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जानें निमोनिया की बीमारी कà¥à¤¯à¤¾ है, इसके लकà¥à¤·à¤£, कारण, बचाव और इलाज
निमोनिया à¤à¤• आम संकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• बीमारी है, जो à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ से दूसरे में आसानी से फैल सकती है. जानिठनिमोनिया कà¥à¤¯à¤¾ है, इसके लकà¥à¤·à¤£, कारण और इलाज कैसे होता है.
जानिठनिमोनिया के लकà¥à¤·à¤£, कारण और इलाज
Pneumonia: बात निमोनिया की हो तो सबसे पहला पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ निमोनिया कà¥à¤¯à¤¾ होता है (What is pneumonia?) ही होगा. निमोनिया फेफड़ों से जà¥à¤¡à¤¼à¤¾ à¤à¤• संकà¥à¤°à¤®à¤£ यानी इंफेकà¥à¤¶à¤¨ है. यह दोनों फेफड़ों में à¤à¥€ हो सकता है और à¤à¤• में à¤à¥€. निमोनिया के लिठबैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾, वायरस और फंगी à¤à¥€ जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤° हो सकते हैं. फेफड़ों में संकà¥à¤°à¤®à¤£ की वजह से फेफड़ों में हवा के लिठबने पॉकेटà¥à¤¸ में सूजन आ जाती है. इन à¤à¤¯à¤° पॉकेटà¥à¤¸ को à¤à¤²à¤µà¤¿à¤“ली कहा जाता है और इनमें फà¥à¤²à¥‚इड या पस à¤à¤° जाता है, जिसकी वजह से सांस लेना मà¥à¤¶à¥à¤•िल हो सकता है.
निमोनिया à¤à¤²à¥‡ ही वायरल हो या बैकà¥à¤Ÿà¤¿à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ की वजह से यह बहà¥à¤¤ ही संकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• होता है. इसका मतलब है कि निमोनिया के मरीज के के छींकने या खांसने पर जो बूंदें हवा में चली जाती हैं वह किसी अनà¥à¤¯ सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को à¤à¥€ निमोनिया का संकà¥à¤°à¤®à¤£ दे सकती हैं. यही नहीं संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ मरीज का बॉडी फà¥à¤²à¥‚इड यदि जमीन पर गिर जाता है और कोई अनà¥à¤¯ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ उसके संपरà¥à¤• में आता है तो उसे à¤à¥€ निमोनिया हो सकता है. हालांकि फंगल निमोनिया à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ से दूसरे में नहीं फैलता.
निमोनिया के पà¥à¤°à¤•ार
निमोनिया को à¤à¥€ चार अलग-अलग à¤à¤¾à¤—ों में बांटा जाता है. यह निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤£ निमोनिया के कारण और वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ कैसे संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ हà¥à¤†, इन बातों पर निरà¥à¤à¤° करता है.
हॉसà¥à¤ªà¤¿à¤Ÿà¤² à¤à¤•à¥à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¥à¤¡ निमोनिया (HAP) जब किसी वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को हॉसà¥à¤ªà¤¿à¤Ÿà¤² में रहने के दौरान निमोनिया का संकà¥à¤°à¤®à¤£ होता है तो इस पà¥à¤°à¤•ार के निमोनिया को हॉसà¥à¤ªà¤¿à¤Ÿà¤² à¤à¤•à¥à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¥à¤¡ निमोनिया (HAP) कहते हैं. इस तरह का निमोनिया संकà¥à¤°à¤®à¤£ अनà¥à¤¯ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ गंà¤à¥€à¤° हो सकता है, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि हॉसà¥à¤ªà¤¿à¤Ÿà¤² में मौजूद बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤‚टीबायोटिकà¥à¤¸ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ रजिसà¥à¤Ÿà¥‡à¤‚स दिखा सकता है.
कमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ à¤à¤•à¥à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¥à¤¡ निमोनिया (CAP) जब कोई वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ किसी मेडिकल या संसà¥à¤¥à¤¾à¤—त सेटिंग के बाहर निमोनिया से गà¥à¤°à¤¸à¤¿à¤¤ होता है तो à¤à¤¸à¥‡ निमोनिया को कमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ à¤à¤•à¥à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¥à¤¡ निमोनिया (CAP) कहा जाता है.
वेंटिलेटर à¤à¤¸à¥‹à¤¸à¤¿à¤à¤Ÿà¤¿à¤¡ निमोनिया (VAP) किसी à¤à¥€ अनà¥à¤¯ बीमारी से गंà¤à¥€à¤° रूप से गà¥à¤°à¤¸à¤¿à¤¤ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को वेंटिलेटर पर रखा जाता है और इस दौरान उसे वेंटिलेटर के कारण निमोनिया हो जाता है तो इसे वेंटिलेटर à¤à¤¸à¥‹à¤¸à¤¿à¤à¤¡à¤¿à¤Ÿ निमोनिया (VAP) कहा जाता है.
à¤à¤¸à¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ निमोनिया à¤à¥‹à¤œà¤¨, किसी डà¥à¤°à¤¿à¤‚क या सलाइवा से जब बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ किसी वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की सांसों में चला जाता है, तो इसे à¤à¤¸à¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ निमोनिया कहा जाता है. अगर आपको निगलने में समसà¥à¤¯à¤¾ है तो आपको इस तरह का निमोनिया हो सकता है. अगर आप दवा, शराब या अनà¥à¤¯ पà¥à¤°à¤•ार के डà¥à¤°à¤—à¥à¤¸ के पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ में जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ रहते हैं तो आपको इस तरह का निमोनिया हो सकता है.
निमोनिया के लकà¥à¤·à¤£ कà¥à¤¯à¤¾ होते हैं?
निमोनिया à¤à¤• गंà¤à¥€à¤° संकà¥à¤°à¤®à¤£ है, जो फेफड़ों को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करता है. इसके लकà¥à¤·à¤£ मामूली à¤à¥€ हो सकते हैं और कई बार इसके लकà¥à¤·à¤£ पà¥à¤°à¤¾à¤£à¤˜à¤¾à¤¤à¤• à¤à¥€ साबित हो सकते हैं. निमोनिया के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में शामिल हैं –
खांसी के साथ बलगम आना (coughing that may produce phlegm)
बà¥à¤–ार
पसीना आना या ठंड लगना (sweating or chills)
साधारण गतिविधि करने या आराम के दौरान à¤à¥€ सांस लेने में तकलीफ होना
छाती में दरà¥à¤¦ होना और खांसी या सांस लेने में दरà¥à¤¦ बढ़ना
थकावट महसूस होना
à¤à¥‚ख न लगना
उलटी या मितली
सिरदरà¥à¤¦
उमà¥à¤° और वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ के सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° कà¥à¤› अनà¥à¤¯ लकà¥à¤·à¤£ à¤à¥€ दिख सकते हैं –
हो सकता है बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में निमोनिया के कोई लकà¥à¤·à¤£ न दिखें
कई बार बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को उलà¥à¤Ÿà¥€, ऊरà¥à¤œà¤¾ की कमी और खाने-पीने में दिकà¥à¤•त हो सकती है
पांच साल से कम उमà¥à¤° के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में तेज सांस लेना और सांस के दौरान घरघराहट की आवाज आना à¤à¥€ लकà¥à¤·à¤£ है
बà¥à¤œà¥à¤°à¥à¤—ों में निमोनिया के हलà¥à¤•े लकà¥à¤·à¤£ दिख सकते हैं
बà¥à¤œà¥à¤°à¥à¤—ों में à¤à¥à¤°à¤® और शरीर का तापमान सामानà¥à¤¯ से कम रह सकता है
निमोनिया के कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ होता है?
जब रोगजनक आपके फेफड़ों में पहà¥à¤‚च जाते हैं और वहां संकà¥à¤°à¤®à¤£ फैलाते हैं तो उस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को निमोनिया कहा जाता है. हमारे शरीर की रोग पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§à¤• कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ इस इंफेकà¥à¤¶à¤¨ से लड़ने की कोशिश करती है और इस कोशिश में फेफड़ों में हवा के लिठबनी थैलिया यानी à¤à¤²à¤µà¤¿à¤“ली में सूजन आ जाती है. इस सूजन की वजह से फेफड़ों में हवा के लिठबनी थैलियों में फà¥à¤²à¥‚इड और पस à¤à¤° जाता है, जो निमोनिया के लकà¥à¤·à¤£ पैदा करता है. बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾, वायरस और फंगी सहित कई पà¥à¤°à¤•ार के संकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• à¤à¤œà¥‡à¤‚टों की वजह से निमोनिया हो सकता है.
बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² निमोनिया : बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² निमोनिया का सबसे आम कारण सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤ªà¥à¤Ÿà¥‹à¤•ोकस नà¥à¤¯à¥‚मोनिया है. इसके अनà¥à¤¯ कारणों में
माइकोपà¥à¤²à¤¾à¤œà¥à¤®à¤¾ नà¥à¤¯à¥‚मोनिया (Mycoplasma pneumoniae)
हेमोफिलस इनà¥à¤«à¥à¤²à¥à¤à¤‚जा (Haemophilus influenzae)
लेजिओनेला नà¥à¤¯à¥‚मोफिला (Legionella pneumophila)
वायरल निमोनिया : शà¥à¤µà¤¸à¤¨ संबंधी वायरसों की वजह से à¤à¥€ अकà¥à¤¸à¤° निमोनिया होता है. निमà¥à¤¨ वायरल संकà¥à¤°à¤®à¤£ की वजह से निमोनिया हो सकता है –
इनफà¥à¤²à¥‚à¤à¤‚जा (flu)
रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ सिंकाइटियल वायरस (RSV)
राइनोवायरस (सामानà¥à¤¯ सरà¥à¤¦à¥€-जà¥à¤•ाम)
हà¥à¤¯à¥‚मन पैरैनफà¥à¤²à¥à¤à¤‚जा वायरस (à¤à¤šà¤ªà¥€à¤†à¤ˆà¤µà¥€) संकà¥à¤°à¤®à¤£
हà¥à¤¯à¥‚मन मेटानà¥à¤¯à¥‚मोवायरस (à¤à¤šà¤à¤®à¤ªà¥€à¤µà¥€) संकà¥à¤°à¤®à¤£
खसरा (measles)
चिनकपॉकà¥à¤¸ (वैरिसेला-जोसà¥à¤Ÿà¤° वायरस)
à¤à¤¡à¥‡à¤¨à¥‹à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¤¸ संकà¥à¤°à¤®à¤£ (adenovirus infection)
कोरोनावाइरस संकà¥à¤°à¤®à¤£ (coronavirus infection)
SARS-CoV-2 इंफेकà¥à¤¶à¤¨ (COVID-19 का कारण बनने वाला वायरस)
वायरल और बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² निमोनिया के लकà¥à¤·à¤£ à¤à¤• जैसे ही होते हैं. हालांकि, वायरल निमोनिया गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ के मामले में हलà¥à¤•ा होता है. बिना किसी इलाज के à¤à¥€ वायरल निमोनिया से पीड़ित मरीज को लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में आराम मिलता है. बता दें कि जिन लोगों को वायरल निमोनिया होता है, उनमें बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² निमोनिया का à¤à¥€ खतरा होता है.
फंगल निमोनिया : मिटà¥à¤Ÿà¥€ में पाठजाने वाले कवक (फंगी) या चिड़िया की बीट (Bird Droppings) से à¤à¥€ निमोनिया हो सकता है. कमजोर इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ वाले लोगों में इस पà¥à¤°à¤•ार का निमोनिया जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होता है. निमà¥à¤¨ कà¥à¤› पà¥à¤°à¤•ार के कवक आपको फंगी निमोनिया दे सकते हैं.
नà¥à¤¯à¥‚मोसिसà¥à¤Ÿà¤¿à¤¸ जीरोवेसी (Pneumocystis jirovecii)
कà¥à¤°à¤¿à¤ªà¥à¤Ÿà¥‹à¤•ोकस पà¥à¤°à¤œà¤¾à¤¤à¤¿ (Cryptococcus species)
हिसà¥à¤Ÿà¥‹à¤ªà¥à¤²à¤¾à¤œà¥à¤®à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ पà¥à¤°à¤œà¤¾à¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ (Histoplasmosis species)
निमोनिया का निदान कैसे होता है?
जब आप डॉकà¥à¤Ÿà¤° के पास जाते हैं तो वह सबसे पहले आपकी मेडिकल हिसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€ के बारे में जानकारी जà¥à¤Ÿà¤¾à¤¤à¥‡ हैं. इस दौरान वह आपसे पूछ सकते हैं कि आपको निमोनिया का पहला लकà¥à¤·à¤£ कब महसूस हà¥à¤†. इसके बाद वह आपकी शारीरिक जांच करेंगे. इसके तहत वह सà¥à¤Ÿà¥‡à¤¥à¥‹à¤¸à¥à¤•ोप के जरिठआपके फेफड़ों को सà¥à¤¨à¥‡à¤‚गे और जानेंगे कि कहीं कोई असाधारण अवाज तो नहीं आ रही. आपके लकà¥à¤·à¤£ कितने गंà¤à¥€à¤° हैं उसके आधार पर डॉकà¥à¤Ÿà¤° निमà¥à¤¨ में से कोई à¤à¤• या à¤à¤• से अधिक टेसà¥à¤Ÿ कराने की सलाह दे सकते हैं.
छाती का à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¥‡ à¤à¤•à¥à¤¸-रे की मदद से डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपकी छाती में सूजन के लकà¥à¤·à¤£ देखते हैं. अगर सूजन है तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° को उसकी जगह की à¤à¥€ सही-सही जानकारी à¤à¤•à¥à¤¸-रे से मिल जाà¤à¤—ी.
बà¥à¤²à¤¡ कलà¥à¤šà¤° इस टेसà¥à¤Ÿ के लिठआपके रकà¥à¤¤ की आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है जो किसी तरह के संकà¥à¤°à¤®à¤£ के बारे में जानकारी देता है. बà¥à¤²à¤¡ कलà¥à¤šà¤° के जरिठइंफेकà¥à¤¶à¤¨ का कारण à¤à¥€ पता चल सकता है.
सà¥à¤ªà¥à¤Ÿà¤® कलà¥à¤šà¤° इस टेसà¥à¤Ÿ के लिठआपके बलगम की आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है. लैब में आपके बलगम की जांच करके पता लगाया जाता है कि सूजन का कारण कà¥à¤¯à¤¾ है.
पलà¥à¤¸ ऑकà¥à¤¸à¥€à¤®à¥€à¤Ÿà¥à¤°à¥€ पलà¥à¤¸ ऑकà¥à¤¸à¥€à¤®à¥€à¤Ÿà¤° से आपके रकà¥à¤¤ में ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ की मातà¥à¤°à¤¾ का पता लगाया जाता है. आपकी उंगली पर पलà¥à¤¸ ऑकà¥à¤¸à¥€à¤®à¥€à¤Ÿà¤° लगाकर पता लगाया जाता है कि आपके फेफड़े बà¥à¤²à¤¡ सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤® में उचित मातà¥à¤°à¤¾ में ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ à¤à¥‡à¤œ रहे हैं या नहीं.
सीटी सà¥à¤•ैन सीटी सà¥à¤•ैन के जरिठआपके फेफड़ों की साफ और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ डिटेलयà¥à¤•à¥à¤¤ तसà¥à¤µà¥€à¤° ली जाती है.
फà¥à¤²à¥‚इड सैंपल अगर आपके डॉकà¥à¤Ÿà¤°à¥‹à¤‚ को लगता है कि छाती के पà¥à¤²à¥‚रल सà¥à¤ªà¥‡à¤¸ में पानी जमा हो गया है तो वह सà¥à¤ˆ की मदद से इस फà¥à¤²à¥‚इड का सैंपल लेते हैं. इससे संकà¥à¤°à¤®à¤£ के कारम का पता लगाने में मदद मिल सकती है.
बà¥à¤°à¥‰à¤¨à¥à¤•ोसà¥à¤•ोपी बà¥à¤°à¥‰à¤¨à¥à¤•ोसà¥à¤•ोपी की मदद से फेफड़ों के वायà¥à¤®à¤¾à¤°à¥à¤—ों की जांच होती है. इसके लिठà¤à¤• फà¥à¤²à¥‡à¤•à¥à¤¸à¤¿à¤¬à¤² टà¥à¤¬à¥‚य के सिरे पर कैमरा लगाकर उसे धीरे-धीरे गले के जरिठफेफड़ों तक पहà¥à¤‚चाकर जांच की जाती है.
निमोनिया का इलाज कà¥à¤¯à¤¾ है?
निमोनिया का इलाज इसके पà¥à¤°à¤•ार, आपकी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ गी गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ और आपकी ओवरऑल हेलà¥à¤¥ के आधार पर तय होता है. डॉकà¥à¤Ÿà¤° निमोनिया के इलाज के लिठनिमà¥à¤¨ पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥€à¤œà¤° को अपनाते हैं.
डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको निमोनिया के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ से निजात दिलाने के लिठदवाà¤à¤‚ दे सकते हैं. यह दवाà¤à¤‚ निमोनिया के पà¥à¤°à¤•ार और कारण के साथ ही उसकी गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ पर निरà¥à¤à¤° करती हैं. बता दें कि à¤à¤‚टीबायोटिक दवाà¤à¤‚ खाने से बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤² निमोनिया के जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° मरीजों का सफलतापूरà¥à¤µà¤• इलाज किया जा सकता है. à¤à¤²à¥‡ ही आपको लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में आराम मिल गया हो, इसके बावजूद आपको à¤à¤‚टीबायोटिक का कोरà¥à¤¸ पूरा करना चाहिà¤. à¤à¤¸à¤¾ नहीं करने पर इंफेकà¥à¤¶à¤¨ पूरी तरह से खतà¥à¤® नहीं होगा और आगे निमोनिया का इलाज और मà¥à¤¶à¥à¤•िल हो सकता है.
à¤à¤‚टीबायोटिक दवाà¤à¤‚ वायरस पर असर नहीं करती हैं. कà¥à¤› मामलों में डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको à¤à¤‚टीवायरल दवाà¤à¤‚ लेने को कह सकते हैं. हालांकि, à¤à¤¸à¥‡ à¤à¥€ बहà¥à¤¤ से मामले देखने को मिलते हैं जब वायरल निमोनिया कà¥à¤› दिन के घरेलू इलाज के बाद अपने आप ठीक हो जाते हैं. फंगल निमोनिया के इलाज के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° à¤à¤‚टीफंगल दवाà¤à¤‚ खाने को देते हैं. संकà¥à¤°à¤®à¤£ को दूर करने के लिठआपको कई हफà¥à¤¤à¥‹à¤‚ तक दवाà¤à¤‚ खानी पड़ सकती हैं. डॉकà¥à¤Ÿà¤° खासी में राहत देने के लिठआपको कफ सिरप का à¤à¥€ सà¥à¤à¤¾à¤µ दे सकते हैं. खांसने के दौरान निकलने वाले बलगम के साथ आपके फेफड़े साफ हो जाते हैं.
इसके अलावा ओटीसी मेडिसिन का à¤à¥€ आप इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² कर सकते हैं. यह दवाà¤à¤‚ कैमिसà¥à¤Ÿ से बिना डॉकà¥à¤Ÿà¤° के परà¥à¤šà¥‡ के मिल जाती हैं, लेकिन हमारी आपको सलाह है कि डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह से ही दवाओं का सेवन करें. इन दवाओं में à¤à¤¸à¥à¤ªà¤¿à¤°à¤¿à¤¨, आईबूपà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ और à¤à¤¸à¤¿à¤Ÿà¤¾à¤®à¤¿à¤¨à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ सॉलà¥à¤Ÿ शामिल हैं.
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