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अचà¥à¤›à¤¾ पोषण असà¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ, सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ और विकास के लिठआधारशिला है। खैर-मनà¥à¤·à¥à¤¯ के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के जीवन में à¤à¤• बेहतर शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ दे सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वयसà¥à¤•ों में हो जाना और बदले में, सà¥à¤•ूल में बेहतर पà¥à¤°à¤¦à¤°à¥à¤¶à¤¨ करते हैं। खैर-मनà¥à¤·à¥à¤¯ महिलाओं को गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ और पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान कम जोखिम का सामना है, और अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को दोनों शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत विकास के पथ पर बंद सेट। विशà¥à¤µ सà¥à¤¤à¤° पर, बचà¥à¤šà¥‡ की मौत का à¤à¤• तिहाई से अधिक कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के कारण कर रहे हैं। 5 साल की उमà¥à¤° के तहत बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के बीच होने वाली मौतों की वैशà¥à¤µà¤¿à¤• वितरण , कारण से, बाल कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£-à¤à¤• साइलेंट किलर कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ सब बचपन से होने वाली मौतों में से लगà¤à¤— आधे से जà¥à¤¡à¤¼à¤¾ हà¥à¤† है। चावल, मकà¥à¤•ा, गेहूं, तेल, चीनी और नमक जैसी बà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦à¥€ à¤à¥‹à¤œà¤¨ के लिठकीमतों में खादà¥à¤¯ सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ की धमकी, आसमान छू, और गंà¤à¥€à¤° कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ और à¤à¥à¤–मरी में दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ के सबसे गरीब बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के लाखों लोगों के लिठमजबूर कर रहे हैं। दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ के बहà¥à¤¤ में, पूरà¥à¤£ पेट के साथ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को अà¤à¥€ à¤à¥€ कमी कर रहे हैं पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ और विटामिन वे अपनी पूरी कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ विकसित करने की जरूरत है। à¤à¤• कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤¿à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ को सà¥à¤•ूली शिकà¥à¤·à¤¾ का सबसे बाहर निकलने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ कम होती है, बीमारी से लड़ने के लिठकम करने में सकà¥à¤·à¤® है, और अकà¥à¤¸à¤° शारीरिक और मानसिक रूप से अवरà¥à¤¦à¥à¤§ हो जाता है। कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ के साथ सà¤à¥€ निवारक उपायों के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की उतà¥à¤¤à¤°à¤œà¥€à¤µà¤¿à¤¤à¤¾ पर सबसे बड़ा संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ, 800,000 लोगों की मृतà¥à¤¯à¥ पर रोकने के लिठकिया गया है उमà¥à¤° के दो वरà¥à¤· से कम बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की उतà¥à¤¤à¤°à¤œà¥€à¤µà¤¿à¤¤à¤¾ और शिशà¥à¤“ं की वैशà¥à¤µà¤¿à¤• सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ इषà¥à¤Ÿà¤¤à¤® सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ पर गरीबी। पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ के चकà¥à¤° में फंस बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ रहता है (13 पà¥à¤°à¤¤à¤¿ विकासशील दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में पांच वरà¥à¤· से कम बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में सà¤à¥€ मौतों) ( नà¥à¤•ीला) का पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤à¥¤ सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को गैर-सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ महीनों में जीवित रहने के लिठकम से कम छह बार बड़ा मौका है। à¤à¤• विशेष रूप से सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‡ को à¤à¤• गैर-सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‡ की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में पहले छह महीनों में मरने के लिठ14 गà¥à¤¨à¤¾ कम होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है, और सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ काफी तीवà¥à¤° शà¥à¤µà¤¸à¤¨ संकà¥à¤°à¤®à¤£ और दसà¥à¤¤ से होने वाली मौतों को कम कर देता है, दो पà¥à¤°à¤®à¥à¤– बचà¥à¤šà¥‡ हतà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥‹à¤‚ । इषà¥à¤Ÿà¤¤à¤® सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¥à¤¾à¤“ं के संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ की बीमारी और साफ पानी और सà¥à¤µà¤šà¥à¤›à¤¤à¤¾ के लिठकम उपयोग का à¤à¤• उचà¥à¤š बोठके साथ देश की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के विकास में विशेष रूप से महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ है। लेकिन औदà¥à¤¯à¥‹à¤—िक देशों में गैर-सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के मरने की अधिक से अधिक जोखिम पर à¤à¥€ रहे हैं - संयà¥à¤•à¥à¤¤ राजà¥à¤¯ अमेरिका में पोसà¥à¤Ÿ-नवजात मृतà¥à¤¯à¥ दर के हाल के à¤à¤• अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ गैर सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ शिशà¥à¤“ं में मृतà¥à¤¯à¥ दर में 25% की वृदà¥à¤§à¤¿ पाया। बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥‡à¤¨ मिलेनियम पलटन सरà¥à¤µà¥‡à¤•à¥à¤·à¤£ में, विशेष रूप से सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ के छह महीने के दसà¥à¤¤ के लिठअसà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤² दाखिले में à¤à¤• 53% कमी और शà¥à¤µà¤¸à¤¨ तंतà¥à¤° के संकà¥à¤°à¤®à¤£ में 27% की कमी के साथ जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ थे। सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ दरों में नहीं रह गया है कि वैशà¥à¤µà¤¿à¤• सà¥à¤¤à¤° पर गिरते हà¥à¤, कई देशों के साथ पिछले à¤à¤• दशक में उलà¥à¤²à¥‡à¤–नीय वृदà¥à¤§à¤¿ का सामना कर रहा है, विकासशील दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में उमà¥à¤° के छह महीने से à¤à¥€ कम के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की केवल 39 फीसदी विशेष रूप से सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ कर रहे हैं और सिरà¥à¤« 58 20-23 माह के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ का पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ जारी रखा सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ के अà¤à¥à¤¯à¤¾à¤¸ से लाठहोता है। देशों की बढ़ती संखà¥à¤¯à¤¾ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ और तेजी से पà¥à¤°à¤—ति 25 देशों दसà¥à¤¤, निमोनिया, मलेरिया के साथ जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ बचà¥à¤šà¥‡ की मौत का à¤à¤• मà¥à¤–à¥à¤¯ कारण के रूप में पाया गया है|
पोषण की आवशà¥à¤¯à¤•ता
पोषण कितना जरूरी है इसे देश की मौजूदा परिसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ से समà¤à¤¾ जा सकता है। जितनी ताकत अनà¥à¤¨ गà¥à¤°à¤¹à¤£ करने में है, उतनी ही ताकत अनà¥à¤¨ तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने में à¤à¥€ है। अनà¥à¤¨ तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने की ताकत से पूरे देश में हलचल पैदा हो सकती है। बहरहाल अनà¥à¤¨ का मानव संसà¥à¤•ृति सà¤à¥à¤¯à¤¤à¤¾ की शà¥à¤°à¥‚आत से ही नाता है। जैसे-जैसे संसà¥à¤•ृति पà¥à¤·à¥à¤Ÿ होती रही है वैसे-वैसे ही अनà¥à¤¨, à¤à¥‹à¤œà¤¨, पोषण में à¤à¥€ कई सà¥à¤¤à¤°à¥‹à¤‚ पर बेहतर होते जाने की कवायद चलती रही है। पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ को मानव सà¤à¥à¤¯à¤¤à¤¾ की शà¥à¤°à¥‚आत से ही देखा जाता रहा है। किसी à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¾à¤£à¥€ के लिठपोषण जरूरी है, लेकिन उससे à¤à¥€ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जरूरी है कि संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ पोषण कैसे हो ?
कितना पोषण है जरूरी
इंडियन कांउसिल फॉर मेडिकल रिसरà¥à¤š ने à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के लिठकितना पोषण जरूरी है उसे कैलोरी के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° मापदंड तय किया है। आईसीà¤à¤®à¤†à¤° के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• à¤à¤• औसत à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ के लिठà¤à¤¾à¤°à¥€ काम करने वालों के लिठरोजाना 2400 कैलोरी पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ और कम शारीरिक शà¥à¤°à¤® करने वाले लोगों के लिठ2100 कैलोरी पोषण जरूरी है। पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ का मतलब यह à¤à¥€ है कि किसी à¤à¥€ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की अपने जीवन चकà¥à¤° में à¤à¤¸à¥‡ विविधता पूरà¥à¤£ परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ मेपहà¥à¤‚च सà¥à¤¨à¤¿6चित होना जिसमें जरूरी कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤ˆà¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ, पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, वसा, सूकà¥à¤·à¥à¤® पोषण ततà¥à¤µ की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ हो। इन ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की आपूरà¥à¤¤à¤¿ अलग-अलग तरह के अनाजों, दालों, तेल, दूध, अणà¥à¤¡à¥‡, सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ और फलों से होती है, इसलिठइनकी उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ और वहन करने की परिसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ बननती चाहिये। इसी तारतमà¥à¤¯ में पीने के साफ पानी की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ à¤à¥€ जरूरी है।
पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ पर राजà¥à¤¯ की संवैधानिक बाधà¥à¤¯à¤¤à¤¾à¤à¤‚
à¤à¤¾à¤°à¤¤ के संविधान का अनà¥à¤šà¥à¤›à¥‡à¤¦ 21 हर à¤à¤• के लिठजीवन और सà¥à¤µà¤¾à¤¤à¤‚तà¥à¤°à¥à¤¯à¤¤à¤¾ का मौलिक अधिकार सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ करता है। इस अनà¥à¤šà¥à¤›à¥‡à¤¦ के तहत उपलबà¥à¤§ जीवन और सà¥à¤µà¤¾à¤¤à¤‚.तà¥à¤°à¥à¤¯à¤¤à¤¾ के अधिकार में à¤à¥‹à¤œà¤¨ का अधिकार समà¥à¤®à¤¿à¤²à¤¿à¤¤ है। वहीं संविधान का अनà¥à¤šà¥à¤›à¥‡à¤¦ 47 कहता है कि लोगों के पोषण और जीवन के सà¥à¤¤à¤° को उठाने के साथ ही जनसà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ को बेहतर बनाना राजà¥à¤¯ की पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤• जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ है।
मानव अधिकारों पर जारी अनà¥à¤¤à¤°à¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ घोषणा पतà¥à¤° की धारा-25 हर वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के लिये परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ à¤à¥‹à¤œà¤¨ के अधिकार को मानà¥à¤¯à¤¤à¤¾ देती है।
आरà¥à¤¥à¤¿à¤•, सामाजिक और सांसà¥à¤•ृतिक अधिकारों पर अनà¥à¤¤à¤°à¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ सहमति दसà¥à¤¤à¤¾à¤µà¥‡à¤œ की धारा-11 और आरà¥à¤¥à¤¿à¤•, सामाजिक और सांसà¥à¤•ृतिक अधिकारों की समिति हर वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को à¤à¥‚ख से मà¥à¤•à¥à¤¤ रखने के संदरà¥à¤ में राजà¥à¤¯ की जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की विसà¥à¤¤à¤¾à¤° से वà¥à¤¯à¤¾à¤–à¥à¤¯à¤¾ करती है।
इस संदरà¥à¤ में संयà¥à¤•à¥à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤° संघ के बाल अधिकार समà¤à¥Œà¤¤à¥‡ महिलाओं के खिलाफ होने वाले हर तरह के à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ की सामापà¥à¤¤à¤¿ के लिये समà¥à¤®à¥‡à¤²à¤¨ (सीडा) के घोषणा पतà¥à¤° (धारा-12) महिलाओं और बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की खादà¥à¤¯-पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के बारे में राजà¥à¤¯ की जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ को सà¥à¤ªà¤·à¥à¤Ÿ करते हैं।
राजà¥à¤¯ सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• वितरण पà¥à¤°à¤£à¤¾à¤²à¥€ के जरिठकमजोर वरà¥à¤— के लोगों को ससà¥à¤¤à¥€ दरों पर खादà¥à¤¯à¤¾à¤¨à¥à¤¨ उपलबà¥à¤§ कराता है। इसके साथ ही आईसीडीà¤à¤¸ और मिड डे मील के जरिठबचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ की जा रही है। मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में अलग अलग समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ अपनी संसà¥à¤•ृतियों के साथ विविधता के साथ बसर करते हैं। कमोबेश पोषण के नजरिठसे à¤à¥€ देखें तो मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में बहà¥à¤¤ विविधता पाई जाती है। बावजूद इसके पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ मानकों के नजरिठसे सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ की तसà¥à¤µà¥€à¤° बहà¥à¤¤ अचà¥à¤›à¥€ नहीं है। खासकर बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के संदरà¥à¤ में देखें तो यहां साठपà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार हैं।
कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ है
इसे पोषण की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ और उसके वितरण के नजरिये से देखा जाना चाहिठमें पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤®à¤¾à¤¹ 153 क़िलोगà¥à¤°à¤¾à¤® अनाज को उपà¤à¥‹à¤— होता था, अब वह 1222 क़िगà¥à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤®à¤¾à¤¹ आ गया है में à¤à¤• सदसà¥à¤¯ औसतन उपà¤à¥‹à¤— 11920 क़िगà¥à¤°à¤¾ था जो में औसत à¤à¥‹à¤œà¤¨ का उपà¤à¥‹à¤— घटकर मातà¥à¤° 11685 किगà¥à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ रह गया। नि6चित ही यह à¤à¤• अचà¥à¤›à¤¾ संकेत नहीं है। यही कारण है कि यहां 5 वरà¥à¤· से कम उमà¥à¤° के 70 फीसदी बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में खून की कमी है। 19 में से 11 राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ में 75 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के शिकार हैं।
बीमारी के शरीर की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§à¤• कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को कमजोर जो दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤° में हर साल विशेष रूप से कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£, कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के लिठजिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤° हैं सब बचà¥à¤šà¥‡ की मौत का à¤à¤• तिहाई से अधिक,।
à¤à¤• महिला को गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के शिकार या जाता है तो उसके बचà¥à¤šà¥‡ के जीवन के पहले दो वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ के दौरान कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के शिकार है, तो बचà¥à¤šà¥‡ के शारीरिक और मानसिक विकास और विकास धीमा हो जाà¤à¤—ा। बचà¥à¤šà¥‡ बड़े होने पर यह सही नहीं किया जा सकता है - यह उसके जीवन के आराम के लिठबचà¥à¤šà¥‡ को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करेगा।
शरीर को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ और अचà¥à¤›à¥€ तरह से कारà¥à¤¯ अंगों और ऊतकों रखने के लिठआवशà¥à¤¯à¤• उचित ऊरà¥à¤œà¤¾ की मातà¥à¤°à¤¾ (कैलोरी), पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ, वसा, विटामिन, खनिज और अनà¥à¤¯ पोषक ततà¥à¤µ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ नहीं होता है जब कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ विकसित करता है। à¤à¤• बचà¥à¤šà¥‡ या वयसà¥à¤• कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤¿à¤¤ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ की जा रही कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤¿à¤¤ जा सकता है।
लोग कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤¿à¤¤ हैं जब दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के अधिकांश à¤à¤¾à¤—ों में होता है। विशेष रूप से बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ और महिलाओं के आधे पेट के लिठपà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤• कारण, गरीबी, à¤à¥‹à¤œà¤¨ की कमी, दोहराया बीमारियों, अनà¥à¤šà¤¿à¤¤ खिला पà¥à¤°à¤¥à¤¾à¤“ं, देखà¤à¤¾à¤² और गरीब सà¥à¤µà¤šà¥à¤›à¤¤à¤¾ की कमी कर रहे हैं। आधे पेट खाना कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के जोखिम उठाती है। जोखिम जीवन के पहले दो वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में सबसे बड़ी है। दसà¥à¤¤ और अनà¥à¤¯ बीमारियों को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहने के लिठआवशà¥à¤¯à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, खनिज और पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की शरीर सार जोखिम जब आगे बढ़ जाती है।
à¤à¤• घर का परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ à¤à¥‹à¤œà¤¨ और दसà¥à¤¤ और अनà¥à¤¯ बीमारियों आम है कि बनाने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है नहीं करता है, बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के शिकार बनने के लिठसबसे कमजोर कर रहे हैं। बचà¥à¤šà¥‡ बीमार हो जाते हैं, वे वयसà¥à¤•ों की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में तेजी से खतरे में उनके जीवन डालता है, जो जलà¥à¤¦à¥€ से ऊरà¥à¤œà¤¾ और पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ खो देते हैं।
यह बचपन और हृदय रोग और वयसà¥à¤•ता में अनà¥à¤¯ रोगों में मधà¥à¤®à¥‡à¤¹ का कारण बन सकता है। कà¤à¥€-कà¤à¥€ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को ऊरà¥à¤œà¤¾ के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में उचà¥à¤š लेकिन इस तरह मीठा पेय या तला हà¥à¤†, सà¥à¤Ÿà¤¾à¤°à¥à¤š à¤à¥‹à¤œà¤¨ के रूप में अनà¥à¤¯ आवशà¥à¤¯à¤• पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ में अमीर नहीं हैं कि खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ की बड़ी मातà¥à¤°à¤¾ में खाते हैं। बचà¥à¤šà¥‡ के आहार की गà¥à¤£à¤µà¤¤à¥à¤¤à¤¾ में सà¥à¤§à¤¾à¤° लाने के à¤à¤¸à¥‡ मामलों में शारीरिक गतिविधि के अपने या अपने सà¥à¤¤à¤° में वृदà¥à¤§à¤¿ के साथ साथ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ है।
à¤à¤šà¤†à¤ˆà¤µà¥€ जैसे पà¥à¤°à¤¾à¤¨à¥‡ रोगों, के साथ बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¥€ अधिक अतिसंवेदनशील कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के लिठकर रहे हैं। उनके शरीर विटामिन, लोहा और अनà¥à¤¯ पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ को अवशोषित à¤à¤• कठिन समय है। विकलांग बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ वे की जरूरत है वे पोषण मिलता है सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ करने के लिठअतिरिकà¥à¤¤ धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देने की जरूरत हो सकती है।
सà¤à¥€ लड़कियों और लड़कों को वे अचà¥à¤›à¥€ तरह से à¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ आहार के साथ मनà¥à¤·à¥à¤¯ हैं सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ करते हà¥à¤ माता, पिता या अनà¥à¤¯ देखà¤à¤¾à¤² करने वालों के साथ à¤à¤• देखà¤à¤¾à¤² और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के माहौल का अधिकार है|
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में पोषण का महतà¥à¤µ
पोषण से बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की बढ़त अचà¥à¤›à¥€ होती है। और दिमाग का विकास होता हैं। सही पोषण से बीमारियों से लड़ने की शकà¥à¤¤à¤¿ मिलती है और बार-बार बीमार नहीं पड़ते। पोषण से ही बार-बार बीमार होने से बचा जा सकता है और कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के दायरे से मà¥à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¥€ पाई जा सकती है। सही पोषण से बीमारी नहीं होती, इसका असर à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के जीवन पर देखने को मिलता है, उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤•ता में बढ़ोतà¥à¤¤à¤°à¥€ होती है, बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की à¤à¤•ागà¥à¤°à¤¤à¤¾ बढ़ जाती है और पढ़ाई में मन लगता है। देश का बेहतर à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ होता है।
महिलाओं और किशोरियों में खून की कमी बड़ी चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€
à¤à¤¾à¤°à¤¤ में खून की कमी या à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ बहà¥à¤¤ आम बीमारी है। देश में 6 से 59 माह की आयॠवरà¥à¤— में हर दस में सात बचà¥à¤šà¥‡ 695 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ खून की कमी का शिकार हैं। इनमें से चालीस पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ मामूली तौर पर और तीन पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ गंà¤à¥€à¤° रूप से पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हैं। गà¥à¤°à¤¾à¤®à¥€à¤£ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में महिलाà¤à¤‚, यà¥à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ व बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पीड़ित हैं। à¤à¤¨à¤à¤«à¤à¤šà¤à¤¸ के दूसरे सरà¥à¤µà¥‡ से तीसरे सरà¥à¤µà¥‡ में à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ 74 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ से बढ़कर 79 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ पाया गया था। मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ की तसà¥à¤µà¥€à¤° इस मामले में और à¤à¥€ बदतर है। पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में 74 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ से गà¥à¤°à¤¸à¤¿à¤¤ हैं। पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• दस में से आठगरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ मांà¤à¤‚ खून की कमी से संघरà¥à¤· करती हैं। मां में खून की कमी का पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ उनकी संतान पर सीधे रूप से पड़ता है। सरà¥à¤µà¥‡ में पाया गया है कि जिन मांओं को à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ था उनमें से 544 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ शिशà¥à¤“ं में à¤à¥€ खून की कमी थी। मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ बिहार के बाद दूसरा राजà¥à¤¯ है जहां बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ है। किशोरी यà¥à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में à¤à¥€ यह à¤à¤• गंà¤à¥€à¤° बीमारी है, यहां हर दस में से छह यà¥à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ का शिकार हैं।
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£
देश में बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की आधी आबादी कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार है। 24 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ गंà¤à¥€à¤° कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार हैं। मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में हाल ही में राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ पोषण संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ हैदराबाद ने अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ किया है। इस अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ में पाया गया है कि मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में गà¥à¤°à¤¾à¤®à¥€à¤£ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में 519 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार हैं। à¤à¤¨à¤à¤«à¤à¤šà¤à¤¸ के तीसरे सरà¥à¤µà¥‡ के मà¥à¤•ाबले यहां लगà¤à¤— दस पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ कम पाया गया हैं। यह à¤à¤• सà¥à¤–द संकेत हो सकता है, लेकिन à¤à¤• चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ à¤à¥€ है, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में आधे से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ बचà¥à¤šà¥‡ अब à¤à¥€ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के संकट में अपनी जिंदगी से संघरà¥à¤· कर रहे हैं। इसके लिठजरूरी है कि उनके पोषण और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ पर सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ दिया जाà¤à¥¤
कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ की पहचान
कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ के पà¥à¤°à¤•ार और मपà¥à¤° में हालात कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ की तीन तरीकों से पहचान हो सकती है। राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ पोषण संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ के ताजा अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• मधà¥à¤¯à¤ªà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में 519 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ अंडरवेट, 489 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ सà¥à¤Ÿà¤‚टिंग और 258 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ बचà¥à¤šà¥‡ वासà¥à¤Ÿà¤¿à¤‚ग शà¥à¤°à¥‡à¤£à¥€ में आ रहे हैं।
मानव अधिकारों पर संयà¥à¤•à¥à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤° की सरà¥à¤µà¤µà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥€ घोषणा कहती है, ''हरेक को अपने व अपने परिवार की à¤à¤²à¤¾à¤ˆ व सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ हेतॠà¤à¤¸à¥‡ परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ जीवन-सà¥à¤¤à¤° का अधिकार है जिसमें रोटी, कपड़ा, मकान व सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ सेवा व आवशà¥à¤¯à¤• सामाजिक सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤à¤‚ शामिल हैं
बाल-अधिकारों पर संयà¥à¤•à¥à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤° पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤œà¥à¤žà¤¾-पतà¥à¤° का अधिनियम 24 पोषण-समà¥à¤¬à¤‚धी बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के अधिकार की साफ तौर पर वà¥à¤¯à¤¾à¤–à¥à¤¯à¤¾ करता है। यह पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤œà¥à¤žà¤¾-पतà¥à¤° कहता है, ''सारे गवाह राजà¥à¤¯ इस अधिकार के पूरà¥à¤£ कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾à¤¨à¥à¤µà¤¯à¤¨ हेतॠजतनऔर खास तौर पर इस बाबत उपयà¥à¤•à¥à¤¤ कदम उठाà¤à¤‚ , रोग à¤à¤µà¤‚ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ से निपटने के लिठपà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤• सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ ढांचे के तहत अनà¥à¤¯ बातों के साथ-साथ तà¥à¤°à¤¨à¥à¤¤ उपलबà¥à¤§ टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— व परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार व पीने का साफ पानी कराना ।
अंडरवेट ( कम वजन )
इसको आयॠके हिसाब से कम वजन होने के नजरिठसे देखा जाता है। यह सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पाया जाने वाला कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ है। उमà¥à¤° के हिसाब से वजन कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ मापने का à¤à¤• सामानà¥à¤¯ मापदंड है, लेकिन इसमें उंचाई को शामिल नहीं किया जाता है।
सà¥à¤Ÿà¤‚टिंग ( उंचाई के अनà¥à¤ªà¤¾à¤¤ में कम वजन )
इसे उमà¥à¤° के हिसाब से उंचाई के मान से परिà¤à¤¾à¤·à¤¿à¤¤ किया जाता है। यह मानक किसी à¤à¥€ शिशॠके पूरà¥à¤µ में पोषण को पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¬à¤¿à¤®à¥à¤¬à¤¿à¤¤ करता है।
वासà¥à¤Ÿà¤¿à¤‚ग ( उंचाई के अनà¥à¤ªà¤¾à¤¤ में कम वजन )
इस मानक का मतलब यह है कि उंचाई के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• वजन कितना है। वासà¥à¤Ÿà¤¿à¤‚ग को बचà¥à¤šà¥‡ की उमà¥à¤° जाने बिना उसके वजन के मान से समà¤à¤¾ जाता है।
शिशà¥à¤“ं की जरूरतें कà¥à¤¯à¤¾ है ?
सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ शिशॠका सरà¥à¤µà¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® पोषण है। विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ का मानना है कि जनà¥à¤® के 1 घंटे के à¤à¥€à¤¤à¤° सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ की शà¥à¤°à¥‚आत शिशॠके पूरे जीवन के लिठबà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦ का काम करती है। इसी तरह छह माह की उमà¥à¤° तक à¤à¤•à¥à¤¸à¤•à¥à¤²à¥‚सिव सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बचà¥à¤šà¥‡ को कई बीमारियों से बचाने का काम करता है। बहरहाल इस दिशा में काम करने की बेहद जरूरत है। राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ पोषण संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ के सरà¥à¤µà¥‡ में à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में संसà¥à¤¥à¤¾à¤—त पà¥à¤°à¤¸à¤µ को बढ़ाने की दिशा में उलà¥à¤²à¥‡à¤–नीय काम हà¥à¤† है और अब यहां लगà¤à¤— 78 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ पà¥à¤°à¤¸à¤µ सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संसà¥à¤¥à¤¾à¤“ं में हो रहे हैं, लेकिन जनà¥à¤® के पहले घंटे में सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ का पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ केवल 264 है। यह अब à¤à¥€ चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ बना हà¥à¤† है। इस दिशा में वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• जनचेतना की आवशà¥à¤¯à¤•ता है।
शिशà¥à¤“ं की पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के कà¥à¤¯à¤¾ मायने हैं?
1 शिशॠऔर छोटे बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के à¤à¥‹à¤œà¤¨ के संदरà¥à¤ में कौशलपूरà¥à¤£ सहायता और सलाह का दिया जाना।
2 बचà¥à¤šà¥‡ के जनà¥à¤® के 6 माह बाद तक माता को आरà¥à¤¥à¤¿à¤• और पोषण सहायता दिया जाना।
3 समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ और कारà¥à¤¯à¤¸à¥à¤¥à¤² पर समसà¥à¤¤ सेवाओं और सामगà¥à¤°à¥€ सहित à¤à¥‚लाघर ।
पोषण सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के लिठनीतिगत वà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾à¤à¤‚
यदि ऊपरी आहार जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ तरल à¤à¤µà¤‚ कम पोषकता वाले होते हैं, तो बचà¥à¤šà¤¾ कमजोर हो सकता है।
बचà¥à¤šà¥‡ को बीमारी का खतरा बढ़ जाà¤à¤—ा। समय के पूरà¥à¤µ ऊपरी आहार कम सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ à¤à¤µà¤‚ पचने में आसान नहीं होता है।
माता के पà¥à¤¨: गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने के अवसर बढ़ जाते हैं।
ऊपरी आहार कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ ?
6 माह की उमà¥à¤° तक मां के दूध से आवशà¥à¤¯à¤• ऊरà¥à¤œà¤¾ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ होती है।
6 माह के बाद मां के दूध के अलावा अतिरिकà¥à¤¤ ऊरà¥à¤œà¤¾ की आवशà¥à¤¯à¤•ता बचà¥à¤šà¥‡ को होती है।
इस तरह 6 महीने के बाद बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को मां के दूध के साथ ऊपरी आहार देना आवशà¥à¤¯à¤• होता है। इस उमà¥à¤° में बचà¥à¤šà¥‡ की पाचन संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ à¤à¥‹à¤œà¤¨ पचाने के लिठà¤à¥€ तैयार हो जाता है।
ऊपरी आहार कैसा हो ?
बचà¥à¤šà¥‡ को दिया जाने वाला ऊपरी आहार सà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥€à¤¯ उपलबà¥à¤§ खादà¥à¤¯ सामगà¥à¤°à¥€ में से होना चाहिà¤à¥¤ इसमें कम से कम निमà¥à¤¨à¤¾à¤¨à¥à¤¸à¤¾à¤° à¤à¥‹à¤œà¤¨ शामिल करने की कोशिश की जानी चाहिठ–
अनाज जैसे चावल, गेहूं, मकà¥à¤•ा, बाजरा।
सà¥à¤Ÿà¤¾à¤°à¥à¤š यà¥à¤•à¥à¤¤ सबà¥à¤œà¥€ जैसे आलू, शकरकंद आदि और सà¥à¤Ÿà¤¾à¤°à¥à¤š यà¥à¤•à¥à¤¤ फल जैसे केला आदि।
ऊपरी आहार सफाई से पकाया, परोसा à¤à¤µà¤‚ खिलाया जाना चाहिà¤à¥¤
इसमें à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š घी या तेल अवशà¥à¤¯ मिलना चाहिà¤à¥¤
पà¥à¤°à¤¾à¤¯: ऊपरी आहार तरल करके बचà¥à¤šà¥‡ को दिया जाता है, à¤à¤¸à¤¾ माना जाता है कि गाढ़ा à¤à¥‹à¤œà¤¨ बचà¥à¤šà¥‡ के गले में फसेगा तथा अपच करेगा, इससे उसमें पानी आदि मिलाकर उसे पतला कर दिया जाता है। यह जरूरी है कि बचà¥à¤šà¥‡ की मां को उसे देने वाले à¤à¥‹à¤œà¤¨ के गाढ़ेपन की जानकारी दी जाà¤à¥¤ à¤à¥‹à¤œà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ इतना गाढ़ा होना चाहिà¤, जो की चमà¥à¤®à¤š तिरछी करने पर धीरे-धीरे टपके। इतना पतला न हो कि तà¥à¤°à¤¨à¥à¤¤ ही बह जाठया इतना गाढ़ा न हो की चमà¥à¤®à¤š तिरछी करने पर गिरे ही न।
बचà¥à¤šà¥‡ को खाना देने की मातà¥à¤°à¤¾
7 वें माह से की अवधि में
नरम दाल - दलिया, दाल - चावल, दाल - रोटी मसलकर अरà¥à¤§ ठोस (चमà¥à¤®à¤š से गिराने पर सरके, बहे नही), खूब मसले साग à¤à¤µà¤‚ फल, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ दो बार तथा मातà¥à¤°à¤¾à¥¤ 2 - 3 à¤à¤°à¥‡ हà¥à¤ चाय के चमà¥à¤®à¤š दें। सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ जारी रखें। वनसà¥à¤ªà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤, अनाज, दालें à¤à¤µà¤‚ फलों के साथ मांस, मछली à¤à¤µà¤‚ अणà¥à¤¡à¤¾ यदि खाते हैं तो अव6य शामिल करें तथा नियमित सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ à¤à¥€ जारी रखें।
8-9 वें माह से की अवधि में
नरम दाल - दलिया, दाल - चावल, दाल - रोटी, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ धीरे - धीरे मातà¥à¤°à¤¾ बढ़ाते हà¥à¤ नियमित सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ के साथ 2-3 बार चमà¥à¤®à¤š से 250 मिली0 या पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ में 35 कप अव6य शामिल करें à¤à¤µà¤‚ टà¥à¤•डों में फल à¤à¥€ अवशà¥à¤¯ दें।दूध, दूध से बने पदारà¥à¤¥, अनाज, दालें à¤à¤µà¤‚ फलों के साथ मांस, मछली à¤à¤µà¤‚ अणà¥à¤¡à¤¾ यदि खाते हैं तो अवशà¥à¤¯ शामिल करें तथा नियमित सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ à¤à¥€ जारी रखें।
9-11 माह से की अवधि में
नरम दाल - दलिया, दाल - चावल, दाल - रोटी, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ धीरे - धीरे मातà¥à¤°à¤¾ बढ़ाते हà¥à¤ अचà¥à¤›à¥€ तरह कटे हà¥à¤ फल à¤à¤µà¤‚ बिना मसला आहार हà¥à¤† दिन में तीन बार दें तथा नियमित सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ जारी रखें। à¤à¤• बार में 250 मिली0 का कप à¤à¤°à¤•र आहार बचà¥à¤šà¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ में गà¥à¤°à¤¹à¤£ करें।
12 माह - 5 वरà¥à¤· की अवधि में
घर पर पका पूरा खाना, धà¥à¤²à¥‡ à¤à¤µà¤‚ कटे फल, 3 à¤à¥‹à¤œà¤¨ तथा 2 नाशà¥à¤¤à¥‡ के रूप में दें, à¤à¤• बार में 250 मिली0 का कप à¤à¤°à¤•र आहार बचà¥à¤šà¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ में गà¥à¤°à¤¹à¤£ करें। सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ के बीच में आहार देना चाहिà¤, नियमित सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ जारी रखें।
6 माह तक जब बचà¥à¤šà¤¾ सिरà¥à¤« मॉ का दूध पीता है, तब कि उसे किसी à¤à¥€ à¤à¥‹à¤œà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ की आवशà¥à¤¯à¤•ता नहीं होती है, परनà¥à¤¤à¥ जब उसे ऊपरी आहार दिया जाता है, तब पेय पदारà¥à¤¥ देना आवशà¥à¤¯à¤• होता है।
पेय पदारà¥à¤¥ की मातà¥à¤°à¤¾ बचà¥à¤šà¥‡ को दिठगठà¤à¥‹à¤œà¤¨ के गाढ़ेपन à¤à¤µà¤‚ मां के दूध पर निरà¥à¤à¤° करेगी।
यदि बचà¥à¤šà¤¾ बार-बार हलà¥à¤•े पीले रंग की पेशाब करता है, तो उसे परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पेय पदारà¥à¤¥ दिठजा रहे हैं। यदि कम तथा गहरे रंग की पेशाब करता है, तब उसे अधिक पेय पदारà¥à¤¥ देने की आवशà¥à¤¯à¤•ता है।
बचà¥à¤šà¥‡ को दसà¥à¤¤ लगने या बà¥à¤–ार आने पर उसे अधिक बार पेय पदारà¥à¤¥ देने चाहिà¤à¥¤
पानी के अलावा फलों के रस à¤à¥€ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को दिठजा सकते हैं, परनà¥à¤¤à¥ बचà¥à¤šà¥‡ के दांतों की सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के लिठयह रस पानी मिलाकर पतले दिठजाने चाहिà¤à¥¤ रस इतना नहीं देना चाहिठबचà¥à¤šà¤¾ अनà¥à¤¯ à¤à¥‹à¤œà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ न खा सके।
चाय या कॉफी बचà¥à¤šà¥‡ के आयरन के अवशोषण को कम करता है।
कोई à¤à¥€ पेय पदारà¥à¤¥ शà¥à¤¦à¥à¤§ और साफ होना चाहिà¤à¥¤ पानी उबला हà¥à¤† तथा ढककर साफ बरà¥à¤¤à¤¨ में रखना चाहिà¤à¥¤ पानी निकालते वकà¥à¤¤ उसमें हाथ नहीं डालना चाहिà¤à¥¤
à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ कà¥à¤¯à¤¾ है?
नई रकà¥à¤¤ कोशिकाओं के निरà¥à¤®à¤¾à¤£ हेतॠजरूरी à¤à¤• या à¤à¤• से अधिक पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की कमी से रकà¥à¤¤ में हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° सामानà¥à¤¯ से कम होना। किशोरी बालिकाओं में हीमोगà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤¿à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° 12 गà¥à¤°à¤¾à¤®100 à¤à¤®à¤à¤² से कम होने पर à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ कहलाता है।
à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के लकà¥à¤·à¤£
जो वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ से पीड़ित होता है उसकी जीà¤, आंखों व नाखà¥à¤¨à¥‹à¤‚ का रंग फीका दिखाई देने लगता है। उसके पैरों में सूजन होती है। साà¤à¤¸ फूलना और थकान महसूस होने लगती है। सा काम करने पर कमजोरी महसूस होती है।
à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के कारण
à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ मà¥à¤–à¥à¤¯à¤¤: à¤à¥‹à¤œà¤¨ में आयरन या लौह ततà¥à¤µ की कमी होने के कारण होता है। किसी वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को बार-बार मलेरिया हो तब à¤à¥€ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ का शिकार हो सकता है। यà¥à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ और महिलाओं में माहवारी के दौरान अधिक खून बहना à¤à¥€ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ का à¤à¤• कारण है। परजीविक कारण और काम के हिसाब से पोषण की कमी à¤à¥€ à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के रूप में सामने आती है। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ मà¥à¤–à¥à¤¯à¤¤: मां से ही मिलता है।
किशोरावसà¥à¤¥à¤¾ में à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के दà¥à¤·à¥à¤ªà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ
किशोरावसà¥à¤¥à¤¾ में à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ होने के दà¥à¤·à¥à¤ªà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के पूरे जीवन में दिखाई पड़ता है। इससे कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ पर दà¥à¤·à¥à¤ªà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ता है। à¤à¥‚ख कम होने लगती है और सही पोषण नहीं मिलने से आयॠके अनà¥à¤¸à¤¾à¤° शारीरिक वृदà¥à¤§à¤¿ नहीं हो पाती है। यà¥à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ आगे जाकर उनकी गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ को à¤à¥€ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करता है और वह असà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ मातृतà¥à¤µ के दौर से गà¥à¤œà¤°à¤¤à¥€ है। यही कारण है कि यहां पर उचà¥à¤š मातृतà¥à¤µ मृतà¥à¤¯à¥ दर है। उनके बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¥€ कम वनज के पैदा होते है, और कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार हो जाते हैं।
आयरन की कमी से होने वाले à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ के नियंतà¥à¤°à¤£ के तरीके
à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ से बचने का सबसे आसान और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ तरीका यह है कि à¤à¥‹à¤œà¤¨ में संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार की मातà¥à¤°à¤¾ बढ़ाई जाà¤à¥¤ आहार की गà¥à¤£à¤µà¤¤à¥à¤¤à¤¾ और पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ता को बढ़ाकर ही à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ से सà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¥€ रूप से मà¥à¤•à¥à¤¤à¤¿ पाई जा सकती है। इसके साथ ही मलेरिया से बचाव करके और सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ में à¤à¤• बार आयरन की गोली लेना à¤à¥€ फायदेमंद साबित हो सकता हैं कई चीजें à¤à¤¸à¥€ à¤à¥€ होती है जो à¤à¥‹à¤œà¤¨ में लौहततà¥à¤µ के अà¤à¤¿à¤¶à¥‹à¤·à¤£ को अवरूदà¥à¤§ कर देती हैं। à¤à¤¸à¥‡ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ से बचने की जरूरत है। आयरन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार जैसे बाजारा, खजूर, गà¥à¤¡à¤¼, अंकà¥à¤°à¤¿à¤¤ दालें, हरी पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ (जैसे पालक, मैथी, बथà¥à¤†) अणà¥à¤¡à¤¾, माà¤à¤¸, मछली इतà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¿ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ करना होगा। विटामिन ''सी'' यà¥à¤•à¥à¤¤ खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ जैस- नींबू, आंवला, संतरा, अमरूद आदि लेने से आयरन के अवशोषण की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ जाती है। लोहे की कढ़ाई में खाना बनाने की सलाह à¤à¥€ विशेष जà¥à¤žà¥‹à¤‚ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ दी जाती है। आयरन टेबलेट लेने के कà¥à¤› समय बाद कà¥à¤› मिचली अथवा काले रंग के दसà¥à¤¤ होने की शिकायत हो सकती है। लेकिन à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में à¤à¥€ इन गोलियों का उपयोग बंद नहीं करना चाहिà¤à¥¤
इस के सरà¥à¤µà¥‡à¤‚ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में 78 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ किशोरियों को आयरन फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ की टेबलेट मिल पा रही है। यानी लगà¤à¤— 22 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ महिला और किशोरियोें को यह किसी à¤à¥€ रूप में नहीं मिल रही है। बड़ी चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ यह है कि कैसे हम सà¤à¥€ लोगों तक आयà¤à¤«à¤ टेबलेट पहà¥à¤‚चा सकें।
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