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गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कà¥à¤¯à¤¾ खाà¤à¤‚ और कà¥à¤¯à¤¾ ना खाà¤à¤‚ - What to eat and not to eat during Pregnancy in Hindi
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ का समय बहà¥à¤¤ ही महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ होता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में महिलाà¤à¤‚ जो à¤à¥€ खाती हैं उसका सीधा असर बचà¥à¤šà¥‡ पर पड़ता है। इस दौरान शरीर को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ और बचà¥à¤šà¥‡ को तंदà¥à¤°à¥à¤¸à¥à¤¤ रखने के लिठअचà¥à¤›à¤¾ और पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार लेना बहà¥à¤¤ जरूरी है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में महिलाओं के शरीर को पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जरूरत होती है। इसलिठइस समय महिलाओं को à¤à¤¸à¤¾ आहार लेना चाहिठजिससे न केवल उनको बलà¥à¤•ि शिशॠको à¤à¥€ पोषण दिया जा सके। इस समय कॉफी, चाय, कोलà¥à¤¡-डà¥à¤°à¤¿à¤‚क और बाहरी à¤à¥‹à¤œà¤¨ खाने से परहेज करना चाहिठयदि मां के शरीर में जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ कैफीन की मातà¥à¤°à¤¾ जाà¤à¤—ी तो इससे बचà¥à¤šà¥‡ के विकास में बà¥à¤°à¤¾ असर पड़ेगा।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार - Pregnancy and balanced diet in Hindi
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में ज़रूरी पोषक ततà¥à¤µ - Important nutrients in pregnancy in Hindi
आयरन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
आयोडीन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
मलà¥à¤Ÿà¥€ विटामिंस
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कà¥à¤¯à¤¾ खाना चाहिà¤? - What to eat in pregnancy in Hindi?
डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸
à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार
पौधे आधारित वसा
पौधे आधारित पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨
फलियां और सूखे मेवे
शकरकंद और अंडे
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कà¥à¤¯à¤¾ नहीं खाना चाहिà¤? - What not to eat in pregnancy in Hindi?
कैफीन
शराब
शरà¥à¤•रायà¥à¤•à¥à¤¤ और पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¡à¥à¤¸à¥à¤Ÿ डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸
सोया
सारांश - Summary
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार - Pregnancy and balanced diet in Hindi
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के पहले 12 हफà¥à¤¤à¥‹à¤‚ में संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार लेना बहà¥à¤¤ जरूरी है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान लिठगठसंतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार से पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में होने वाली समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं जैसे कि कबà¥à¤œ और जी मिचलाने आदि से बचा जा सकता है। पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार मां और शिशॠदोनों को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहने में मदद मिलती है। संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार लेना इसलिठà¤à¥€ आवशà¥à¤¯à¤• है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि कई बार पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की कमी की वजह से à¤à¥à¤°à¥‚ण के विकास पर नकारातà¥à¤®à¤• पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ सकता है। गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ के बाद à¤à¥‹à¤œà¤¨ में 200 से 300 कैलोरी लेना ही अचà¥à¤›à¤¾ रहता है। अगर किसी महिला का गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान वजन 50 किलो है तो उसे पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ लगà¤à¤— 65 गà¥à¤°à¤¾à¤® पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ लेना चाहिà¤à¥¤
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में ज़रूरी पोषक ततà¥à¤µ - Important nutrients in pregnancy in Hindi
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ आहार के सेवन से जरूरी विटामिन पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ किठजा सकते हैं जिससे à¤à¥à¤°à¥‚ण के विकास और बचà¥à¤šà¥‡ के वजन को संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ रखने में मदद मिलती है। बचà¥à¤šà¥‡ को जनà¥à¤®à¤œà¤¾à¤¤ विकारों का खतरा नहीं होता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में महिलाओं का मूड हर समय बदलता रहता है उससे à¤à¥€ बचा जा सकता है। बचà¥à¤šà¥‡ में किसी à¤à¥€ तरह की कमी और बीमारी नहीं होती और गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में होने वाले मधà¥à¤®à¥‡à¤¹ से à¤à¥€ बचाव होता है।
ऊपर बताठगठखादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ को अपने आहार में शामिल करके गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के समय को और à¤à¥€ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सà¥à¤–द - सरल और सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ बनाया जा सकता है । गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार लेना न केवल मां बलà¥à¤•ि शिशॠके लिठà¤à¥€ बहà¥à¤¤ जरूरी है।
अगर कोई महिला गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ के दौरान खानपान पर धà¥â€à¤¯à¤¾à¤¨ नहीं देती है या अपने à¤à¥‹à¤œà¤¨ में आवशà¥â€à¤¯à¤• पोषक ततà¥â€à¤µà¥‹à¤‚ को शामिल नहीं करती है तो इसकी वजह से उसके शिशॠको नà¥à¤•सान पहà¥à¤‚च सकता है। पोषक ततà¥â€à¤µà¥‹à¤‚ की कमी के कारण शिशॠका कोई जनà¥â€à¤®à¤œà¤¾à¤¤ विकार हो सकता है या उसमें किसी पà¥à¤°à¤•ार की कोई कमी हो सकती है। संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार न लेने के कारण खà¥à¤¦ महिलाओं को à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¸à¤µ से संबंधित समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤à¤‚ होने का खतरा रहता है। इसलिठगरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला और शिशॠदोनों के सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ के लिठसंतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार बहà¥à¤¤ जरूरी है।
आयरन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
आयोडीन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
मलà¥à¤Ÿà¥€ विटामिंस
आयरन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में आयरन की दोगà¥à¤¨à¥€ मातà¥à¤°à¤¾ की जरूरत होती है। à¤à¥à¤°à¥‚ण को विकसित होने के लिठअतिरिकà¥à¤¤ खून की जरूरत होती है जिसके लिठशरीर में आयरन की परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ होना अधिक आवशà¥à¤¯à¤• है। महिलाà¤à¤‚ मीट-चिकन,सोयाबीन, सेम की फली, मसूर की दाल और हरी पतà¥à¤¤à¥€à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का सेवन करके आयरन की जरूरत को पूरा कर सकती हैं।
फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ मानव निरà¥à¤®à¤¿à¤¤ विटामिन बी का ही रूप है जिसे फोलेट कहते हैं, फोलेट लाल रकà¥à¤¤ कोशिकाओं के निरà¥à¤®à¤¾à¤£ में अहम à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¤¾ है, जिसे विटामिन बी9 à¤à¥€ कहते हैं। फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ फलों और हरी सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में पाया जाता है। पालक, सेम आदि में फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ होता है।
आयोडीन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
आपके शिशॠके दिमाग के विकास के लिठआयोडीन बहà¥à¤¤ जरूरी है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में आयोडीन की कमी से गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤,समय से पहले पà¥à¤°à¤¸à¤µ और à¤à¥à¤°à¥‚ण की मृतà¥à¤¯à¥ का खतरा रहता है। आयोडीन शरीर की थायरायड गà¥à¤°à¤‚थि के कारà¥à¤¯ को ठीक करता है। दूध, मछली, अंडा, à¤à¥à¤¨à¤¾ हà¥à¤† आलू (छिलके के साथ) आदि में आयोडीन की à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤°à¤¾ होती है।
कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
इसकी कमी से आपके बचà¥à¤šà¥‡ की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ और दांत कमजोर हो सकते हैं। कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® आपके बचà¥à¤šà¥‡ के हृदय और मांशपेशियों को विकसित करने में मदद करता है। दूध-दही, पनीर आदि में कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® होता है।
पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ में मौजूद à¤à¤®à¥€à¤¨à¥‹ à¤à¤¸à¤¿à¤¡ शरीर में कोशिकाओं को बनाने में मदद करता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में 40 से 70 गà¥à¤°à¤¾à¤® पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ हर दिन लेना चाहिà¤à¥¤ पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ की कमी को पूरा करने के लिठदूध-दही, अंडा,मसूर की दाल आदि का सेवन कर सकते हैं। गेहूं की रोटी, दाल, हरी सबà¥à¤œà¥€, मछली, अंकà¥à¤°à¤¿à¤¤ दाल, सलाद में गाजर-चà¥à¤•ंदर आदि लेने से शरीर में पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ की कमी नहीं होगी।
कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठअपने डाइट में हेलà¥à¤¦à¥€ कारà¥à¤¬à¥à¤¸ को शामिल करें. वहीं, अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• संसाधित (highly processed) कारà¥à¤¬à¥à¤¸ को सीमित मातà¥à¤°à¤¾ में डाइट में शामिल करें. आपका शरीर अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• संसाधित कारà¥à¤¬à¥à¤¸ (जैसे कà¥à¤•ीज, केक, वà¥à¤¹à¤¾à¤‡à¤Ÿ बà¥à¤°à¥‡à¤¡ और वà¥à¤¹à¤¾à¤‡à¤Ÿ राइस) को जलà¥à¤¦à¥€ से पचाता है और उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ बà¥à¤²à¤¡ शà¥à¤—र में बदल देता है. à¤à¤¸à¥‡ में आपके शरीर में बà¥à¤²à¤¡ शà¥à¤—र की वृदà¥à¤§à¤¿ हो सकती है. रकà¥à¤¤-शरà¥à¤•रा की वृदà¥à¤§à¤¿ को कम करने के लिà¤, अगà¥à¤¨à¥à¤¯à¤¾à¤¶à¤¯ (Pancreas) रकà¥à¤¤à¤ªà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ में इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ सà¥à¤¤à¥à¤°à¤¾à¤µ करता है. अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨à¥‹à¤‚ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, उचà¥à¤š इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° ओवà¥à¤¯à¥‚लेशन (Inhibit Ovulation) में अवरà¥à¤¦à¥à¤§ उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ कर सकती है.
वहीं, हेलà¥à¤¦à¥€ कारà¥à¤¬à¥à¤¸ (जिनमें फाइबर होता है, जैसे- फल, सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚, बीनà¥à¤¸ और साबà¥à¤¤ अनाज) आपके शरीर में धीरे-धीरे पचते हैं और रकà¥à¤¤ शरà¥à¤•रा और इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ पर अधिक कà¥à¤°à¤®à¤¿à¤• पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ डालते हैं. à¤à¤¸à¥‡ में इस तरह के अहार से पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बेहतर होती है. इसके अलावा हेलà¥à¤¦à¥€ कारà¥à¤¬à¥à¤¸ यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार विटामिन बी, विटामिन ई और फाइबर के à¤à¥€ अचà¥à¤›à¥‡ सà¥à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤¤ होते हैं.
पॉलीसिसà¥à¤Ÿà¤¿à¤• ओवरी सिंडà¥à¤°à¥‹à¤® (पीसीओà¤à¤¸) जैसे हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं से जूठरही महिलाओं को अपने आहार में गà¥à¤²à¥‚टेन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार को कम करने की सलाह दी जाती है. गà¥à¤²à¥‚टेन यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार आपके शरीर में इंफà¥à¤²à¥‡à¤®à¥‡à¤¶à¤¨ की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को बढ़ा सकता है. à¤à¤¸à¥‡ में गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ करने में परेशानी आ सकती है. इसलिठअपने आहार में हमेशा हेलà¥à¤¦à¥€ कारà¥à¤¬à¥à¤¸ को शामिल करें.
मलà¥à¤Ÿà¥€ विटामिंस
अगर आप नियमित रूप से मलà¥à¤Ÿà¥€à¤µà¤¿à¤Ÿà¤¾à¤®à¤¿à¤¨ लेती हैं, तो इससे पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ बढ़ सकती है. रिसरà¥à¤š में इस बात का खà¥à¤²à¤¾à¤¸à¤¾ हà¥à¤† है कि अगर महिलाà¤à¤‚ पà¥à¤°à¤¤à¤¿ सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ 3 या इससे अधिक दिनों तक मलà¥à¤Ÿà¥€à¤µà¤¿à¤Ÿà¤¾à¤®à¤¿à¤¨ का सेवन करती हैं, तो लगà¤à¤— 20 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ ओवà¥à¤¯à¥‚लेटरी इनफरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¿à¤Ÿà¥€ से बचा जा सकता है. दरअसल, विटामिन में पाठजाने वाले सूकà¥à¤·à¥à¤® पोषक ततà¥à¤µ पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को बढ़ाने में आपकी मदद कर सकते हैं. पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठमहिलाओं को फोलेट यà¥à¤•à¥à¤¤ मलà¥à¤Ÿà¥€à¤µà¤¿à¤Ÿà¤¾à¤®à¤¿à¤¨ का सेवन करना चाहिà¤, इससे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ बेहतर रिजलà¥à¤Ÿ मिल सकता है.
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कà¥à¤¯à¤¾ खाना चाहिà¤? - What to eat in pregnancy in Hindi?
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठà¤à¤¸à¥‡ खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ का सेवन करना चाहिà¤, जिससे फरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¿à¤Ÿà¥€ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ सके. जैसे- दूध, दही, à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार, नटà¥à¤¸ इतà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¿. रिसरà¥à¤š में à¤à¥€ इन बातों को साबित किया गया है कि इस तरह के आहार से पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ती है. आइठविसà¥à¤¤à¤¾à¤° से जानें पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठकà¥à¤¯à¤¾ खाà¤à¤‚ -
डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸
à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार
पौधे आधारित वसा
पौधे आधारित पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨
फलियां और सूखे मेवे
शकरकंद और अंडे
डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठअपनी डाइट में डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ को शामिल करना बहà¥à¤¤ ही जरूरी होता है. दूध, दही, पनीर जैसी चीजों को डाइट में शामिल करने से हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ मजबूत होती हैं. इसके अलावा डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ को शामिल करने से पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बेहतर हो सकती है. पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बेहतर करने के लिठरोजाना दूध पिà¤à¤‚, अपने आहार में दही शामिल करें. वहीं, आप दूध से सà¥à¤®à¥‚दी à¤à¥€ तैयार कर सकते हैं. इसके अलावा पनीर यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार को शामिल करें.
कम वसा यà¥à¤•à¥à¤¤ डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ को आहार में शामिल करने से सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ बेहतर होता है. लेकिन कà¥à¤› अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨à¥‹à¤‚ में इस बात का खà¥à¤²à¤¾à¤¸à¤¾ हà¥à¤† है कि जिन महिलाओं को ओवà¥à¤¯à¥‚लेशन की समसà¥à¤¯à¤¾ होती है, उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ फà¥à¤²-फैट डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿ को अपने डाइट में शामिल करना चाहिà¤. इससे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ अधिक फायदा होता है.
à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार
जब आप पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने की कोशिश कर रही हैं, तो अपने आहार में à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट जैसे - फोलेट और जिंक को शामिल करें. à¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤‚ और महिलाओं दोनों की पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को बेहतर करता है. इस तरह के आहार से शरीर में मà¥à¤•à¥à¤¤ कण निषà¥à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯ होते हैं, जो शà¥à¤•à¥à¤°à¤¾à¤£à¥ और अंडे की कोशिकाओं को नà¥à¤•सान होने से बचा सकते हैं.
रिसरà¥à¤š में इस बात का खà¥à¤²à¤¾à¤¸à¤¾ हà¥à¤† है कि फोेलेट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार का सेवन करने से महिलाओं की पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बेहतर होती है. साथ ही इससे बरà¥à¤¥ रेट में सà¥à¤§à¤¾à¤° आता है. à¤à¤¸à¥‡ में पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठà¤à¤‚टीऑकà¥à¤¸à¥€à¤¡à¥‡à¤‚ट से à¤à¤°à¤ªà¥‚र फल, सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚, डà¥à¤°à¤¾à¤ˆà¤«à¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ और अनाज को शामिल करें. इससे आपको बेहतर रिजलà¥à¤Ÿ मिल सकता है.
पौधे आधारित वसा
अगर आप पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होना चाहती हैं, तो अपने आहार में पौधे आधारित वसा को शामिल करें. डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸, ऑलिव ऑयल, अंगूर के बीज जैसे वसा को शामिल करना आपके लिठबेहतर हो सकता है. इन आहार के सेवन से शरीर में सूजन कम होती है, जो नियमित ओवà¥à¤¯à¥‚लेशन और सामानà¥à¤¯ पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को बढ़ावा देने में आपकी मदद कर सकती है. इनफरà¥à¤²à¤¿à¤Ÿà¤¿à¤²à¥€ की परेशानी से जूठरही महिलाओं के लिठगà¥à¤¡ फैट काफी अचà¥à¤›à¤¾ माना जाता है.
अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨à¥‹à¤‚ से पता चला है कि आईवीà¤à¤« सरà¥à¤•ल के दौरान à¤à¤µà¥‹à¤•ाडो का à¤à¤• निशà¥à¤šà¤¿à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में मोनोअनसैचà¥à¤°à¥‡à¤Ÿà¥‡à¤¡ वसा का सेवन करने से आईवीà¤à¤« सफलता दर साढ़े तीन गà¥à¤¨à¤¾ बढ़ सकता है. साथ ही सà¤à¥€ टà¥à¤°à¤¾à¤‚स वसा के सेवन से बचें और अधिक सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ असंतृपà¥à¤¤ वसा खाà¤à¤‚. टà¥à¤°à¤¾à¤‚स वसा (मà¥à¤–à¥à¤¯ रूप से वाणिजà¥à¤¯à¤¿à¤• बेकà¥à¤¡ और सà¥à¤¨à¥ˆà¤• खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚, पशॠउतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¥‹à¤‚, फà¥à¤°à¥‡à¤‚च फà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤œà¤¼ और कà¥à¤› मारà¥à¤œà¤°à¥€à¤¨ जैसे खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ में पाठजाते हैं) इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§ को बढ़ाते हैं. इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ रकà¥à¤¤à¤ªà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ से गà¥à¤²à¥‚कोज को कोशिकाओं तक ले जाने में मदद करता है; पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¥‹à¤§ का मतलब है कि गà¥à¤²à¥‚कोज को कोशिकाओं तक ले जाने में कठिनाई का सामना करना. अगà¥à¤¨à¥à¤¯à¤¾à¤¶à¤¯ वैसे à¤à¥€ अधिक इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ पंप करता रहता है, जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प आपके रकà¥à¤¤à¤ªà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ में अधिक इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ हो सकता है. उचà¥à¤š इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° बहà¥à¤¤ अधिक चयापचय संबंधी गड़बड़ी का कारण बनता है, जो ओवà¥à¤¯à¥‚लेशन को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ कर सकता है. इसलिठपà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठटà¥à¤°à¤¾à¤‚स फैट को खाने से बचना चाहिà¤.
पौधे आधारित पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठअपने आहार में पौधे आधारित पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ का सेवन करें. रिसरà¥à¤š से पता चलता है कि पशॠआधारित पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ (जैसे- मांस, मछली और अंडे) को à¤à¥‹à¤œà¤¨ में शामिल करने से इंफरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¿à¤Ÿà¥€ की समसà¥à¤¯à¤¾ बढ़ सकती है. à¤à¤¸à¥‡ में अगर आप पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होना चाहती है, तो अपने आहार में वनसà¥à¤ªà¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ सà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥‹à¤‚ (जैसे- बीनà¥à¤¸, नटà¥à¤¸, और बीज) को शामिल करें. इससे महिलाओं में पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ सकती है.
फलियां और सूखे मेवे
फलियों में फाइबर, पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, आयरन, और कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होता है इसलिठसà¤à¥€ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को अपने आहार में फलियों जैसे कि बीनà¥à¤¸, सहजन लेना चाहिà¤à¥¤ सूखे मेवे à¤à¥€ पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में फायदेमंद होते हैं। बादाम,काजू और मूंगफली के आलावा मकà¥à¤•ा और गेहूं से बना दलिया, सोयाबीन, शिमला मिरà¥à¤š लेना चाहिà¤à¥¤
शकरकंद और अंडे
शकरकंद में पà¥à¤°à¤šà¥à¤° मातà¥à¤°à¤¾ में विटामिन ठपाया जाता है। यह à¤à¥à¤°à¥‚ण के विकास के लिठजरूरी है। गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को विटामिन ठयà¥à¤•à¥à¤¤ आहार लेने की सलाह दी जाती है और अंडे से à¤à¥€ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं की ये जरूरत पूरी हो सकती है। शकरकंद और अंडे में लगà¤à¤— थोड़ी- थोड़ी मातà¥à¤°à¤¾ में हर पोषक ततà¥à¤µ मौजूद हैं लेकिन धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रहे कि कचà¥à¤šà¥‡ अंडे की बजाय पूरा पका हà¥à¤† अंडा खाà¤à¤‚। विटामिन सी, विटामिन k और विटामिन à¤, कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤®, आयरन और पोटैशियम की कमी को पूरा करने के लिठगरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान पालक और पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को अपने आहार में शामिल करें।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कà¥à¤¯à¤¾ नहीं खाना चाहिà¤? - What not to eat in pregnancy in Hindi?
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने पर पहली चीज जो अकà¥à¤¸à¤° महिलाà¤à¤‚ जानना चाहती हैं वो यह है कि वे कà¥à¤¯à¤¾ नहीं खा सकती हैं। यदि आप सूशी या कॉफी पसंद करती हैं तो आपके लिठये लिसà¥à¤Ÿ ज़रूर ही निराशाजनक होगी।
कà¥à¤› खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ का सेवन शायद ही कà¤à¥€ किया जाना चाहिà¤, जबकि अनà¥à¤¯ को पूरी तरह से खाना छोड़ना ज़रूरी होता है। यहां कà¥à¤› खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥ और पेय पदारà¥à¤¥ दिठगठहैं जिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ आपको पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान खाना कम करना है या बिलकà¥à¤² रोकना है।
कैफीन
शराब
शरà¥à¤•रायà¥à¤•à¥à¤¤ और पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¡à¥à¤¸à¥à¤Ÿ डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸
सोया
कैफीन
अगर आप पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होना चाहती हैं, तो अपने आहार में कैफीन यà¥à¤•à¥à¤¤ चीजें जैसे- चाय और कॉफी की मातà¥à¤°à¤¾ कम कर दें. हारà¥à¤µà¤°à¥à¤¡ के अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, à¤à¤• दिन में कई कप कॉफी या चाय का सेवन करने से ओवà¥à¤²à¥‡à¤¶à¤¨ से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं पर बहà¥à¤¤ कम पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ता है, लेकिन इससे निरà¥à¤œà¤²à¥€à¤•रण हो सकता है. à¤à¤¸à¥‡ में सà¥à¤¬à¤¹ की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ कॉफी या चाय से करने से निरà¥à¤œà¤²à¥€à¤•रण की समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है. कैफीन à¤à¤• मूतà¥à¤°à¤µà¤°à¥à¤§à¤• है, जो आपके शà¥à¤²à¥‡à¤·à¥à¤® à¤à¤¿à¤²à¥à¤²à¥€ (mucous membrane) को नम रहने से रोक सकता है, जिससे आपके गà¥à¤°à¥€à¤µà¤¾ दà¥à¤°à¤µ की सà¥à¤¥à¤¿à¤°à¤¤à¤¾ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हो सकती है.
à¤à¤¸à¥‡ में कॉफी, à¤à¤¨à¤°à¥à¤œà¥€ डà¥à¤°à¤¿à¤‚क और चाय जैसे कैफीन का सेवन पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ 200 मिलीगà¥à¤°à¤¾à¤® से कम करें. हालांकि, आप डिकैफ़िनेटेड चाय का सेवन बढ़ा सकते हैं. कà¥à¤› अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨à¥‹à¤‚ से पता चला है कि गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने के लिठहरà¥à¤¬à¤² चाय का सेवन काफी अचà¥à¤›à¤¾ साबित हो सकता है.
शराब
नियमित रूप से शराब का सेवन करने वालों में निरà¥à¤œà¤²à¥€à¤•रण की समसà¥à¤¯à¤¾ बढ़ सकती है. इसी कारणों से कई à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ अपने आहार में à¤à¤²à¥à¤•ोहल की मातà¥à¤°à¤¾ कम करने की सलाह देते हैं. इससे आपकी पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हो सकती है.
शरà¥à¤•रायà¥à¤•à¥à¤¤ और पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¡à¥à¤¸à¥à¤Ÿ डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने की इचà¥à¤›à¤¾ रखने वाली महिलाओं को अपने आहार में शरà¥à¤•रा यà¥à¤•à¥à¤¤ डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸ को कम करना चाहिà¤. शरà¥à¤•रा यà¥à¤•à¥à¤¤ आहार का सेवन करने से बà¥à¤²à¤¡ शà¥à¤—र लेवल पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ होता है, जिससे आपके शरीर में इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ और सामानà¥à¤¯ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ हो सकती हैं. à¤à¤¸à¥‡ में अगर आप बेहतर फरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¿à¤Ÿà¥€ डाइट पà¥à¤²à¤¾à¤¨ फॉलो करना चाहते हैं, तो कैंडीज और डेसरà¥à¤Ÿ का सेवन बंद करें. साथ ही फà¥à¤°à¥‚ट जूस, à¤à¤¨à¤°à¥à¤œà¥€ डà¥à¤°à¤¿à¤‚क और चीनी यà¥à¤•à¥à¤¤ चाय का सेवन न करें. इसके अलावा पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¸à¥à¤¡ सोडा डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸ का à¤à¥€ सेवन न करें. यह ओवà¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ इनफरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¿à¤Ÿà¥€ की समसà¥à¤¯à¤¾ बढ़ा सकता है. अगर आप मीठे उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¥‹à¤‚ का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करना चाहती हैं, तो अपने आहार में कृतà¥à¤°à¤¿à¤® मिठास के बजाय कम गà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤¸à¥‡à¤®à¤¿à¤• लोड (lower glycemic loads) वाले कम संसाधित आहार को चà¥à¤¨à¥‡à¤‚. इसके लिठआप अपने आहार में à¤à¤—ेव सिरप (agave syrup), शहद, मेपल सिरप, और सà¥à¤Ÿà¥€à¤µà¤¿à¤¯à¤¾ जैसे नैचà¥à¤°à¤² सà¥à¤µà¥€à¤Ÿà¤¨à¤° को चà¥à¤¨ सकते हैं.
सोया
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठपà¥à¤°à¤¸à¤‚सà¥à¤•ृत सोया उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¥‹à¤‚ के अधिक सेवन से बचें. गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने की कोशिश करने वाली महिलाओं को सोया यà¥à¤•à¥à¤¤ खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ का सेवन नहीं करना चाहिà¤, इससे पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ पर नकारातà¥à¤®à¤• पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ सकता है. कà¥à¤› विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ का मानना है कि अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में सोया पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ का सेवन करने से आपके हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² संतà¥à¤²à¤¨ बाधित हो सकते हैं. इसलिठà¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ की सलाह लेकर ही सोया यà¥à¤•à¥à¤¤ खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ को अपने आहार में शामिल करें.
इन 6 चीजों को पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में à¤à¥‚लकर à¤à¥€ न खाà¤à¤‚
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठआप अपने आहार में डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ जैसे - दही, दूध, पनीर शामिल कर सकते हैं. इसके अलावा आप नटà¥à¤¸, बींस, हरी सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚, फल, मलà¥à¤Ÿà¥€ विटामिंस अपने आहार में शामिल कर सकती हैं. पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने के लिठसही डाइट पà¥à¤²à¤¾à¤¨ होना बहà¥à¤¤ जरूरी है.
लेकिन कà¥à¤› à¤à¤¸à¥€ चीजें हैं, जिसका पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट होने की कोशिश करने वालों को नहीं खाना-पीना चाहिà¤. जैसे- शराब, धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨, सोया इतà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¿. इन सà¤à¥€ चीजों से पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में परेशानी हो सकती है. इससे न सिरà¥à¤« पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤‚ को सà¥à¤ªà¤°à¥à¤® काउंट कम होता है, बलà¥à¤•ि महिलाओं में à¤à¥€ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ परेशानी हो सकती है.
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