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हमारे समाज में लोगों की पहचान उनके संसà¥à¤•ार से की जाती है। हालांकि जीने के लिठसंसà¥à¤•ार ही काफी नहीं है बलà¥à¤•ि उसके लिठहमें और à¤à¥€ कई चीजों की जरूरत होती है। अगर आप à¤à¤• सà¤à¥à¤¯ à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ परिवार से हैं तो जरूरी है कि आपके घर के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को अपने आसपास के लोगों से, समाज में जीने के और à¤à¤• राषà¥à¤Ÿà¥à¤° के सà¤à¥à¤¯ नागरिक के रूप में जीने के संसà¥à¤•ार दें। à¤à¤• संसà¥à¤•ारी बेटी और बेटा समाज की नींव होती है और अचà¥à¤›à¥‡ संसà¥à¤•ारी समाज से ही राषà¥à¤Ÿà¥à¤° की उनà¥à¤¨à¤¤à¤¿ की दिशा तय होती है। आइठआपको बताते हैं कि माता-पिता को अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को कौन-कौन से संसà¥à¤•ार देने चाहिà¤à¥¤
राषà¥à¤Ÿà¥à¤° के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ ईमानदारी का à¤à¤¾à¤µ जागृत करें
माता पिता को अपने बचà¥à¤šà¥‡ को सबसे राषà¥à¤Ÿà¥à¤° और समाज के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ जिमà¥à¤®à¤¦à¤¾à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ से अवगत कराना चाहिà¤à¥¤ उन जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के बारे में बताना चाहिठजिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ निà¤à¤¾à¤¨à¥‡ से समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ की उनà¥à¤¨à¤¤à¤¿ हो सके। ईमानदार के à¤à¤¾à¤µ का संसà¥à¤•ार à¤à¤• à¤à¤¸à¤¾ ही गà¥à¤£ है। यह वह गà¥à¤£ है जिसके चलते बचà¥à¤šà¤¾ अपने आसपास के माहौल के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ नैतिक दायितà¥à¤µ के बोध से à¤à¤°à¤¤à¤¾ है। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को टैकà¥à¤¸ à¤à¤°à¤¨à¤¾ सिखाया जाना à¤à¥€ à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ की नींव तैयार करता है। उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कर के रूप में दी जाने वाली राषà¥à¤Ÿà¥à¤° के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ की समठबढ़ती है।
माता-पिता को अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को रसोई का काम जरूर सिखाना चाहिà¤à¥¤ आजकल के वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤¤ लाइफ में हर किसी को हर काम करने आना चाहिà¤à¥¤ लड़का हो या लड़की सà¤à¥€ को घर का काम सिखाकर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ आतà¥à¤®à¤¨à¤¿à¤°à¥à¤à¤° बनाने की कोशिश करें। कई परिवार वाले बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को घर का काम नहीं सिखाते है लेकिन à¤à¤¸à¤¾ करना गलत है। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को मलà¥à¤Ÿà¥€ टासà¥à¤•िंग बनाना चाहिà¤à¥¤
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को सेकà¥à¤¸ à¤à¤œà¥à¤•ेशन के बारे में बताना बहà¥à¤¤ जरूरी है आमतौर पर बचà¥à¤šà¥‡ अपने दोसà¥à¤¤à¥‹à¤‚ और पोरà¥à¤¨ देखकर इन सबके बारे में जानते हैं। जो उनके लिठहानिकारक है। इसलिठमाता पिता को अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को नैतिक जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ समà¤à¤•र बताना चाहिà¤à¥¤
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को कम उमà¥à¤° से ही बचत करना सिखाà¤à¤‚। à¤à¤¸à¤¾ करना उनके आगे के जीवन के लिठà¤à¥€ सफल साबित होगा। बचत सिखाकर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ के लिठमजबूत बनाà¤à¤‚। आमतौर पर पेरेंटà¥à¤¸ अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को लोगों के पीठपीछे बà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¯à¤¾à¤‚ करने के लिठमना करते हैं। जबकि उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ बà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¯à¥‹à¤‚ की जगह अपनी बातों को खà¥à¤²à¤•र रखना सिखाना चाहिà¤à¥¤
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