Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पानी की कमी से बढ़ती है दिकà¥à¤•तें
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में शरीर में पानी की परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ से न केवल महिला का आराम रहता है बलà¥à¤•ि गरà¥à¤à¤µà¤¸à¥à¤¥ शिशॠà¤à¥€ सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ रखता है। पानी की कमी से सिर दरà¥à¤¦, मिचली, धड़कन तेज होना, पेट में मरोड़, मसलà¥à¤¸ में दरà¥à¤¦, हाथ-पैरों में सूजन और चकà¥à¤•र आने की समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है। अगर गरà¥à¤ में पानी (à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड यानी बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ में पानी) की कमी है तो बचà¥à¤šà¥‡ को कई तरह की परेशानी हो सकती है।
कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ जरूरी है गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ मेंं परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी
परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी से गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में मिचली यानी उलà¥à¤Ÿà¥€ जैसे समसà¥à¤¯à¤¾ में बचाव होता है। पानी की कमी से पेट में अमà¥à¤² अधिक बनता है जिससे पेट में जलन और अपच होता है। पानी शरीर का तापमान à¤à¥€ नियंतà¥à¤°à¤¿à¤¤ रखता है। इंफेकà¥à¤¶à¤¨ से बचाव होता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कबà¥à¤œ की समसà¥à¤¯à¤¾ सामानà¥à¤¯ परेशानी है। कबà¥à¤œ अधिक समय तक रहने से पाइलà¥à¤¸ होने की आशंका रहती है। अगर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी पीà¤à¤‚ तो इन समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं में आराम मिलता है।
इन कारणों से à¤à¥€ घटता है à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड
गरà¥à¤ में à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड कम होने के कई दूसरे à¤à¥€ कारण हो सकते हैं जैसे बचà¥à¤šà¥‡ को कोई जनà¥à¤®à¤œà¤¾à¤¤ बीमारी, किडनी में परेशानी, गरà¥à¤à¤¸à¥à¤¥ शिशॠके यूरिनरी टà¥à¤°à¥ˆà¤• में रà¥à¤•ावट या फिर पà¥à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टा में कोई समसà¥à¤¯à¤¾ है। इसके साथ ही कई बार महिला का पानी असमय डिसà¥à¤šà¤¾à¤°à¥à¤œ से à¤à¥€ à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड का लेवल कम हो जाता है।
à¤à¤¸à¥‡ पहचानें शरीर में पानी की कमी
पानी की कमी को आसानी से पहचाना जा सकता है। अगर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ का यूरिन पीला या कम मातà¥à¤°à¤¾ में हो रहा है तो समà¤à¥‡à¤‚ कि शरीर में पानी की कमी हो रही है। à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में पानी अधिक पीà¤à¤‚। शरीर में पानी की कमी से शरीर और सिर में दरà¥à¤¦ व à¤à¤‚ठन की समसà¥à¤¯à¤¾ à¤à¥€ होने लगती है। लेकिन कई बार पीलिया के कारण à¤à¥€ यूरिन पीला आ सकता है। इसलिठअपने डॉकà¥à¤Ÿà¤° को इस बारे में जरूर बताà¤à¤‚ ताकि कोई दूसरी परेशानी न हो।
बचà¥à¤šà¥‡ के लिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚ जरूरी à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड
यह बचà¥à¤šà¥‡ के समà¥à¤ªà¥‚रà¥à¤£ विकास और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के लिठजरूरी है। इसकी कमी से शिशॠका विकास पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हो सकता है। इसकी जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ कमी होने पर कई बार डॉकà¥à¤Ÿà¤° समय से पहले डिलीवरी की सलाह देते हैं। यह फà¥à¤²à¥‚ड à¤à¤‚टीबॉडीज की तरह काम करता है जिससे गरà¥à¤à¤¸à¥à¤¥ शिशॠको संकà¥à¤°à¤®à¤£ से बचाव होता है। अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड जांच से इसका पता लगाते हैं। सामानà¥à¤¯ रूप से गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ में à¤à¤®à¤¿à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‚ड लेवल 8-18 सेमी के बीच होता है।
पानी व अनà¥à¤¯ तरल लेते रहें
गरà¥à¤®à¥€ में गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को तीन लीटर से अधिक पानी पीना चाहिà¤à¥¤ पानी का सà¥à¤µà¤¾à¤¦ अचà¥à¤›à¤¾ नहीं लगता है तो उसमें नींबू का रस, पà¥à¤¦à¥€à¤¨à¤¾, सौंफ, धनिया मिलाकर सà¥à¤µà¤¾à¤¦ बदल सकती हैं। नारियल पानी पी सकती हैं। घर बना जलजीरा या आम पना लिया जा सकता है। अगर पानी साफ नहीं है तो उबालकर पीà¤à¤‚। कई बार अधिक पानी पीने से à¤à¥€ परेशानी होती है।
कॉफी से यूरिन अधिक
फलों का रस पीना ठीक रहता है लेकिन जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ न लें। इनमें कैलोरी अधिक होती है। सॉफà¥à¤Ÿ डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥à¤¸ और चाय-कॉफी तो बिलकà¥à¤² ही न लें। इससे यूरिन अधिक बनता है और शरीर का तरल बाहर निकलता है।
ये फल खा सकते हैं
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में संतरा, मौसमी, नींबू, कीवी, अनार, आड़ू, खà¥à¤¬à¤¾à¤¨à¥€ और आलूबà¥à¤–ारा आदि फल खाà¤à¤‚। इनसे ताजगी मिलती है। गरà¥à¤®à¥€ में अंगूर, खीरा, टमाटर, तरबूज, मूली, पालक, सेब आदि ले सकती हैं।
| --------------------------- | --------------------------- |