Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
पौरà¥à¤· वृदà¥à¤§à¤¿ और संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ के जà¥à¤¯à¥‹à¤¤à¤¿à¤·à¥€à¤¯ उपाय
धरà¥à¤®à¤—à¥à¤°à¤‚थों में मनà¥à¤·à¥à¤¯ जीवन के चार पà¥à¤°à¥à¤·à¤¾à¤°à¥à¤¥ बताठगठहैं, जिनमें धरà¥à¤®, अरà¥à¤¥, काम व मोकà¥à¤· है। इसलिठइनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ पà¥à¤°à¥à¤·à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤šà¤¤à¥à¤·à¥à¤Ÿà¤¯ à¤à¥€ कहते हैं। इनके आधार पर ही इंसान का पूरा जीवन निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ रहता है। शासà¥à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में बताया गया है कि संतान से ही वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को मोकà¥à¤· पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ का रासà¥à¤¤à¤¾ मिलता है और पितरों को आतà¥à¤®à¤¾ की शांति à¤à¥€ मिलती है। इसलिठहर वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की चाहत होती है कि उसकी संतान हो और वह वंश वृदà¥à¤§à¤¿ को आगे बढ़ाà¤à¥¤ लेकिन वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की कà¥à¤‚डली में गà¥à¤°à¤¹-नकà¥à¤·à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ की à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ बन जाती है, जिससे संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ में बाधा आने लगती है। इस तरह की बाधाओं से मà¥à¤•à¥à¤¤à¤¿ के लिठजà¥à¤¯à¥‹à¤¤à¤¿à¤· शासà¥à¤¤à¥à¤° और लाल किताब में कà¥à¤› विशेष उपाय बताठगठहैं, इन उपायों के करने से गà¥à¤°à¤¹à¥‹à¤‚ को अनà¥à¤•ूल बनाया जा सकता है।
40 दिन तक करें यह उपाय
लाल किताब के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ में अगर बाधा आ रही है तो चांदी का तार लें और उसको अगà¥à¤¨à¤¿ में डाल दें। फिर उस तार को दूध में डाल दें और पी जाà¤à¤‚, à¤à¤¸à¤¾ आप लगातर 40 दिनों तक करें। à¤à¤¸à¤¾ करने से कà¥à¤‚डली में शà¥à¤•à¥à¤° की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ मजबूत होती है, जिससे सà¤à¥€ शारीरिक समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं का अंत होता है और संतान की कामना की पूरà¥à¤¤à¤¿ होती है।
इस मंतà¥à¤° से मिलेगा लाà¤
संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ के लिठशà¥à¤•à¥à¤° के बीज मंतà¥à¤° ‘ओम शà¥à¤‚ शà¥à¤•à¥à¤°à¤¾à¤¯ नम:’ का जप करना आपके लिठलाà¤à¤¦à¤¾à¤¯à¤• रहेगा। इस मंतà¥à¤° के जप से न सिरà¥à¤« पौरà¥à¤· वृदà¥à¤§à¤¿ होती है बलà¥à¤•ि आपको à¤à¥Œà¤¤à¤¿à¤• सà¥à¤–ों की पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ होती है। इस मंतà¥à¤° के नियमित जप से हानिकारक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ का नाश होता है और शरीर में à¤à¤• नई ऊरà¥à¤œà¤¾ का संचार होता है।
यह रतà¥à¤¨ जीवन में लाà¤à¤—ा सà¥à¤–
पौरà¥à¤· वृदà¥à¤§à¤¿ के लिठआप फिरोजा रतà¥à¤¨ धारण कर सकते हैं। बृहसà¥à¤ªà¤¤à¤¿ गà¥à¤°à¤¹ का यह रतà¥à¤¨ नीले रंग का होता है और यह उपचारातà¥à¤®à¤• शकà¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के लिठसबसे अचà¥à¤›à¤¾ माना जाता है। इस रतà¥à¤¨ से शà¥à¤•à¥à¤° à¤à¥€ अनà¥à¤•ूल होता है और राहà¥-केतॠकी पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•ूलता में à¤à¥€ कमी आती है। इस रतà¥à¤¨ को धारण करने से संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ के साथ-साथ जीवन में सà¥à¤–-समृदà¥à¤§à¤¿ à¤à¥€ आती है। पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨ संसà¥à¤•ृति में फिरोजा रतà¥à¤¨ को लोग संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ और धन वृदà¥à¤§à¤¿ के लिठपहनते थे।
इस रतà¥à¤¨ को न पहनें महिलाà¤à¤‚
जà¥à¤¯à¥‹à¤¤à¤¿à¤· में बताया गया है कि हीरा को बिना सोचे विचारे नहीं पहनना चाहिठऔर खासकर उन महिलाओं को जो संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ की इचà¥à¤›à¤¾ रखती हैं। संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ के बाद ही महिलाà¤à¤‚ हीरा रतà¥à¤¨ धारण करें कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ के लिठहीरा पहनना नà¥à¤•सानदायक माना जाता है। साथ ही इससे शादीशà¥à¤¦à¤¾ जिंदगी में वà¥à¤¯à¤µà¤§à¤¾à¤¨ आता है इसलिठबिना जà¥à¤¯à¥‹à¤¤à¤¿à¤· सलाह के हीरा धारण न करें।
इससे पितरों का मिलता है आशीरà¥à¤µà¤¾à¤¦
पितर हमारे जीवन पर गहरा पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ डालते हैं और उनके आशीरà¥à¤µà¤¾à¤¦ से जीवन में हमेशा सà¥à¤–-शांति बनी रहती है। लेकिन कà¤à¥€-कà¤à¥€ जाने-अनजाने à¤à¤¸à¥€ गलतियां हो जाती हैं, जिसका असर गहरा होता है। इसलिठपीतरों को याद करते हà¥à¤ पीपल पर जल और दूध चढ़ाà¤à¤‚ और संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ की कामना करें। à¤à¤¸à¤¾ करने से पितर वंश वृदà¥à¤§à¤¿ के लिठआशीरà¥à¤µà¤¾à¤¦ देते हैं और इससे घर की पà¥à¤°à¤—ति à¤à¥€ होती है।
गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ की समसà¥à¤¯à¤¾ होती है खतà¥à¤®
किसी कारण से महिलाओं को गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ करने में परेशानी आ रही है या फिर गरà¥à¤ नषà¥à¤Ÿ हो जाता है तो इसके लिठचिकितà¥à¤¸à¥€à¤¯ परामरà¥à¤¶ के साथ-साथ लाल गाय और उसके बछड़े की सेवा करें। इसके साथ ही आप लाल या à¤à¥‚रे रंग का कà¥à¤¤à¥à¤¤à¤¾ à¤à¥€ पाल सकते हैं। दरअसल इससे सूरà¥à¤¯ व मंगल की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ कà¥à¤‚डली में मजबूत होती है और उससे संबंधित दोष à¤à¥€ दूर हो जाते हैं, जिससे गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ की समसà¥à¤¯à¤¾ खतà¥à¤® होती है।
लंबे अंतराल के बाद à¤à¥€ मिलता है सà¥à¤–
जà¥à¤¯à¥‹à¤¤à¤¿à¤·à¤¶à¤¾à¤¸à¥à¤¤à¥à¤° के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, अगर विवाह के काफी साल गà¥à¤œà¤° गठहैं और अà¤à¥€ तक बचà¥à¤šà¥‡ की किलकारियां आंगन में नहीं गूंजी हैं तो शà¥à¤•à¥à¤°à¤µà¤¾à¤° के दिन मदार पेड़ की जड़ को उखाड़ लें और फिर उसको उस कमरे में बांध दें, जिसकी संतान न हो रही हो। à¤à¤¸à¤¾ करने से हर पà¥à¤°à¤•ार की नकारातà¥à¤®à¤• ऊरà¥à¤œà¤¾ दूर होती है और संतान पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤à¤¿ की बाधा खतà¥à¤® होती है।
| --------------------------- | --------------------------- |