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पà¥à¤°à¤¸à¤µ पूरà¥à¤µ जांच
बारà¥à¤¸à¤¿à¤²à¥‹à¤¨à¤¾ में सरà¥à¤µà¤¶à¥à¤°à¥‡à¤·à¥à¤ सà¥à¤¤à¥à¤°à¥€ रोग कà¥à¤²à¤¿à¤¨à¤¿à¤• में पà¥à¤°à¤¸à¤µ पूरà¥à¤µ जांच
जब हम बात करते हैं ठपà¥à¤°à¤¸à¤µ पूरà¥à¤µ जांच o सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग हम à¤à¤• à¤à¤¸à¥‡ परीकà¥à¤·à¤£ के बारे में बात कर रहे हैं जो हमें पहचानने की अनà¥à¤®à¤¤à¤¿ देता है उन गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को जिनके उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ से à¤à¤• विशिषà¥à¤Ÿ विकार से पीड़ित होने का उचà¥à¤š जोखिम है अधिक गहन जांच शà¥à¤°à¥‚ करने या पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¤•à¥à¤· निवारक कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ करने के लिठअंतिम।
दृषà¥à¤Ÿà¤¿ से सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं की सामानà¥à¤¯ आबादी में, जिनको à¤à¥à¤°à¥‚ण में कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤¸à¥‹à¤®à¤² रोग होने का अधिक खतरा होता है, जिसे नैदानिक ​​परीकà¥à¤·à¤£ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पहचाना जा सकता है। PAPP-A, मà¥à¤«à¥à¤¤ BHCG, जैव रासायनिक परीकà¥à¤·à¤£, TN (Nucal Translucency) और मातृ आयॠके संयà¥à¤•à¥à¤¤ उपयोग, गरà¥à¤ के पहले तिमाही में गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤° रोगों के लिठसà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग के रूप में अनà¥à¤¶à¤‚सित है।
En महिला बारà¥à¤¸à¤¿à¤²à¥‹à¤¨à¤¾ हमने बनाया पà¥à¤°à¤¸à¤µ पूरà¥à¤µ जांच गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤° संबंधी असामानà¥à¤¯à¤¤à¤¾à¤“ं का पता लगाने के लिà¤à¥¤
की घटना गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤° असामानà¥à¤¯à¤¤à¤¾à¤à¤‚ सà¤à¥€ का 4-5% है गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£à¤à¤• उचà¥à¤š à¤à¥à¤°à¥‚ण और à¤à¥à¤°à¥‚ण की घातकता के लिठजिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤° होने के नाते। वे सà¤à¥€ का 1-2% बनाते हैं जनà¥à¤®à¤œà¤¾à¤¤ दोष. वे दो पà¥à¤°à¤•ार के होते हैं: ऑटोसोमल (संखà¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤• और संरचनातà¥à¤®à¤• परिवरà¥à¤¤à¤¨) और यौन। à¤à¤®à¤¨à¤¿à¤¯à¥‹à¤¸à¥‡à¤‚टेसिस या कोरियोनिक बायोपà¥à¤¸à¥€ जैसे आकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• तरीकों से उनका निदान किया जाता है।
अनà¥à¤•à¥à¤°à¤®à¤£à¤¿à¤•ा [ocultar]
पà¥à¤°à¤¸à¤µ पूरà¥à¤µ जांच
संयà¥à¤•à¥à¤¤ पहली तिमाही सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग (टà¥à¤°à¤¿à¤ªà¤² सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग)
परीकà¥à¤·à¤£
बà¥à¤²à¤¡ डà¥à¤°à¥‰
अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड
जोखिम से इसकी गणना करें
गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ के बारे में हमारे बà¥à¤²à¥‰à¤— पर नवीनतम लेख
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संयà¥à¤•à¥à¤¤ पहली तिमाही सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग (टà¥à¤°à¤¿à¤ªà¤² सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग)
संयà¥à¤•à¥à¤¤ सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग सà¤à¥€ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं में गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के पहले तिमाही में किया जाने वाला à¤à¤• सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग टेसà¥à¤Ÿ है ताकि उन गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ का पता लगाया जा सके जिनमें à¤à¥à¤°à¥‚ण के गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤° परिवरà¥à¤¤à¤¨ होने का अधिक जोखिम होता है।
यह à¤à¤• गैर-आकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• परीकà¥à¤·à¤£ है (माठया à¤à¥à¤°à¥‚ण के लिठजोखिम के बिना), जो माठके रकà¥à¤¤ के नमूने और à¤à¥à¤°à¥‚ण के अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड से किया जाता है और सà¤à¥€ महिलाओं को दिया जाता है।
परीकà¥à¤·à¤£
मातृ रकà¥à¤¤ में मौजूद जैव रासायनिक मारà¥à¤•रों और पहली तिमाही के अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड को मिलाकर कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤¸à¥‹à¤®à¥‹à¤ªà¥ˆà¤¥à¥€ (गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤°à¥‹à¤‚ का परिवरà¥à¤¤à¤¨) का जोखिम पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ किया जाता है। सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग à¤à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त सांखà¥à¤¯à¤¿à¤•ीय संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करती है कि à¤à¥à¤°à¥‚ण में कà¥à¤°à¥‹à¤®à¥‹à¤¸à¥‹à¤®à¤² दोष हो सकता है (जैसे टà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¸à¥‰à¤®à¥€ 21 और अनà¥à¤¯ असामानà¥à¤¯à¤¤à¤¾à¤à¤‚)।
बà¥à¤²à¤¡ डà¥à¤°à¥‰
यह आम तौर पर सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ 8 और सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ 10 के बीच किया जाता है। इस निषà¥à¤•रà¥à¤·à¤£ में, मां के रकà¥à¤¤ में दो जैव रासायनिक मूलà¥à¤¯à¥‹à¤‚ का विशà¥à¤²à¥‡à¤·à¤£ किया जाता है: गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ (बीà¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€) का बीटा अंश और गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ पà¥à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टल पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ का मूलà¥à¤¯ (पीà¤à¤ªà¥€à¤ªà¥€) । -टीओ)। इस निषà¥à¤•रà¥à¤·à¤£ को करने के लिठउपवास आवशà¥à¤¯à¤• नहीं है।
अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड
सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग की सही गणना के लिà¤, गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला के अनà¥à¤¯ कारकों को धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ में रखना आवशà¥à¤¯à¤• है: दौड़, वजन, अंतिम जà¥à¤¡à¤¼à¤µà¤¾à¤‚ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾, मातृ विकृति (इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ पर निरà¥à¤à¤° मधà¥à¤®à¥‡à¤¹), मातृ आदतें (धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨) या यदि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ हासिल की गई है सहायक पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ की तकनीकों दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾à¥¤ सà¥à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨à¤¿à¤‚ग की गणना में इन कारकों की शà¥à¤°à¥‚आत छोटे सà¥à¤§à¤¾à¤° करने की अनà¥à¤®à¤¤à¤¿ देती है जो जोखिम गणना की सटीकता में सà¥à¤§à¤¾à¤° करती है।
जोखिम से इसकी गणना करें
आमतौर पर à¤à¤• कंपà¥à¤¯à¥‚टर सॉफà¥à¤Ÿà¤µà¥‡à¤¯à¤° सà¤à¥€ दरà¥à¤œ किठगठमातृ और à¤à¥à¤°à¥‚ण चर का उपयोग करके जोखिम सूचकांक की गणना करता है। टà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¸à¥‰à¤®à¥€ 21 (डाउन सिंडà¥à¤°à¥‹à¤®), 18 (à¤à¤¡à¤µà¤°à¥à¤¡à¥à¤¸ सिंडà¥à¤°à¥‹à¤®) और 13 (पटाऊ सिंडà¥à¤°à¥‹à¤®) के जोखिमों की गणना मातृ आयॠदà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¤à¥à¤¤ जोखिम से की जाà¤à¤—ी और पेश किठगठअलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड डेटा और जैव रासायनिक के विचलन के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° संशोधित की जाà¤à¤—ी।
उचà¥à¤š जोखिम वाले परिणाम की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में, à¤à¤• आकà¥à¤°à¤¾à¤®à¤• परीकà¥à¤·à¤£, कोरियोनिक बायोपà¥à¤¸à¥€, या à¤à¤®à¤¨à¤¿à¤¯à¥‹à¤¸à¥‡à¤‚टेसिस की पेशकश की जाà¤à¤—ी ताकि संदिगà¥à¤§ निदान की पà¥à¤·à¥à¤Ÿà¤¿ या खंडन किया जा सके।
वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ में, इस परीकà¥à¤·à¤£ को सà¤à¥€ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं के लिठपसंद का माना जाता है, जिसमें टà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¸à¥‰à¤®à¥€ 21 (डाउन सिंडà¥à¤°à¥‹à¤®) का पता लगाने की दर लगà¤à¤— 90% होती है, जिसमें 5% की à¤à¥‚ठी सकारातà¥à¤®à¤• दर होती है (à¤à¤¸à¥‡ मामले जो परीकà¥à¤·à¤£ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° उचà¥à¤š जोखिम वाले होते हैं। वासà¥à¤¤à¤µ में कोई गà¥à¤£à¤¸à¥‚तà¥à¤° रोग नहीं)।
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