाती है। इससे अलग तà¥à¤µà¤šà¤¾ के रगड़ जाने पर या तà¥à¤µà¤šà¤¾ की मोटी परत कà¥à¤·à¤¤à¤¿à¤—à¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ हो जाने पर फफोले पड़ जाते हैं। इसके अलावा गरà¥à¤®à¥€ में जूते पहनने के दौरान à¤à¥€ इस पà¥à¤°à¤•ार की समसà¥à¤¯à¤¾ देखी गई है। गरà¥à¤®à¥€ की वजह से सपोले पड़ना सà¥à¤µà¤¾à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤• है।
फफोले पड़ने के लकà¥à¤·à¤£ (symptoms of blisters)
फफोले पड़ने पर शरीर में निमà¥à¤¨ लकà¥à¤·à¤£ नजर आ सकते हैं-
1 - अगर फफोले मà¥à¤‚ह में पड़े हैं तो वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को निगलने में दिकà¥à¤•त महसूस होती है।
2 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ का बार-बार संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ हो जाना।
3 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ में लालिमा छा जाना या संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ जगह पर गरà¥à¤® महसूस करना।
4 - सà¥à¤µà¤šà¥à¤›à¤¤à¤¾ पर पीला या हरे रंग का पदारà¥à¤¥ इकटà¥à¤ ा होना।
5 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ में दरà¥à¤¦ महसूस करना।
6 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ में जलन महसूस करना।
7 - कà¤à¥€ कà¤à¥€ सूजन आ जाना।
8 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ की ऊपरी परत का à¤à¤¾à¤°à¥€ हो जाना।
9 - तà¥à¤µà¤šà¤¾ से बार बार पानी आना।
फफोले से कैसे करें बचाव (know about prevention of blisters)
फफोले पड़ने से रोकने के लिठआप कà¥à¤› उपायों को अपना सकते हैं। जानते हैं इनके बारे में...
1 - अगर आपकी तà¥à¤µà¤šà¤¾ जल गई है तो तà¥à¤°à¤‚त उस पर ठंडा पानी या बरà¥à¤« रखें à¤à¤¸à¤¾ करने से फफोले नहीं पड़ते हैं। इसके अलावा आप ठंडा कपड़ा à¤à¤¿à¤—ोकर à¤à¥€ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर बांध सकते हैं।
2 - जले हà¥à¤ सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर आलू का छिलका लगा सकते हैं। à¤à¤¸à¤¾ करने से तà¥à¤°à¤‚त ठंडक मिल जाती है। इसके अलावा आलू के टà¥à¤•ड़ों को à¤à¥€ संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर लगा सकते हैं।
3 - हलà¥à¤¦à¥€ का पानी लगाà¤à¤‚। à¤à¤¸à¤¾ करने से ना केवल दरà¥à¤¦ कम होता है। बलà¥à¤•ि आराम à¤à¥€ मिलता है।
4 - à¤à¤²à¥‹à¤µà¥‡à¤°à¤¾ जेल से पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर ठंडक मिलती है। à¤à¤¸à¥‡ में जले हà¥à¤ सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर तà¥à¤°à¤‚त à¤à¤²à¥‹à¤µà¥‡à¤°à¤¾ जेल लगाà¤à¤‚।
5 - अगर आपके पास टी बैग है तो फफोले पड़ने से पहले संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर टी बैग बाग लगाà¤à¤‚।
6 - शहद के पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— से à¤à¥€ आप फफोले पड़ने से रोक सकते हैं। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यह à¤à¤‚टीबायोटिक होता है à¤à¤¸à¥‡ में ही है ठंडक पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता है।
7 - अगर आपके पास तिल मौजूद है तो तेरे को पीसकर आप जले हà¥à¤ या दरà¥à¤¦ वाले सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर लगा सकते हैं à¤à¤¸à¤¾ करने से आपको तà¥à¤°à¤‚त राहत मिलेगी।
8 - धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ दें अगर आपकी तà¥à¤µà¤šà¤¾ पर फफोले पड़ गठहैं तो उसे फोड़ने की गलती ना करें à¤à¤¸à¤¾ करने से संकà¥à¤°à¤®à¤£ और बढ़ सकता है।
9 - अगर आपका फफोला खà¥à¤¦-ब-खà¥à¤¦ फट जाठतो तà¥à¤°à¤‚त उसे साबà¥à¤¨ से धोà¤à¤‚। इसके बाद à¤à¤‚टीसेपà¥à¤Ÿà¤¿à¤• कà¥à¤°à¥€à¤® का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करें और पटà¥à¤Ÿà¥€ लगाà¤à¤‚।
10 - जब फफोले ठीक होता है तो वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को बà¥à¤–ार, सूजन, जलन, दरà¥à¤¦, लालिमा आदि समसà¥à¤¯à¤¾ à¤à¥€ देखी जा सकती है।
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