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बचà¥â€à¤šà¥‡ को पहली खà¥à¤°à¤¾à¤• दो महीने, दूसरी 4 महीने, तीसरी 6 महीने, चौथी 15 से 18 महीने और पांचवी 4 से 6 का होने पर दी जाती है। हीमोफिलस इंफà¥à¤²à¥‚à¤à¤‚जा टाइप बी : इस à¤à¤šà¤†à¤ˆà¤¬à¥€ वैकà¥â€à¤¸à¥€à¤¨ की बचà¥â€à¤šà¥‡ को 3 से 4 खà¥à¤°à¤¾à¤• लेनी होती है।
टीकाकरण सारणी
हमारे शरीर में संकà¥à¤°à¤®à¤£à¥‹à¤‚ से बचने के लिठपà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ होती है। इसे पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤£ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ (इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€) कहा जाता है। जब हमें कोई संकà¥à¤°à¤®à¤£ होता है, तो इससे लड़ने के लिठहमारा शरीर रसायनों का उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤¨ करता है, जिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¤‚टीबॉडीज कहा जाता है।
संकà¥à¤°à¤®à¤£ के ठीक होने के बाद à¤à¥€ ये à¤à¤‚टीबॉडीज हमारे शरीर में ही रहते हैं। ये हमें संकà¥à¤°à¤®à¤£ पैदा करने वाले उस जीव के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ बना देते हैं। यह पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤£ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ थोड़े समय के लिठया फिर जिंदगी à¤à¤° à¤à¥€ हमारे साथ बनी रह सकती है।
टीकाकरण के जरिये हमारे शरीर का सामना संकà¥à¤°à¤®à¤£ से कराया जाता है, ताकि शरीर उसके पà¥à¤°à¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤£ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ विकसित कर सके। कà¥à¤› टीके मौखिक रूप से दिठजाते हैं, वहीं कà¥à¤› अनà¥à¤¯ इंजेकà¥à¤¶à¤¨ के जरिये दिठजाते हैं।
टीके का फायदा यह है कि संकà¥à¤°à¤®à¤£ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ होने के लिठहमें पूरी तरह बीमार होने की जरà¥à¤°à¤¤ नहीं है। हलà¥à¤•ा संकà¥à¤°à¤®à¤£ होने से à¤à¥€ टीकाकरण के जरिये हम उसके खिलाफ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ हो सकते हैं। इसी वजह से हम उस बीमार के होने से पहले ही उसके पà¥à¤°à¤¤à¤¿ सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ हो जाते हैं।
शिशॠका टीकाकरण करवाना इतना महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ है?
बचपन में टीकाकरण करवाने से शिशॠअपनी जिंदगी की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ से ही संà¤à¤µà¤¤à¤¯à¤¾ गंà¤à¥€à¤° बीमारियों से पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ हो जाता है।
अगर, आपके शिशॠको किसी बीमारी के खिलाफ टीका लगा हà¥à¤† है, तो उसे दोबारा वह बीमारी होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ काफी हद तक कम होती है। यह इसलिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि आपके बचà¥à¤šà¥‡ ने उस बीमारी के खिलाफ à¤à¤‚टीबॉडीज का उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤¨ पहले ही कर लिया है।
सà¤à¥€ समà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¥‹à¤‚ का सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• टीकाकरण होने से माहमारी फैलने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ काफी कम हो जाती है। इस तरह के कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤®à¥‹à¤‚ के जरिये ही बड़ी माता/चेचक (सà¥à¤®à¥‰à¤²à¤ªà¥‰à¤•à¥à¤¸) और पोलियो जैसे रोग पूरी तरह समापà¥à¤¤ हो पाठहैं।
जनà¥à¤® के बाद शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ सालों में शिशॠकी पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤£ पà¥à¤°à¤£à¤¾à¤²à¥€ विकसित हो रही होती है। पहले कà¥à¤› महीनों तक तो शिशॠसंकà¥à¤°à¤®à¤£à¥‹à¤‚ से सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ रहता है। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि जब वो आपके गरà¥à¤ में पलता है और आप उसे सà¥à¤¤à¤¨à¤¦à¥‚ध पिलाती हैं, तो उसे आपके दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ à¤à¤‚टीबॉडीज मिलती हैं। लेकिन बाद में ये à¤à¤‚टीबॉडीज खतà¥à¤® होने लगते हैं, और शिशॠको सà¥à¤µà¤¯à¤‚ अपनी à¤à¤‚टीबॉडीज उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ करने की जरà¥à¤°à¤¤ होती है। टीके शिशॠके शरीर को ये à¤à¤‚टीबॉडीज विकसित करने के लिठपà¥à¤°à¥‡à¤°à¤¿à¤¤ करते हैं।
पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤• टीकाकरण: इसमें à¤à¤• से लेकर पांच खà¥à¤°à¤¾à¤•ें शामिल हो सकती हैं। ये खà¥à¤°à¤¾à¤•ें शिशॠके जनà¥à¤® के समय शà¥à¤°à¥ होती हैं और उसकी जिंदगी के शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ कà¥à¤› सालों तक जारी रहती हैं। ये शिशॠके शरीर में किसी विशेष बीमारी के खिलाफ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤°à¤•à¥à¤·à¤£ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ विकसित करती हैं। इन टीकों की सà¤à¥€ खà¥à¤°à¤¾à¤•ें लेना आवशà¥à¤¯à¤• है।
बूसà¥à¤Ÿà¤° टीकाकरण: बूसà¥à¤Ÿà¤° खà¥à¤°à¤¾à¤•ें पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤• टीकाकरण के पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ को बढ़ाने के लिठदी जाती हैं। जैसे-जैसे समय बीतता है, à¤à¤‚टीबॉडीज का सà¥à¤¤à¤° कम होने लगता है। परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प शरीर में बीमारियां होने का खतरा बढ़ जाता है। बूसà¥à¤Ÿà¤° खà¥à¤°à¤¾à¤• शरीर में à¤à¤‚टीबॉडीज का जरà¥à¤°à¥€ सà¥à¤¤à¤° बनाठरखती है।
सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• टीकाकरण: किसी विशेष बीमारी को जड़ से खतà¥à¤® करने के लिठइस तरह का टीकाकरण कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® चलाया जाता है। सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• टीकाकरण कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® अधिकांशत: सरकार दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ देश की जनता के सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ कलà¥à¤¯à¤¾à¤£ के लिठचलाठजाते हैं। बड़ी माता/चेचक और हाल ही में पोलियो à¤à¥€ इस तरह के कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤®à¥‹à¤‚ के जरिये ही समापà¥à¤¤ हो पाà¤à¤‚ हैं।
विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ का मानना है कि टीकाकरण आपके शिशॠके लिठपूरी तरह सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ है। इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² की मंजूरी देने से पहले टीकों की अचà¥à¤›à¥€ तरह से जांच की जाती है। इन पर निंरतर निगरानी रखी जाती है, ताकि सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ किया जा सके कि बीमारियों से शिशॠकी रकà¥à¤·à¤¾ करने के लिठये पूरी तरह पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¥€ और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ हैं।
टीकाकरण के बाद करीब 10 मिनट तक आपको डॉकà¥à¤Ÿà¤° के कà¥à¤²à¤¿à¤¨à¤¿à¤• में ही रहने के लिठकहा जा सकता है। यह इसलिठताकि अगर शिशॠको इंजेकà¥à¤¶à¤¨ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ कोई पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ होती है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° तà¥à¤°à¤‚त उसकी जांच कर सकें।
इंजेकà¥à¤¶à¤¨ के जरिये दिठजाने वाले टीकों से शिशà¥à¤“ं और बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को थोड़ी परेशानी हो सकती है। इससे वे चिड़चिड़े और असà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ महसूस कर सकते हैं। इंजेकà¥à¤¶à¤¨ लगाई गई जगह अकà¥à¤¸à¤° लाल और सूजी हà¥à¤ˆ हो जाती है। आपके शिशॠको हलà¥à¤•ा बà¥à¤–ार à¤à¥€ आ सकता है।
अगर, शिशॠको काफी तेज बà¥à¤–ार हो या बà¥à¤–ारी दौरे (फेबà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤² कनवलà¥à¤œà¤¨) हो, तो à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में डॉकà¥à¤Ÿà¤° को दिखाà¤à¤‚।
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