Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
आप गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ हैं या नहीं, पानी आपके सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ के लिठबहà¥à¤¤ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ है। आपके शरीर तथा उसके महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ अंगों को समà¥à¤šà¤¿à¤¤ ढंग से काम करने के लिठपानी सबसे जरà¥à¤°à¥€ है। यह पेशाब, पसीने और मलतà¥à¤¯à¤¾à¤— के जरिये शरीर से अपशिषà¥à¤Ÿ और विषैले ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ को निकालने में मदद करता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान आपके शरीर में हो रहे बदलावों की जरà¥à¤°à¤¤à¥‹à¤‚ को पूरा करने के लिठअधिक पानी की आवशà¥à¤¯à¤•ता पड़ती है। परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी न पीने से शरीर में पानी की कमी (डिहाइडà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨) हो सकती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान शरीर में पानी की कमी से सिरदरà¥à¤¦, मिचली, मरोड़, हाथ-पैरों में सूजन (इडिमा) और चकà¥à¤•र आने जैसी परेशानियां हो सकती हैं।
तीसरी तिमाही में जलनियोजित रहना और à¤à¥€ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ जरà¥à¤°à¥€ है, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि तब पानी की कमी से संकà¥à¤šà¤¨ शà¥à¤°à¥‚ हो सकते हैं और समय से पहले पà¥à¤°à¤¸à¤µ का दरà¥à¤¦ उठसकता है।
कà¥à¤› महिलाओं का मानना है कि नियमित पानी पीने से मिचली, सीने में जलन और à¤à¤¸à¤¿à¤¡à¤¿à¤Ÿà¥€ और अपचता के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में राहत मिलती है।
परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में पानी पीने से मूतà¥à¤°à¤®à¤¾à¤°à¥à¤— के संकà¥à¤°à¤®à¤£ से à¤à¥€ बचाव होता है, जो गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान आम है। यदि आप परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी पीती हैं, तो आपके मूतà¥à¤° में पानी की अचà¥à¤›à¥€ मातà¥à¤°à¤¾ बनी रहेगी, जिससे संकà¥à¤°à¤®à¤£ का जोखिम कम होगा।
यह आपके शरीर को ठंडा रखने में मदद करता है और तापमान सामानà¥à¤¯ बनाठरखता है, विशेषकर गरà¥à¤® और आरà¥à¤¦à¥à¤° महीनों में।
| --------------------------- | --------------------------- |